नागपुर में ₹998 करोड़ का डॉ. हेडगेवार फ्लाईओवर लोकार्पित, आरएसएस के शताब्दी वर्ष पर बड़ा सम्मान
सारांश
मुख्य बातें
आरएसएस की शताब्दी वर्ष के अवसर पर नागपुर को 19 सितंबर 2026 को एक ऐतिहासिक सौगात मिली — ₹998 करोड़ की लागत से निर्मित डॉ. केशव बलिराम पंत हेडगेवार फ्लाईओवर का विधिवत लोकार्पण किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के संस्थापक के नाम पर समर्पित यह फ्लाईओवर इंदौरा चौक से दिघोरी चौक के बीच शहर के उत्तर-दक्षिण मार्ग को जोड़ता है।
लोकार्पण समारोह और उपस्थित गणमान्य व्यक्ति
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने संयुक्त रूप से फ्लाईओवर का लोकार्पण और शिलापट्ट का अनावरण किया। मुख्यमंत्री फडणवीस ने अन्य जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ फ्लाईओवर का निरीक्षण भी किया।
समारोह में महाराष्ट्र सरकार के मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, विधायक प्रवीण दटके, मोहन मते और कृष्णा खोपडे के अलावा नागपुर की महापौर नीता ठाकरे, उप महापौर लीला हाथीबेड, पूर्व महापौर दयाशंकर तिवारी समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
परियोजना की विशेषताएँ और महत्व
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इस परियोजना की जानकारी साझा करते हुए बताया कि यह फ्लाईओवर नागपुर के प्रमुख मार्गों की कनेक्टिविटी सुधारने और यातायात के दबाव को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इंदौरा चौक से दिघोरी चौक के बीच बना यह फ्लाईओवर शहर के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों को बेहतर ढंग से जोड़ने में सहायक होगा।
गौरतलब है कि नागपुर वह शहर है जहाँ डॉ. हेडगेवार ने 1925 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना की थी। संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर इस फ्लाईओवर का नामकरण उन्हें ऐतिहासिक श्रद्धांजलि के रूप में देखा जा रहा है।
एक और फ्लाईओवर के नामकरण की घोषणा
इस अवसर पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने एक अतिरिक्त महत्वपूर्ण घोषणा भी की — नागपुर के इंदौरा से पारडी के बीच बनने वाले फ्लाईओवर का नाम भी डॉ. केशव बलिराम पंत हेडगेवार के नाम पर रखा जाएगा। यह कदम राज्य सरकार की संघ के संस्थापक को सम्मान देने की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
यातायात और नागरिकों पर असर
नागपुर शहर की बढ़ती जनसंख्या और वाहनों की संख्या को देखते हुए यह फ्लाईओवर यातायात प्रबंधन की दृष्टि से विशेष रूप से उपयोगी माना जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब नागपुर मेट्रो विस्तार और स्मार्ट सिटी परियोजनाओं के तहत शहर का बुनियादी ढाँचा तेज़ी से बदल रहा है। इंदौरा-दिघोरी मार्ग पर पहले अत्यधिक यातायात दबाव की शिकायतें रही हैं, और नया फ्लाईओवर इस समस्या का दीर्घकालिक समाधान प्रदान करने की उम्मीद जगाता है।
क्या होगा आगे
मुख्यमंत्री फडणवीस की इंदौरा-पारडी फ्लाईओवर के नामकरण की घोषणा से यह स्पष्ट है कि आरएसएस के शताब्दी वर्ष के दौरान नागपुर में और सार्वजनिक परियोजनाओं के उद्घाटन व नामकरण की संभावना है। शहर के नागरिकों को उम्मीद है कि बुनियादी ढाँचे के इस विकास से दैनिक जीवन में यात्रा सुगम होगी।