दिल्ली-एनसीआर में मानसून की दस्तक करीब, 1 जुलाई से बारिश का अनुमान; तापमान 5°C तक गिरेगा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताज़ा पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में 1 जुलाई 2025 से मौसम में बड़ा बदलाव आने की संभावना है, जब गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश शुरू हो सकती है। इस समय क्षेत्र में 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक तापमान और भीषण उमस ने आम जनजीवन को प्रभावित किया हुआ है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अगले 5 से 6 दिनों के भीतर दक्षिण-पश्चिम मानसून के पूरे क्षेत्र में सक्रिय होने की उम्मीद है।
अभी कैसा है मौसम का हाल
29 और 30 जून को दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास बने रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार इन दोनों दिनों तेज धूप और उमस से राहत मिलने की संभावना कम है। हालाँकि, आसमान में आंशिक बादल छाए रहने के साथ शाम या रात को कुछ इलाकों में हल्की बूँदाबाँदी, धूल भरी आँधी और तेज़ हवाएँ चल सकती हैं, जिससे तापमान में मामूली गिरावट महसूस हो सकती है।
1 जुलाई से बड़ा बदलाव संभव
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बुधवार, 1 जुलाई से दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में मौसम का रुख बदलेगा। इस दिन से गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश शुरू होने का अनुमान है और कई स्थानों पर तेज़ हवाओं के साथ बारिश की भी संभावना जताई गई है। यह बदलाव ऐसे समय में आ रहा है जब लगातार कई दिनों की भीषण गर्मी से लोग त्रस्त हैं।
तापमान में कितनी गिरावट आएगी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, बारिश के इस दौर में अधिकतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इसके बाद दिन का तापमान 35 से 37 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जिससे मौसम पहले की तुलना में काफी सुहावना हो जाएगा। गौरतलब है कि दिल्ली में मानसून की सामान्य आगमन तिथि 27 जून मानी जाती है, और इस वर्ष यह थोड़ा विलंबित रहा है।
मानसून कब तक पूरी तरह सक्रिय होगा
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अनुकूल परिस्थितियाँ बनी रहने पर दक्षिण-पश्चिम मानसून अगले 5 से 6 दिनों में दिल्ली-एनसीआर को पूरी तरह कवर कर लेगा। इसके बाद रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है, जिससे भीषण गर्मी से व्यापक राहत मिलेगी और वातावरण में ठंडक बढ़ेगी। मानसून की पूर्ण सक्रियता से न केवल तापमान में गिरावट आएगी, बल्कि क्षेत्र के जलाशयों और भूजल स्तर के लिए भी यह महत्त्वपूर्ण होगा।