धर्मेंद्र प्रधान ने NTA मुख्यालय का दौरा किया, नीट यूजी 2026 के लिए 23 लाख उम्मीदवारों की व्यवस्था परखी
सारांश
Key Takeaways
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार, 4 मई 2025 को राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) के मुख्यालय, नई दिल्ली का दौरा किया और नीट यूजी 2026 परीक्षा के जमीनी स्तर पर संचालन का विस्तृत जायजा लिया। इस परीक्षा में देशभर से लगभग 23 लाख पंजीकृत उम्मीदवार शामिल हो रहे हैं, जो इसे भारत की सबसे बड़ी स्नातक चिकित्सा प्रवेश परीक्षाओं में से एक बनाता है।
मुख्यालय दौरे में क्या-क्या परखा गया
मंत्री प्रधान ने दौरे के दौरान परीक्षा संचालन से जुड़े कई अहम पहलुओं की समीक्षा की। इनमें परीक्षा केंद्रों के साथ तालमेल, निगरानी प्रणालियों की सक्रियता और बड़ी संख्या में उम्मीदवारों को सुव्यवस्थित तरीके से संभालने के लिए उठाए गए प्रशासनिक कदम शामिल थे। NTA के वरिष्ठ अधिकारियों ने उन्हें परीक्षा केंद्रों पर अनुशासन बनाए रखने और पूरे देश में परीक्षा को बिना किसी रुकावट के संपन्न कराने की योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
परीक्षा का दायरा और महत्त्व
नीट यूजी भारत में एमबीबीएस, बीडीएस और अन्य संबद्ध चिकित्सा पाठ्यक्रमों में प्रवेश का एकमात्र राष्ट्रीय माध्यम है। यह परीक्षा देशभर के सैकड़ों केंद्रों पर कड़े नियमों और सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत आयोजित की जा रही है। गौरतलब है कि 2024 में नीट पेपर लीक विवाद के बाद से NTA और शिक्षा मंत्रालय दोनों पर परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी और चुस्त-दुरुस्त बनाने का विशेष दबाव रहा है।
मंत्री का संदेश
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए परीक्षार्थियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने लिखा,