दिल्ली-एनसीआर में येलो अलर्ट: 16 जुलाई को 38°C गर्मी-उमस, 18-19 जुलाई को तेज बारिश-आंधी के आसार
सारांश
मुख्य बातें
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 16 जुलाई 2025 को दिल्ली-एनसीआर के लिए दोपहर के समय तीव्र गर्मी और उमस को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है। अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मानसून सक्रिय होने के बावजूद राजधानी क्षेत्र में अपेक्षित बारिश न होने से तेज धूप, उमस और गर्म हवाओं ने आम जनजीवन को प्रभावित किया है।
आज का मौसम और येलो अलर्ट
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार 16 जुलाई को आकाश आंशिक रूप से बादलों से ढका रहेगा, लेकिन दोपहर के घंटों में 'हॉट एंड ह्यूमिड' यानी अत्यधिक गर्म और उमस भरी स्थिति बनी रहेगी। मौसम विभाग ने नागरिकों को दोपहर में अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहने की सलाह दी है। 17 जुलाई को भी राहत के कोई संकेत नहीं हैं — इस दिन अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है, हालाँकि इस दिन के लिए कोई विशेष मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है।
18-19 जुलाई: बारिश और आंधी की संभावना
IMD के अनुसार 18 जुलाई से मौसम करवट लेगा। इस दिन अधिकतम तापमान 36 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है, साथ ही गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई गई है। 19 जुलाई को भी तेज बारिश और आंधी जारी रहने की आशंका है — उस दिन अधिकतम तापमान 36 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री सेल्सियस रहने का पूर्वानुमान है। यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली-एनसीआर में मानसून की बेरुखी से लोग पहले से परेशान हैं।
20-21 जुलाई का पूर्वानुमान
20 जुलाई को अधिकतम तापमान 36 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। आर्द्रता 60 से 70 प्रतिशत के बीच रह सकती है और आकाश में सामान्य रूप से बादल छाए रहेंगे। 21 जुलाई को भी अधिकतम तापमान 36 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है, बादल छाए रहेंगे।
स्वास्थ्य पर असर
लगातार बदलते मौसम का असर दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद के सरकारी व निजी अस्पतालों में साफ दिखाई दे रहा है। वायरल बुखार, सर्दी-जुकाम, गले में संक्रमण, डिहाइड्रेशन और पेट संबंधी बीमारियों के मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि तेज गर्मी, उमस और अचानक होने वाले मौसम परिवर्तन के कारण शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित हो रही है। आने वाले दिनों में बारिश से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन तब तक सावधानी बरतना जरूरी है।