पंजाब में पुलिसकर्मियों पर हमले: भाजपा का AAP सरकार पर तीखा प्रहार, 'डरा हुआ पंजाब' का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 28 मई 2026 को पंजाब की आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर राज्य में बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर कड़ा हमला बोला। पार्टी ने पुलिसकर्मियों पर हाल के हमलों और उनकी सुरक्षा के लिए पंजाब पुलिस द्वारा जारी एडवाइजरी को आधार बनाते हुए सरकार को घेरा।
पुलिस एडवाइजरी का विवाद
रिपोर्टों के अनुसार, पंजाब पुलिस ने हाल ही में अपने कर्मियों के लिए कई सुरक्षा एडवाइजरी जारी की हैं — विशेष रूप से उन जवानों के लिए जो दूर-दराज के इलाकों से ड्यूटी पर शहर आते हैं। इन एडवाइजरी में कथित तौर पर पुलिसकर्मियों को अकेले यात्रा न करने, सार्वजनिक स्थानों पर वर्दी न पहनने और दोपहिया वाहनों का उपयोग न करने की हिदायत दी गई है।
BJP के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने इन एडवाइजरी को एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर साझा करते हुए सवाल उठाया कि जब खुद पुलिसकर्मी सुरक्षित नहीं हैं, तो आम नागरिक कैसे सुरक्षित महसूस कर सकता है।
भाजपा के प्रमुख आरोप
सिंह ने अपने एक्स पोस्ट में कहा, 'अगर पंजाब पुलिस के जवानों को प्रशासन की ओर से यह निर्देश दिया जा रहा है कि वे अकेले सफर न करें, सार्वजनिक जगहों पर वर्दी पहनने से बचें, दोपहिया वाहनों का इस्तेमाल न करें और अपनी सुरक्षा के लिए सार्वजनिक परिवहन पर निर्भर रहें, तो एक गंभीर सवाल उठता है: आम आदमी कितना सुरक्षित है?'
उन्होंने आगे कहा, 'जब समाज की रक्षा का जिम्मा संभालने वाले लोग खुद ही टारगेटेड हमलों के डर में जीने लगते हैं, तो यह पंजाब में कानून-व्यवस्था में आई एक भयानक गिरावट को दिखाता है। AAP की सरकार में गैंग वॉर, आतंकवाद से जुड़ी धमकियों और दिन-दहाड़े होने वाली बेखौफ हत्याओं की वजह से पंजाब को डर और असुरक्षा के माहौल में धकेल दिया गया है।'
हालिया हिंसक घटनाएँ
आरपी सिंह ने एएसआई जोगा सिंह की हत्या का उल्लेख करते हुए कहा कि यह घटना पूरी पुलिस फोर्स के मनोबल और भरोसे पर एक सीधा हमला थी। इसके अलावा उन्होंने गुरदासपुर के दोरांगला सीमा चौकी पर पंजाब पुलिस के दो जवानों की पूर्व में हुई हत्या का हवाला देते हुए कहा कि इन घटनाओं ने राज्य में बिगड़ते सुरक्षा माहौल को पहले ही बेनकाब कर दिया था।
गौरतलब है कि ये घटनाएँ ऐसे समय में सामने आई हैं जब पंजाब में गैंगस्टर नेटवर्क और आतंकवाद से जुड़े खतरों को लेकर सुरक्षा एजेंसियाँ पहले से ही सतर्क हैं।
AAP सरकार पर सीधा निशाना
सत्ताधारी दल को घेरते हुए सिंह ने कहा, 'जिस सरकार ने बदलाव का वादा करके सत्ता हासिल की थी, उसने इसके बजाय पंजाब को असुरक्षा, अनिश्चितता और भय की ओर धकेल दिया है। यदि पुलिसकर्मियों को अपनी वर्दी छिपानी पड़ रही है और अपनी सुरक्षा के लिए अकेले यात्रा करने से डरना पड़ रहा है, तो फिर कोई दुकानदार, किसान, छात्र, व्यापारी या आम नागरिक सुरक्षित कैसे महसूस कर सकता है?'
उन्होंने गैंगस्टर और आतंकी नेटवर्क के खिलाफ जीरो-टॉलरेंस नीति की माँग करते हुए कहा, 'पुलिस बल की सुरक्षा सीधे तौर पर हर नागरिक की सुरक्षा से जुड़ी है। एक डरा हुआ पुलिस बल, मतलब एक डरा हुआ पंजाब।'
AAP सरकार की ओर से इन आरोपों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। आने वाले दिनों में इस राजनीतिक विवाद के और गहराने की संभावना है।