खाड़ी और पश्चिम एशिया में भारतीय नाविकों की सुरक्षा: 2,084 लोग लौटे, केंद्र सरकार का बयान
सारांश
Key Takeaways
- खाड़ी और पश्चिम एशिया में भारतीय नाविक सुरक्षित हैं।
- केंद्र सरकार ने 2,084 नाविकों की वापसी की पुष्टि की है।
- भारतीय दूतावास नागरिकों के संपर्क में है।
- उड़ानें चालू हैं जहां हवाई क्षेत्र खुला है।
- ईरान और इजराइल का हवाई क्षेत्र बंद है।
नई दिल्ली, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। केंद्र सरकार ने रविवार को जानकारी दी कि खाड़ी और पश्चिम एशिया क्षेत्र में सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं। पिछले 24 घंटों में किसी भी भारतीय झंडे वाले जहाज से संबंधित कोई घटना नहीं हुई है।
पोर्ट्स, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय ने डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ शिपिंग के माध्यम से अब तक 2,084 से अधिक भारतीय नाविकों को सुरक्षित लौटाने में मदद की है, जिनमें से पिछले 24 घंटों में खाड़ी क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से 75 लोग शामिल हैं।
एक आधिकारिक बयान में बताया गया है कि भारत के सभी बंदरगाहों पर गतिविधियाँ सामान्य हैं और कहीं भी भीड़ या रुकावट की कोई समस्या नहीं है। मंत्रालय विदेश मंत्रालय, भारतीय दूतावासों और समुद्री क्षेत्र से जुड़े व्यक्तियों के साथ मिलकर काम कर रहा है ताकि नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और समुद्री गतिविधियाँ निर्बाध रूप से जारी रहें।
शिपिंग कंट्रोल रूम 24 घंटे काम कर रहा है और इसके शुरू होने के बाद से अब तक 6,053 कॉल और 12,787 से अधिक ईमेल प्राप्त किए हैं। पिछले 24 घंटों में 80 कॉल और 112 ईमेल प्राप्त हुए हैं।
इस क्षेत्र में भारतीय दूतावास लगातार भारतीय नागरिकों के संपर्क में हैं और उनकी सहायता कर रहे हैं, साथ ही उनकी सुरक्षा के लिए आवश्यक सुझाव भी दे रहे हैं।
विदेश मंत्रालय ने कहा है कि वह खाड़ी और पश्चिम एशिया की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है। भारतीय दूतावास 24 घंटे हेल्पलाइन चला रहे हैं और भारतीय नागरिकों को सक्रिय रूप से मदद कर रहे हैं। समय-समय पर नई जानकारी और सलाह दी जा रही है, जिसमें स्थानीय नियम, उड़ानों की स्थिति और कांसुलर सेवाएं शामिल हैं।
मंत्रालय के अनुसार, दूतावास भारतीय समुदाय, पेशेवर समूहों और कंपनियों के साथ लगातार संपर्क में हैं।
जहां हवाई क्षेत्र खुला है, वहां से उड़ानें चालू हैं। 28 फरवरी से अब तक लगभग 8,97,000 यात्री इस क्षेत्र से भारत आ चुके हैं।
यूएई में सुरक्षा और संचालन को ध्यान में रखते हुए सीमित संख्या में विशेष उड़ानें चल रही हैं, और आज लगभग 95 उड़ानों की उम्मीद है।
सऊदी अरब और ओमान के कई हवाई अड्डों से भारत के लिए उड़ानें जारी हैं। कतर का हवाई क्षेत्र आंशिक रूप से खुला है, इसलिए आज कतर एयरवेज की करीब 8–10 उड़ानें भारत आने की उम्मीद है।
ईरान और इजराइल का हवाई क्षेत्र अभी बंद है। ईरान से भारतीयों को आर्मेनिया और अजरबैजान के रास्ते भारत लाया जा रहा है, जबकि इजराइल से लोगों को जॉर्डन और मिस्र के जरिए भारत लाने की व्यवस्था की जा रही है।