शरद पवार की मोदी-प्रशंसा पर फडणवीस बोले — 'परिपक्व और महत्वपूर्ण', विपक्ष की आलोचना को बताया अनुचित
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार, 20 मई को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार की उन टिप्पणियों को 'बेहद परिपक्व और महत्वपूर्ण' करार दिया, जिनमें पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वैश्विक मंच पर भारत की छवि मज़बूत करने के प्रयासों की सराहना की थी। साथ ही फडणवीस ने उन विपक्षी दलों पर तीखा निशाना साधा, जो प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं की लगातार आलोचना करते रहे हैं।
शरद पवार ने क्या कहा
मंगलवार की शाम एक सार्वजनिक कार्यक्रम में शरद पवार ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राजनीतिक विचारधाराओं में अंतर होने के बावजूद राष्ट्र हित के मामलों में राजनीति को दखल नहीं देना चाहिए। उन्होंने कहा, 'आज हमारा देश एक नए और अलग मोड़ पर खड़ा है। हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक विचार निश्चित रूप से अलग हो सकते हैं, लेकिन कोई भी इस बात से इनकार नहीं कर सकता कि वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि को मज़बूत कर रहे हैं।'
पवार ने आगे जोड़ा कि जब देश की पहचान और प्रतिष्ठा की बात हो, तो सभी राजनीतिक दलों को अपने मतभेद भुला देने चाहिए। उन्होंने समाज में काम करते हुए पार्टी की सीमाओं से ऊपर उठकर जनता के प्रति जवाबदेही निभाने पर भी ज़ोर दिया।
पूर्व प्रधानमंत्रियों का संदर्भ
पवार ने अपनी बात को ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी, पीवी नरसिम्हा राव और डॉ. मनमोहन सिंह जैसे नेताओं ने हमेशा राष्ट्र हित और भारत की वैश्विक स्थिति को अपनी नीतियों के केंद्र में रखा। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी भी इसी परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। गौरतलब है कि यह बयान ऐसे समय में आया है जब विपक्ष पीएम मोदी की विदेश यात्राओं को लेकर सवाल उठाता रहा है।
फडणवीस की प्रतिक्रिया और विपक्ष पर निशाना
मुख्यमंत्री फडणवीस ने पवार के बयान का स्वागत करते हुए कहा, 'ऐसे समय में जब कई लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना कर रहे थे — यह सवाल उठा रहे थे कि वे विदेश यात्राएं क्यों करते हैं और वहाँ क्या होता है — भारत ने विभिन्न देशों के साथ कई महत्वपूर्ण समझौते किए हैं।' उन्होंने दावा किया कि इन समझौतों की बदौलत अगले 20 वर्षों के लिए देश का भविष्य सुरक्षित हुआ है।
फडणवीस ने कहा कि प्रधानमंत्री देश के हित में विदेश यात्राएं करते हैं, इसलिए उनकी आलोचना करना अनुचित है। उन्होंने पवार को एक अनुभवी नेता बताते हुए उनके बयान को 'परिपक्व राजनीतिक दृष्टि' का उदाहरण कहा।
राजनीतिक परिप्रेक्ष्य
यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र की राजनीति में महायुति सरकार और विपक्षी महाविकास अघाड़ी के बीच तनातनी बनी हुई है। शरद पवार की एनसीपी (एसपी) महाविकास अघाड़ी का हिस्सा है, इसलिए उनका यह बयान राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना है। आलोचकों का कहना है कि इस बयान की व्याख्या भिन्न-भिन्न तरीकों से की जा सकती है — कुछ इसे राष्ट्रीय एकता का संदेश मानते हैं, तो कुछ इसे महाराष्ट्र की बदलती राजनीतिक समीकरणों की पृष्ठभूमि में देख रहे हैं।
आगे क्या
पवार के बयान के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में नई बहस छिड़ने के आसार हैं। विपक्षी दल इस बयान पर अपनी प्रतिक्रिया दे सकते हैं, जबकि सत्तारूढ़ महायुति इसे प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति की व्यापक स्वीकृति के रूप में पेश कर रही है।