दुबई से लौटे भारतीय यात्रियों ने साझा की स्थिति, सरकार ने दिया पूरा समर्थन
सारांश
Key Takeaways
- दुबई से भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी
- सरकार का समर्थन और सहायता
- यात्रियों की खुशी और गर्व
- संघर्ष के बीच सुरक्षा का प्रबंध
- यात्रियों की सकारात्मक प्रतिक्रिया
पुणे, 8 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मिडिल ईस्ट में जारी बढ़ते तनाव के बीच, दुबई से भारतीय नागरिकों को सुरक्षित रूप से वापस लाया गया है। पुणे एयरपोर्ट पर पहुंचने के पश्चात, भारतीय नागरिकों ने अपनी खुशी व्यक्त की और सरकार की सराहना की।
दुबई से पुणे एयरपोर्ट पहुंची महिला यात्री निधि ने कहा, "शुरुआत में, जब पिछले शनिवार को संघर्ष शुरू हुआ, तो हम बहुत डरे हुए थे। लेकिन भारतीय दूतावास और भारत सरकार ने हमें बहुत मदद की। स्थिति जल्दी ही सामान्य हो गई।"
उन्होंने आगे कहा कि वापस लौटकर बहुत अच्छा लग रहा है और हम आशा करते हैं कि जल्द से जल्द लड़ाई समाप्त हो जाए ताकि हम कॉलेज लौट सकें और हमारी पढ़ाई प्रभावित न हो। निधि ने कहा, "सरकार ईमानदारी से काम कर रही है और विदेश में भारतीयों को सर्वश्रेष्ठ समर्थन दे रही है। हमें अपनी भारत सरकार पर गर्व है।"
एक अन्य यात्री प्रियंका ने कहा कि वे ऑफिस के काम के लिए 15 दिन की यात्रा पर गए थे। उन्होंने बताया कि उन्हें कभी भी ऐसा नहीं लगा कि वे युद्धग्रस्त देश में हैं। वहाँ की सरकार ने सुरक्षा का अच्छा प्रबंध किया था।
प्रियंका ने यह भी कहा कि दूर से धमाकों की आवाजें सुनाई दी थीं, लेकिन स्थिति बिल्कुल भी खतरनाक नहीं थी।
अर्जुन बंधू ने बताया कि जब वे एयरपोर्ट पर पहुंचे, तब मिसाइल हमले का अलर्ट आया था। सभी को बंकर में ले जाया गया, लेकिन बाद में स्थिति सामान्य हो गई और उन्हें बाहर लाया गया। उन्हें बाद में पता चला कि मिसाइलों को मार गिराया गया था।
दुबई से पुणे एयरपोर्ट पहुंचे आनंद विनेर्कर ने कहा, "मैंने अपनी फ्लाइट बुक की थी, लेकिन उसमें देरी हो रही थी। स्पाइसजेट ने मेरी मदद की और मुझे समय पर पहुंचाया। मैंने एक हफ्ते तक वहां बिताया और वापस आकर बहुत अच्छा महसूस कर रहा हूँ।"
दुबई से पुणे एयरपोर्ट पहुंचे गुल्फाम ने कहा, "मैं वहां छह साल से काम कर रहा हूं। हमें कुछ शोर सुनाई दिया, लेकिन स्थिति बहुत सामान्य थी। यूएई ने सभी का अच्छा ख्याल रखा।"