दिल्ली गफ्फार मार्केट में भीषण आग: पुरी प्लाज़ा की चार मंजिलें जलीं, 20-25 दमकल गाड़ियाँ तैनात
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली के गफ्फार मार्केट स्थित पुरी प्लाज़ा की चार मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग में शुक्रवार, 7 नवंबर 2026 की तड़के भीषण आग लग गई, जो ग्राउंड फ्लोर की एक मोबाइल एक्सेसरीज की दुकान से शुरू होकर इमारत की सभी मंजिलों तक फैल गई। आग पर काबू पाने के लिए 20-25 दमकल गाड़ियाँ, तीन सीएटी एम्बुलेंस और दो पीसीआर गाड़ियाँ मौके पर तैनात की गईं। पुलिस के अनुसार अब तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
घटनाक्रम कैसे हुआ
करोल बाग पुलिस स्टेशन को रात 1:28 बजे 'चैन वाली गली' में आग लगने की एक पीसीआर कॉल मिली। नाइट स्टाफ और स्टेशन हाउस ऑफिसर (एसएचओ) तुरंत मौके पर पहुँचे और पाया कि दुकान नंबर 13/21 में आग भड़क चुकी है। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, आग ग्राउंड फ्लोर पर मोबाइल बैटरियाँ रखी जाने वाली दुकान से शुरू हुई और देखते-देखते ऊपरी तीनों मंजिलों को भी अपनी चपेट में ले लिया।
आग का संभावित कारण
प्रथम दृष्टया जाँच के आधार पर पुलिस और दमकल अधिकारियों का मानना है कि बैटरियों का ओवरहीट या ओवरचार्ज होना आग का संभावित कारण हो सकता है। हालाँकि, अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आग के सटीक कारण का पता अभी नहीं चल पाया है और विस्तृत जाँच जारी है।
राहत एवं बचाव अभियान
आपातकालीन टीमों ने मौके पर पहुँचते ही आग बुझाने का काम शुरू कर दिया। 20-25 दमकल गाड़ियों के साथ-साथ तीन सीएटी एम्बुलेंस और दो पीसीआर गाड़ियाँ तैनात रहीं। पुलिस ने पुष्टि की कि अभी तक किसी जान-माल की हानि नहीं हुई है; नुकसान केवल संपत्ति का है।
व्यापक संदर्भ: दिल्ली में आग की घटनाएँ
यह घटना मंगोलपुरी इंडस्ट्रियल एरिया की एक जूता फैक्ट्री में लगी भीषण आग के कुछ ही दिनों बाद हुई है, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई थी और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे। यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली के व्यावसायिक इलाकों में अग्नि सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। गौरतलब है कि गफ्फार मार्केट जैसे घनी दुकानों वाले बाज़ारों में ज्वलनशील सामग्री — जैसे लिथियम-आयन बैटरियाँ — का बड़ी मात्रा में भंडारण अग्नि जोखिम को कई गुना बढ़ा देता है।
आगे क्या होगा
दमकल विभाग और पुलिस आग के सटीक कारण का पता लगाने के लिए इमारत की फोरेंसिक जाँच करेगी। संपत्ति के नुकसान का आकलन भी जारी है। इस घटना के मद्देनज़र करोल बाग और आसपास के व्यावसायिक इलाकों में अग्नि सुरक्षा ऑडिट की माँग तेज़ हो सकती है।