PM मोदी 6 जुलाई को इंडो-पैसिफिक दौरे पर रवाना, पहला पड़ाव इंडोनेशिया — जकार्ता में राष्ट्रपति प्रबोवो से होगी वार्ता
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 6 जुलाई (सोमवार) को तीन देशों के इंडो-पैसिफिक दौरे पर रवाना होंगे, जिसकी शुरुआत इंडोनेशिया से होगी। यह उनकी इंडोनेशिया की चौथी यात्रा है और मई 2018 में दोनों देशों के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी स्थापित होने के बाद पहली द्विपक्षीय यात्रा है। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के निमंत्रण पर यह आधिकारिक दौरा हो रहा है।
जकार्ता में क्या होगा
विदेश मंत्रालय के अनुसार, जकार्ता में प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे और दोनों देशों के बीच साझेदारी की प्रगति की समीक्षा करेंगे। वह वहाँ बसे भारतीय समुदाय को भी संबोधित करेंगे। इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री योग्याकार्ता स्थित यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल प्रांबानन मंदिर परिसर का भी दौरा करेंगे, जो भारत और इंडोनेशिया के साझा सांस्कृतिक और सभ्यतागत संबंधों का प्रमुख प्रतीक माना जाता है।
भारत-इंडोनेशिया: गहरी ऐतिहासिक जड़ें
दोनों देशों के बीच संबंध दशकों पुराने हैं। इंडोनेशिया के प्रथम राष्ट्रपति सुकर्णो 1950 में भारत के पहले गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि थे। दुनिया में किसी हिंदू देवता की सबसे ऊँची प्रतिमा भी इंडोनेशिया में स्थित है। उल्लेखनीय है कि ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री और स्वतंत्रता सेनानी बीजू पटनायक ने इंडोनेशिया के स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, जिसके लिए उन्हें इंडोनेशिया की मानद नागरिकता और देश के सर्वोच्च सम्मान 'भूमि पुत्र' से नवाज़ा गया था।
ऑस्ट्रेलिया: मेलबर्न में सीईओ फोरम और द्विपक्षीय बैठक
इंडोनेशिया के बाद प्रधानमंत्री मोदी 8 से 10 जुलाई तक ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न की यात्रा करेंगे। यह दौरा ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज़ के निमंत्रण पर हो रहा है। मेलबर्न में प्रधानमंत्री मोदी, प्रधानमंत्री अल्बनीज़ के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे और ऑस्ट्रेलिया की गवर्नर-जनरल सैम मोस्टिन से भी मुलाकात करेंगे। वह भारत-ऑस्ट्रेलिया सीईओ फोरम में हिस्सा लेंगे, दोनों देशों के प्रमुख उद्योगपतियों को संबोधित करेंगे और भारतीय समुदाय के एक बड़े कार्यक्रम में भी शामिल होंगे।
न्यूजीलैंड: चार दशक बाद किसी भारतीय PM का ऐतिहासिक दौरा
दौरे का अंतिम पड़ाव न्यूजीलैंड होगा, जहाँ प्रधानमंत्री मोदी 10 से 11 जुलाई तक ऑकलैंड की आधिकारिक यात्रा करेंगे। यह करीब चार दशकों में किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली न्यूजीलैंड यात्रा होगी। ऑकलैंड में वह न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों नेता व्यापार, वाणिज्य, रक्षा और अन्य क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग की समीक्षा करेंगे, जिनमें पिछले दो वर्षों में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की गई है। यह तीन-देशीय दौरा इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भारत की बढ़ती कूटनीतिक सक्रियता का स्पष्ट संकेत है।