कर्नाटक में BJP की 'सेवा संकल्प यात्रा': विजयेंद्र का कांग्रेस सरकार पर किसान मुआवजे को लेकर हमला
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की कर्नाटक इकाई ने 2 अक्टूबर 2026 को कोलार ज़िले के बागेपल्ली में 'सेवा संकल्प यात्रा' और 'विजय संकल्प यात्रा' का आयोजन किया। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष बीवाई विजयेंद्र ने इस अवसर पर राज्य की कांग्रेस सरकार पर किसानों, गरीबों और ग्रामीण समुदायों की उपेक्षा का सीधा आरोप लगाया।
यात्रा का उद्देश्य और कार्यक्रम
पार्टी के जनसंपर्क और संगठनात्मक ढाँचे को मज़बूत करने के मकसद से आयोजित इन यात्राओं में बड़ी संख्या में BJP नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। बागेपल्ली में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में विजयेंद्र ने सीधे किसानों, घुमंतू समुदायों और ग्रामीण परिवारों से जुड़े मुद्दों को केंद्र में रखा।
विजयेंद्र ने कहा, 'सिर्फ घोषणाएं करने से लोगों की समस्याओं का समाधान नहीं हो सकता।' उनका इशारा राज्य सरकार की गारंटी योजनाओं की ओर था, जिन पर वे कई बार सवाल उठा चुके हैं।
कांग्रेस सरकार पर आरोप
विजयेंद्र ने आरोप लगाया कि सत्ता में तीन साल पूरे करने के बावजूद कांग्रेस सरकार किसानों को पर्याप्त मुआवज़ा देने में विफल रही है। उन्होंने कहा कि सूखे और फसल नुकसान की मार झेल रहे किसानों को राहत दिलाने में सरकार ने उदासीनता बरती है।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि विधानसभा चुनाव से पहले किए गए वादों और उनके क्रियान्वयन में इतना बड़ा अंतर क्यों है। BJP ने माँग की है कि किसानों को फसल नुकसान के लिए कम से कम ₹50,000 प्रति हेक्टेयर का मुआवज़ा दिया जाए और सभी लंबित राशियाँ तत्काल जारी की जाएँ।
विकास कार्यों पर असर का दावा
विजयेंद्र का आरोप है कि गारंटी योजनाओं को प्राथमिकता देने से ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूल, कॉलेज, सड़क और सिंचाई परियोजनाओं की गति धीमी हो गई है। उन्होंने यह भी कहा कि गरीब परिवारों को मकान उपलब्ध कराने और पेंशन तथा अन्य सामाजिक सुरक्षा लाभ देने में भी देरी हो रही है।
गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब कल्याण कर्नाटक सहित राज्य के कई हिस्सों में सूखे की स्थिति किसानों के लिए संकट बनी हुई है।
पंचायत चुनावों की तैयारी पर ज़ोर
विजयेंद्र ने आगामी ज़िला पंचायत और तालुका पंचायत चुनावों को ध्यान में रखते हुए कार्यकर्ताओं से पार्टी के संगठनात्मक नेटवर्क को और मज़बूत करने की अपील की। उन्होंने केंद्र सरकार के भ्रष्टाचार मुक्त शासन के प्रयासों का उल्लेख करते हुए इसकी तुलना राज्य सरकार की कार्यप्रणाली से की।
यात्रा की यह श्रृंखला आगे भी कर्नाटक के अन्य हिस्सों में जारी रहने की संभावना है, जो पंचायत चुनावों से पहले BJP की ज़मीनी तैयारी का हिस्सा मानी जा रही है।