बीरभूम के रामपुरहाट में 304 जिलेटिन छड़ें बरामद, घर मालिक शरीफुल इस्लाम गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले की पुलिस ने शुक्रवार, 14 अगस्त को रामपुरहाट के आयास गांव के बाथन पारा इलाके में एक निजी घर पर छापेमारी कर 304 जिलेटिन छड़ें बरामद कीं। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर की गई इस कार्रवाई में घर के मालिक शरीफुल इस्लाम को गिरफ्तार किया गया और बाद में बीरभूम की जिला अदालत ने उसे पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया।
छापेमारी का घटनाक्रम
रामपुरहाट पुलिस स्टेशन की एक विशेष टीम ने मुखबिर की सूचना पर आयास गांव के बाथन पारा स्थित शरीफुल इस्लाम के घर पर छापा मारा। तलाशी अभियान के दौरान वहाँ से 304 जिलेटिन छड़ें बरामद हुईं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पहले शरीफुल से पूछताछ की गई और फिर उसे गिरफ्तार कर रामपुरहाट पुलिस स्टेशन ले जाया गया। जिला अदालत में पेशी के बाद उसे पुलिस हिरासत में भेजा गया।
जाँच का दायरा
जाँच अधिकारी अभी शरीफुल इस्लाम से इन जिलेटिन छड़ों के स्रोत और उन्हें घर पर रखने के मकसद के बारे में पूछताछ कर रहे हैं। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि क्या इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री जिले या राज्य में किसी उग्रवादी गतिविधि को अंजाम देने के इरादे से जमा की गई थी।
दो महीनों में तीसरी बड़ी बरामदगी
यह बीरभूम जिले से पिछले दो महीनों में विस्फोटक बरामद होने का तीसरा बड़ा मामला है। 25 जुलाई को राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) के अधिकारियों ने इसी जिले के नैहाटी में छापेमारी के दौरान अमोनियम नाइट्रेट के 20 बैग और कई डेटोनेटर बरामद किए थे तथा एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया था। इसके बाद 29 जुलाई को नलहाटी ब्लॉक के लखनामारा गांव से पुलिस ने 800 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट, 12,400 जिलेटिन छड़ें, 105 डेटोनेटर और 36 डेटोनेटिंग फ्यूज कॉइल बरामद किए थे। गौरतलब है कि यह इलाका बीरभूम में पत्थर खदानों के केंद्र के तौर पर जाना जाता है।
आतंकी नेटवर्क की पृष्ठभूमि
यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल पुलिस की इंटेलिजेंस विंग ने निगरानी बढ़ा दी है। हाल ही में जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के कथित सहयोगी हमिम मंडल और उसके करीबी साथियों अर्पिता सरकार तथा आदित्य सिंह उर्फ राज की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियाँ अलर्ट पर हैं। जाँच में यह भी सामने आया कि हमिम और अर्पिता के पाकिस्तानी आतंकी-आपराधिक समूह 'शहजाद भट्टी नेटवर्क' (SBN) से भी करीबी संबंध थे। इसी सप्ताह राज्य पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (ISI) से कथित तौर पर जुड़े पाकिस्तानी नागरिक वहाब आलम और उसके स्थानीय साथी मोहम्मद इजाज को गिरफ्तार किया था।
आगे क्या
जाँच एजेंसियाँ यह स्थापित करने की कोशिश कर रही हैं कि क्या रामपुरहाट की बरामदगी का संबंध जिले में पहले हुई बरामदगियों या व्यापक आतंकी नेटवर्क से है। बीरभूम जिले में लगातार हो रही विस्फोटक बरामदगियाँ राज्य की सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही हैं।