KMC चुनाव 2026: भाजपा करेगी पेशेवरों से खुले आवेदन, डॉक्टर-इंजीनियर-वकील को टिकट का मौका
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कोलकाता नगर निगम (KMC) चुनाव के लिए एक नई और अनूठी रणनीति अपनाई है — पार्टी अब इंजीनियरों, डॉक्टरों, वकीलों, पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं जैसे विभिन्न क्षेत्रों के पेशेवरों से सीधे आवेदन आमंत्रित करेगी, जो पार्टी के टिकट पर नगर निगम चुनाव लड़ने के इच्छुक हों। 11 अक्टूबर 2026 को यह घोषणा करते हुए बताया गया कि ड्रॉप बॉक्स सोमवार से कोलकाता स्थित भाजपा के पुराने राज्य मुख्यालय मुरलीधर सेन लेन में उपलब्ध रहेगा। यह पहल KMC चुनाव की तैयारियों में पारंपरिक राजनीतिक उम्मीदवारों से आगे बढ़कर सक्षम नागरिकों को शामिल करने की BJP की कोशिश को दर्शाती है।
ड्रॉप बॉक्स के ज़रिए आवेदन प्रक्रिया
बालुरघाट लोकसभा क्षेत्र से भाजपा सांसद और केंद्रीय राज्य मंत्री सुकांत मजूमदार ने बताया कि KMC चुनाव की तैयारियों की निगरानी के लिए गठित चार सदस्यीय समिति के प्रमुख के रूप में उन्होंने यह व्यवस्था की है। इच्छुक पेशेवर पार्टी कार्यालय के खुले रहने के दौरान ड्रॉप बॉक्स में अपना आवेदन जमा कर सकेंगे।
मजूमदार ने कहा, 'इच्छुक पेशेवर पार्टी कार्यालय के खुले रहने तक ड्रॉप बॉक्स में अपना आवेदन जमा कर सकेंगे।' उम्मीदवारों के चयन में उनकी साफ-सुथरी छवि और जनस्वीकार्यता को प्राथमिकता दी जाएगी।
पेशेवरों को क्यों चुनना चाहती है भाजपा
भाजपा की राज्य समिति के एक सदस्य के अनुसार, स्वास्थ्य सेवाएँ नगर निगम की सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों में से एक हैं। उनका मानना है कि यदि KMC में सफल और सक्रिय डॉक्टर पार्षद बनते हैं, तो स्वास्थ्य सेवाओं में स्वतः सुधार होगा।
उन्होंने आगे कहा, 'इंजीनियर मूल्यांकन, कर संग्रह, भवन और प्रकाश व्यवस्था जैसे विभागों में अहम भूमिका निभा सकते हैं। वहीं, कानूनी पेशेवरों के पार्षद बनने से KMC के विधि विभाग को भी काफी मदद मिलेगी। अब तक KMC चलाने वाली राजनीतिक पार्टियों ने इस दिशा में कभी नहीं सोचा।' यह टिप्पणी सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर अप्रत्यक्ष निशाना मानी जा रही है।
KMC चुनाव की संभावित समयसीमा
रिपोर्टों के अनुसार, नए KMC बोर्ड के गठन के लिए मतदान नवंबर 2026 के अंतिम सप्ताह में हो सकता है, जबकि चुनाव परिणाम दिसंबर 2026 के पहले सप्ताह में घोषित किए जाने की संभावना है। कोलकाता नगर निगम पश्चिम बंगाल का सबसे बड़ा और राजनीतिक दृष्टि से सर्वाधिक महत्वपूर्ण नगर निगम है।
व्यापक राजनीतिक संदर्भ
गौरतलब है कि KMC पर लंबे समय से तृणमूल कांग्रेस का वर्चस्व रहा है। ऐसे में भाजपा का यह 'पेशेवर उम्मीदवार' मॉडल एक नई चुनावी रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब पार्टी पश्चिम बंगाल में अपनी शहरी पकड़ मजबूत करने की कोशिश में जुटी है। आलोचकों का कहना है कि यह रणनीति प्रभावी होगी या नहीं, यह इस बात पर निर्भर करेगा कि पेशेवर उम्मीदवार जमीनी स्तर पर मतदाताओं से कितना जुड़ पाते हैं।
आने वाले हफ्तों में आवेदन प्रक्रिया की प्रतिक्रिया और अंतिम उम्मीदवारों की सूची से स्पष्ट होगा कि भाजपा की यह नई पहल KMC चुनाव में पार्टी की संभावनाओं को किस हद तक बदल सकती है।