दिल्ली के LG टीएस संधू ने जनगणना 2027 की स्व-गणना पूरी की, दिल्लीवासियों से भागीदारी का आह्वान
सारांश
दिल्ली के उपराज्यपाल टीएस संधू और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जनगणना 2027 की स्व-गणना पूरी कर नागरिकों को संदेश दिया — डेटा ही सुशासन की नींव है। यह डिजिटल-आधारित पहल नागरिकों को घर बैठे अपनी जानकारी सीधे दर्ज कराने का अवसर देती है।
मुख्य बातें
उपराज्यपाल टीएस संधू ने 1 मई 2026 को जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना पूरी की।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी गृह सूचीकरण और आवास जनगणना के तहत स्व-गणना पूरी की।
जनगणना 2027 अभियान दिल्ली के सभी वार्डों में आधिकारिक तौर पर शुरू हो चुका है।
यह डिजिटल-आधारित पहल नागरिकों को घर बैठे अपना विवरण सीधे सबमिट करने की सुविधा देती है।
दोनों नेताओं ने दिल्लीवासियों से राष्ट्रीय महत्व के इस अभियान में सक्रिय भागीदारी का आग्रह किया।
दिल्ली के उपराज्यपाल टीएस संधू ने 1 मई 2026 को जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना प्रक्रिया पूरी कर ली और नई दिल्ली के सभी निवासियों से इस डिजिटल अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया। एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी। उपराज्यपाल ने यह भी स्पष्ट किया कि जनगणना 2027 अभियान अब आधिकारिक तौर पर शहर के सभी वार्डों में शुरू हो चुका है।
उपराज्यपाल का संदेश
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी पोस्ट में उपराज्यपाल संधू ने कहा,
संपादकीय दृष्टिकोण
और तब से एक दशक से अधिक का अंतराल नीति-निर्माण में बड़े डेटा-शून्य का कारण बना है। डिजिटल स्व-गणना का विचार सराहनीय है, परंतु शहरी झुग्गी बस्तियों और डिजिटल रूप से वंचित तबकों तक पहुँच के बिना, यह पहल अधूरी रह सकती है।
RashtraPress
31 जुलाई 2026
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
जनगणना 2027 की स्व-गणना प्रक्रिया क्या है?
जनगणना 2027 की स्व-गणना एक डिजिटल-आधारित पहल है जिसमें नागरिक अपने घर की जानकारी सीधे ऑनलाइन सबमिट कर सकते हैं। यह प्रक्रिया सरल और सुरक्षित बताई गई है, जिससे प्रत्येक निवासी की सही गणना सुनिश्चित हो सके।
दिल्ली में जनगणना 2027 अभियान कब शुरू हुआ?
जनगणना 2027 अभियान 1 मई 2026 को दिल्ली के सभी वार्डों में आधिकारिक तौर पर शुरू हो गया। उपराज्यपाल टीएस संधू ने इसी दिन स्व-गणना पूरी कर अभियान को सार्वजनिक रूप से समर्थन दिया।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जनगणना के बारे में क्या कहा?
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्वयं स्व-गणना पूरी करने के बाद कहा कि सटीक जानकारी अच्छी नीतियों की नींव है और इसी आधार पर योजनाओं का लाभ जरूरतमंदों तक पहुँचता है। उन्होंने दिल्ली के सभी निवासियों से इस अभियान में अनिवार्य रूप से भाग लेने का आग्रह किया।
जनगणना 2027 में भाग लेना क्यों जरूरी है?
सटीक जनगणना डेटा सरकारी योजनाओं, बजट आवंटन और नीति-निर्माण का आधार होता है। विश्वसनीय आँकड़ों के बिना समावेशी शासन और संसाधनों का उचित वितरण संभव नहीं है।
जनगणना 2027 की स्व-गणना कैसे करें?
नागरिक ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपने घर और परिवार की जानकारी सीधे सबमिट कर सकते हैं। यह प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और सुरक्षित बताई गई है, और इसे घर बैठे पूरा किया जा सकता है।