उत्तरी कर्नाटक सूखा: BJP ने माँगा ₹50,000 प्रति एकड़ मुआवजा, कांग्रेस सरकार पर किसान उपेक्षा का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक भाजपा अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र ने 13 जुलाई 2026 को बीदर में आयोजित एक प्रेस वार्ता में कांग्रेस सरकार पर उत्तरी कर्नाटक और कल्याण कर्नाटक क्षेत्र के सूखाग्रस्त किसानों की घोर अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने राज्य सरकार से माँग की कि सूखा-प्रभावित किसानों को तत्काल ₹50,000 प्रति एकड़ का मुआवजा दिया जाए।
सूखे की भयावह स्थिति
बीदर एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बात करते हुए विजयेंद्र ने बताया कि बीदर, कलबुर्गी और यादगीर जिलों में वर्षा सामान्य का मात्र 12 प्रतिशत ही दर्ज हुई है, जिससे क्षेत्र में लगभग सूखे जैसे हालात बन गए हैं। उनके अनुसार, बारिश की इस भारी कमी के चलते 30 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि पर बुआई नहीं हो सकी है।
विजयेंद्र ने कहा कि अरहर (तुअर), सूरजमुखी और कपास जैसी प्रमुख खरीफ फसलों की खेती से किसान वंचित रह गए हैं, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति अत्यंत नाजुक हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि न तो जिला प्रशासन और न ही राज्य सरकार इस संकट को गंभीरता से ले रही है।
मुख्यमंत्री के दौरे पर तीखी आलोचना
विजयेंद्र ने उत्तरी कर्नाटक के बसवकल्याण में मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार के हालिया दौरे को महज 'फोटो शूट' करार दिया। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर किसानों को कोई ठोस राहत नहीं मिली है और सरकार की कथनी व करनी में बड़ा अंतर है। भाजपा नेता ने स्पष्ट किया कि उन्होंने यह मुद्दा केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के समक्ष पहले ही उठाया है और राज्य चुनाव आयोग तथा भारत निर्वाचन आयोग (ECI) को भी इससे अवगत कराया गया है।
'अनुभव मंटप' परियोजना पर विवाद
विजयेंद्र ने कांग्रेस सरकार पर अनुभव मंटप परियोजना को नजरअंदाज करने का अतिरिक्त आरोप भी लगाया। उनके अनुसार, पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने इस परियोजना के लिए अलग-अलग चरणों में ₹100 करोड़ और ₹200 करोड़ की मंजूरी दी थी और लगभग ₹500 करोड़ के अनुमानित खर्च के साथ इसे शुरू किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि बार-बार सार्वजनिक माँग के बावजूद वर्तमान कांग्रेस सरकार ने पिछले तीन वर्षों में इस परियोजना की पूरी तरह अनदेखी की है। विजयेंद्र ने मुख्यमंत्री से बकाया राशि तत्काल जारी करने और परियोजना को प्राथमिकता देने का आग्रह किया।
भाजपा की आंतरिक स्थिति और आगे की रणनीति
बीदर जिला भाजपा इकाई में आंतरिक मतभेदों के सवाल पर विजयेंद्र ने कहा कि स्थानीय मुद्दों के सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए एक कोर कमेटी की बैठक बुलाई गई है। उन्होंने भाजपा और कांग्रेस विधायकों के बीच किसी 'समझौते' की संभावना को सिरे से खारिज किया। उन्होंने यह भी बताया कि वे स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) की प्रक्रिया की समीक्षा के लिए बीदर, कलबुर्गी, यादगीर और रायचूर जिलों का दौरा कर रहे हैं। आगामी जिला पंचायत और स्थानीय निकाय चुनावों की तैयारी के लिए पार्टी की कोर कमेटी एक स्पष्ट कार्ययोजना तैयार करेगी।