वलसाड में ₹14.20 लाख की शराब बरामद, चावल के छिलके में छिपाकर हो रही थी तस्करी; एक गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
गुजरात के वलसाड जिले में स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) ने 27 जुलाई 2025 को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ₹14,20,944 मूल्य की भारतीय निर्मित विदेशी शराब (आईएमएफएल) जब्त की। शराब को पकड़े जाने से बचाने के लिए उसे चावल के छिलके से भरे 100 प्लास्टिक बोरों में छिपाकर सिलवासा से ऊना ले जाया जा रहा था। राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहन को रोकते ही पूरे तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश हो गया।
कैसे हुई कार्रवाई
सूरत रेंज के पुलिस महानिरीक्षक प्रेम वीर सिंह और वलसाड के पुलिस अधीक्षक युवराजसिंह जडेजा के निर्देशानुसार जिले में शराबबंदी विरोधी अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत एलसीबी पुलिस इंस्पेक्टर एयू रोज की देखरेख में और पीएसआई जेजी वासावा के नेतृत्व में टीम निषेध गश्त पर थी।
गश्त के दौरान सहायक पुलिस कांस्टेबल तेजपालसिंह महेंद्रसिंह को एक वाहन में अवैध शराब ले जाए जाने की विशेष सूचना मिली। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए टीम ने मुंबई-सूरत मार्ग पर डूंगरी स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग 48 पर फेयर कंपनी के पास एक भूरे रंग के टाटा टेम्पो को रोका।
मुख्य बरामदगी का ब्यौरा
वाहन की तलाशी में चावल के छिलके से भरे 100 प्लास्टिक बोरों के नीचे व्हिस्की, वोदका और बीयर से भरे 203 बक्से मिले। इस खेप में कुल 8,940 बोतलें और कैन थे, जिनकी मात्रा 1,809.360 लीटर और कीमत ₹14,20,944 आँकी गई।
इसके अलावा पुलिस ने चालक की तलाशी के दौरान ₹8 लाख मूल्य का वाहन, ₹31,500 मूल्य के चावल के छिलके के बोरे और ₹5,000 मूल्य का एक मोबाइल फोन भी जब्त किया। जब्त की गई समस्त संपत्ति का कुल मूल्य ₹22,57,444 आँका गया है।
गिरफ्तारी और वांछित आरोपी
वाहन चालक की पहचान गिर सोमनाथ जिले के कोडिनार तालुका के मोती फाफनी गाँव निवासी हिम्मत सोलंकी (38 वर्ष) के रूप में हुई। उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस ने दो वांछित आरोपियों के नाम भी सामने रखे हैं। पहले आरोपी की पहचान गिर सोमनाथ जिले के ऊना निवासी केवल मनुभाई के रूप में हुई है, जिन पर शराब की खेप के परिवहन और खरीद की व्यवस्था करने का आरोप है। दूसरा आरोपी मनुभाई का एक अज्ञात सहयोगी है, जिसने कथित तौर पर परिवहन के लिए इस्तेमाल वाहन उपलब्ध कराया था।
कानूनी कार्रवाई
सहायक पुलिस कांस्टेबल तेजपालसिंह महेंद्रसिंह ने गुजरात निषेध कानून की संबंधित धाराओं के तहत डूंगरी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। जब्त संपत्ति और गिरफ्तार आरोपी को डूंगरी पुलिस स्टेशन को सौंप दिया गया है। वांछित आरोपियों की तलाश जारी है।
आगे क्या होगा
गौरतलब है कि गुजरात में शराबबंदी लागू होने के बावजूद सिलवासा जैसे पड़ोसी केंद्र शासित प्रदेशों से शराब की तस्करी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि तस्कर अब परिष्कृत तरीकों — जैसे कृषि उत्पादों की आड़ — का सहारा ले रहे हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे तस्करी नेटवर्क की जाँच की जाएगी।