PM मोदी जकार्ता पहुंचे, राष्ट्रपति सुबियांतो ने किया राजकीय स्वागत; फाइटर जेट्स ने दिया एस्कॉर्ट
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार, 6 जुलाई 2026 को तीन दिवसीय यात्रा पर इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता पहुंचे, जहाँ राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने उनका गर्मजोशी से राजकीय स्वागत किया। विमान के उतरने से पहले इंडोनेशियाई वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने प्रधानमंत्री के विमान को एस्कॉर्ट किया — जिसे विशेष राजकीय सम्मान का प्रतीक माना जाता है।
राजकीय एस्कॉर्ट की परंपरा
यह पहली बार नहीं है जब किसी मेजबान देश की वायुसेना ने प्रधानमंत्री मोदी के विमान को एस्कॉर्ट किया हो। मई 2026 में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की यात्रा के दौरान UAE वायुसेना के F-16 लड़ाकू विमानों ने इसी तरह उनके विमान को एस्कॉर्ट किया था। इससे पहले स्वीडन में ग्रिपेन फाइटर जेट्स ने भी यही सम्मान दिया था। अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में यह प्रोटोकॉल किसी राष्ट्राध्यक्ष के प्रति मेजबान देश की उच्चतम प्राथमिकता को दर्शाता है।
इंडो-पैसिफिक मिशन: तीन देशों की यात्रा
प्रधानमंत्री मोदी यह यात्रा इंडो-पैसिफिक मिशन के तहत कर रहे हैं। इंडोनेशिया (6–8 जुलाई) के बाद वे ऑस्ट्रेलिया और फिर न्यूजीलैंड जाएंगे — यह उनका 6 दिवसीय विदेश दौरा है। रवाना होने से पहले मोदी ने कहा कि इस यात्रा का उद्देश्य 'इन कीमती विकास साझेदारों के साथ आर्थिक और रणनीतिक सहयोग को बढ़ाना और भारत के युवाओं के लिए नए अवसर सुनिश्चित करना है।'
भारत-इंडोनेशिया संबंधों की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि 2018 में मोदी की पिछली इंडोनेशिया यात्रा के दौरान दोनों देशों ने अपने संबंधों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक पहुंचाया था। इसके बाद राष्ट्रपति सुबियांतो 26 जनवरी 2025 को भारत के गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आए थे। यह यात्रा उस राजकीय दौरे के बाद पहली द्विपक्षीय यात्रा है, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते कूटनीतिक महत्व को रेखांकित करती है।
एजेंडे में क्या है
दोनों नेताओं के बीच व्यापार, निवेश, रक्षा, समुद्री सहयोग और क्षेत्रीय मुद्दों पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है। मोदी ने एक्स पर साझा किए गए लेख में लिखा कि वे इंडोनेशिया में भारतीय प्रवासी समुदाय से भी मिलेंगे। इसके अलावा दोनों नेता योग्याकार्ता में प्रम्बानन मंदिर परिसर का संयुक्त दौरा करेंगे — जो भारत और इंडोनेशिया के गहरे सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंधों का प्रतीक है।
आगे क्या
तीन दिवसीय इंडोनेशिया यात्रा के समापन के बाद प्रधानमंत्री मोदी ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की यात्रा पर जाएंगे। यह पूरा दौरा भारत की इंडो-पैसिफिक नीति को व्यावहारिक रूप देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।