दिल्ली सरकार की बड़ी कार्रवाई: दवा खरीद एजेंसी में अनियमितता पर 7 अधिकारी-कर्मचारी निलंबित
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली सरकार ने 27 जून 2025 को सेंट्रल प्रोक्योरमेंट एजेंसी (CPA) के स्टोर में कथित गंभीर प्रशासनिक अनियमितताएं उजागर होने के बाद सात अधिकारियों और कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के सीधे निर्देश पर की गई यह कार्रवाई राज्य सरकार की 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत उठाया गया अब तक का सबसे तेज़ कदम बताया जा रहा है।
किन पर हुई कार्रवाई
निलंबित किए गए सात कर्मचारियों में पाँच फार्मासिस्ट और दो वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर इस कार्रवाई की जानकारी सार्वजनिक की। CMO के अनुसार, CPA स्टोर में अनियमितताओं की शिकायत मिलने के तुरंत बाद मामले का संज्ञान लिया गया और बिना किसी देरी के निलंबन आदेश जारी किए गए।
सरकार का रुख
दिल्ली सरकार ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार और प्रशासनिक कदाचार के मामलों में 'जीरो टॉलरेंस' की नीति पर कोई समझौता नहीं होगा। CMO के बयान के अनुसार, सरकारी विभागों में कार्यप्रणाली की निरंतर निगरानी की जा रही है और जहाँ भी अनियमितता के संकेत मिलते हैं, तत्काल जाँच और कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है। सरकार ने यह भी दोहराया कि दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के विरुद्ध 'उदाहरण प्रस्तुत करने वाली कार्रवाई' की जाएगी।
पारदर्शिता और जवाबदेही पर ज़ोर
दिल्ली सरकार ने इस कदम को सार्वजनिक संसाधनों के दुरुपयोग को रोकने और सरकारी संस्थानों में जवाबदेही बढ़ाने की दिशा में उठाया गया ठोस प्रयास बताया है। CMO के अनुसार, प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली में नई सरकार के गठन के बाद प्रशासनिक सुधारों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
आगे क्या होगा
सरकार ने संकेत दिए हैं कि निलंबित कर्मचारियों के विरुद्ध निष्पक्ष जाँच के बाद आगे की विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। CMO ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में किसी भी विभाग में इस तरह की अनियमितताएं सामने आने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ बिना किसी ढिलाई के कदम उठाए जाएंगे। CPA दिल्ली के सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों के लिए दवाओं की केंद्रीय खरीद करती है, जिससे इस मामले की संवेदनशीलता और भी अधिक हो जाती है।