धारापुरम उपचुनाव: TVK मंत्री अरुणराज का DMK पर हमला, सेंथिल बालाजी के आरोपों को बताया 'हार का डर'
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु के धारापुरम उपचुनाव से ठीक पहले द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) और तमिल वेत्री कषगम (TVK) के बीच राजनीतिक तनाव चरम पर पहुँच गया है। TVK सरकार के मंत्री अरुणराज ने 5 अक्टूबर 2026 को DMK नेता वी. सेंथिल बालाजी पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के ज़रिए तीखा पलटवार किया और उनके आरोपों को 'बेबुनियाद और मनगढ़ंत' करार दिया।
क्या है विवाद की जड़
DMK नेता वी. सेंथिल बालाजी ने धारापुरम उपचुनाव प्रचार के दौरान TVK पर कथित रूप से कई गंभीर आरोप लगाए थे। मंत्री अरुणराज ने इन आरोपों को सिरे से नकारते हुए कहा कि ये तमाम इल्ज़ाम चुनावी मैदान में हार की आशंका से उपजे हैं।
अरुणराज ने एक्स पर लिखा, 'जो लोग भ्रष्टाचार के अंधेरे में डूबे हैं, क्या वे रोशनी की बुराई करेंगे?' उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर लगाया गया DMK का आरोप सच्चाई से कोसों दूर है।
DMK के इतिहास पर अरुणराज के आरोप
मंत्री अरुणराज ने DMK पर उपचुनावों में धन-बल का उपयोग करने का सीधा आरोप लगाया। उनके अनुसार, 'उपचुनावों के इतिहास में, पैसे के लिए लोकतंत्र की बोली लगाने का शर्मनाक काम सिर्फ DMK ने ही किया है।'
उन्होंने यह भी कहा कि जो नेता कभी वोट पाने के लिए मतदाताओं को भेड़ों की तरह बाड़ों में हाँकते थे, वे अब TVK की साफ-सुथरी राजनीति पर उँगली उठा रहे हैं — जो उनके शब्दों में 'विडंबनाओं की भी विडंबना' है। अरुणराज ने साड़ी, लैंप और बिरयानी बाँटने जैसी कथित पुरानी प्रथाओं का भी उल्लेख किया।
फर्जी तस्वीरों का आरोप और कानूनी चेतावनी
TVK मंत्री ने DMK पर फर्जी तस्वीरों के जरिए प्रचार करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जिस तस्वीर को DMK प्रचार में इस्तेमाल कर रही है, वह 'सरासर झूठ और धोखे से तैयार की गई' है।
अरुणराज ने स्पष्ट चेतावनी दी कि जो लोग यह सोचते हैं कि कीचड़ उछालकर बच निकलेंगे, उनके खिलाफ TVK सख्त कानूनी कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा, 'सेंथिल बालाजी और DMK के लोग यह भूल रहे हैं कि वोट खरीदने की घटिया राजनीति हमारी विरासत नहीं।'
धारापुरम की जनता पर भरोसा
अपनी पोस्ट के अंत में अरुणराज ने धारापुरम के मतदाताओं से भावनात्मक अपील करते हुए कहा कि TVK सिर्फ आम जनता के सच्चे प्यार के दम पर खड़ी है और उसने कभी भ्रष्टाचार के रास्ते का सहारा नहीं लिया। उन्होंने कहा कि 'पैसे के लिए लोकतंत्र की बोली लगाने वाले लोगों को धारापुरम की जनता अपनी उँगली — यानी वोट — से करारा जवाब देगी।'
यह ऐसे समय में आया है जब धारापुरम उपचुनाव राजनीतिक दृष्टि से दोनों दलों के लिए प्रतिष्ठा का सवाल बन चुका है। आने वाले दिनों में दोनों पार्टियों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का यह दौर और तीखा हो सकता है।