जेनिफर पेस का 72 वर्ष की आयु में निधन, लिएंडर पेस ने खोई माँ; सुवेंदु अधिकारी ने जताया शोक

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जेनिफर पेस का 72 वर्ष की आयु में निधन, लिएंडर पेस ने खोई माँ; सुवेंदु अधिकारी ने जताया शोक

सारांश

भारतीय टेनिस के महानायक लिएंडर पेस की माँ और 1972 म्यूनिख ओलंपिक में भारतीय बास्केटबॉल टीम की पूर्व कप्तान जेनिफर पेस का 72 वर्ष की आयु में निधन हो गया। पिता वेस पेस को खोने के महज़ नौ महीने बाद आया यह दूसरा आघात लिएंडर के लिए गहरी व्यक्तिगत त्रासदी है।

मुख्य बातें

जेनिफर पेस , भारतीय टेनिस स्टार लिएंडर पेस की माँ, का 72 वर्ष की आयु में निधन हो गया।
वह भारतीय बास्केटबॉल टीम की पूर्व कप्तान और 1972 म्यूनिख ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली ओलंपियन थीं।
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने एक्स पर शोक व्यक्त करते हुए उनके योगदान को अमूल्य बताया।
लिएंडर पेस ने इससे पहले अपने पिता वेस पेस को 14 अगस्त 2025 को 80 वर्ष की आयु में खोया था।
वेस पेस 1972 म्यूनिख ओलंपिक में कांस्य पदक विजेता भारतीय हॉकी टीम के मिडफील्डर थे।

भारतीय टेनिस के महान खिलाड़ी लिएंडर पेस की माँ और भारतीय बास्केटबॉल की पूर्व ओलंपियन जेनिफर पेस का निधन हो गया है। वह 72 वर्ष की थीं। उनके निधन की खबर ने भारतीय खेल जगत को गहरे शोक में डुबो दिया है। पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने उनके निधन पर संवेदनाएँ व्यक्त करते हुए भारतीय खेलों में उनके योगदान को अमूल्य बताया।

सुवेंदु अधिकारी का शोक संदेश

मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, 'जेनिफर पेस के निधन से गहरा दुख हुआ। वे भारतीय टेनिस के दिग्गज खिलाड़ी लिएंडर पेस की मां थीं। भारतीय बास्केटबॉल टीम की पूर्व कप्तान और ओलंपियन के तौर पर, भारतीय खेलों में उनके अमूल्य योगदान और उनकी विरासत को हमेशा याद रखा जाएगा।' उन्होंने लिएंडर पेस और उनके पूरे परिवार के प्रति हार्दिक संवेदनाएँ व्यक्त कीं और ईश्वर से आत्मा की शांति की प्रार्थना की।

जेनिफर पेस की खेल विरासत

जेनिफर पेस भारतीय बास्केटबॉल की एक ऐतिहासिक शख्सियत थीं। उन्होंने भारतीय बास्केटबॉल टीम की कप्तान के रूप में 1972 म्यूनिख ओलंपिक में देश का प्रतिनिधित्व किया था। यह वह दौर था जब महिलाओं के लिए खेल जगत में इतने ऊँचे मुकाम तक पहुँचना अत्यंत दुष्कर था। जेनिफर ने न केवल देश के लिए खेला, बल्कि भारत की अनगिनत बेटियों को खेल के क्षेत्र में अपने सपने जीने की प्रेरणा दी।

गौरतलब है कि लिएंडर पेस को खेल की दुनिया में लाने में उनके माता-पिता दोनों की निर्णायक भूमिका रही। उनके पिता वेस पेस भी एक प्रतिष्ठित एथलीट थे। इसी खेल-संस्कृति में पले-बढ़े लिएंडर आगे चलकर भारत के सबसे सफल टेनिस खिलाड़ियों में से एक बने।

लिएंडर पेस के लिए दोहरा आघात

जेनिफर पेस का निधन लिएंडर पेस के लिए एक के बाद एक आया दूसरा बड़ा व्यक्तिगत आघात है। इससे पहले उन्होंने अपने पिता वेस पेस को खो दिया था, जिनका निधन 14 अगस्त 2025 को कोलकाता में 80 वर्ष की आयु में हुआ था। वेस पेस भारतीय हॉकी के एक बड़े नाम थे — मिडफील्डर के रूप में वह 1972 म्यूनिख ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय हॉकी टीम का अभिन्न हिस्सा थे।

यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय खेल जगत पहले ही वेस पेस के जाने के दुख से उबर रहा था। माता-पिता दोनों को इतने कम अंतराल में खोना लिएंडर के लिए अपूरणीय क्षति है।

भारतीय खेल जगत पर असर

जेनिफर और वेस पेस की जोड़ी भारतीय खेल इतिहास की एक अनूठी मिसाल थी — दोनों ओलंपियन, दोनों ने अपने-अपने खेल में देश का प्रतिनिधित्व किया, और दोनों ने मिलकर एक ऐसे बेटे को तैयार किया जिसने टेनिस में भारत को वैश्विक पहचान दिलाई। जेनिफर पेस का जाना उस पीढ़ी के एक और सितारे का अस्त होना है जिसने भारतीय महिला खेल को नई दिशा देने में अग्रणी भूमिका निभाई।

भारतीय खेल समुदाय और प्रशंसकों की ओर से लिएंडर पेस के परिवार के प्रति संवेदनाओं का सिलसिला जारी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जब महिला खिलाड़ियों को मुख्यधारा की मान्यता शायद ही मिलती थी। यह विचारणीय है कि भारतीय खेल इतिहास में ऐसी अग्रदूत महिलाओं को वह दीर्घकालिक सम्मान नहीं मिला जो उन्हें मिलना चाहिए था — उनका नाम अक्सर उनके प्रसिद्ध बेटे की उपलब्धियों की छाया में ही याद किया जाता है। भारतीय खेल संस्थाओं को इस अवसर पर यह सुनिश्चित करना चाहिए कि जेनिफर पेस जैसी अग्रणी महिला एथलीटों को स्वतंत्र और स्थायी सम्मान मिले।
RashtraPress
17 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जेनिफर पेस का निधन कब हुआ?
जेनिफर पेस का निधन 17 मई 2026 को हुआ। वह 72 वर्ष की थीं।
क्या लिएंडर पेस के पिता भी हाल ही में गुज़रे थे?
हाँ, लिएंडर पेस के पिता वेस पेस का निधन 14 अगस्त 2025 को कोलकाता में 80 वर्ष की आयु में हुआ था। वेस पेस 1972 म्यूनिख ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय हॉकी टीम के मिडफील्डर थे।
सुवेंदु अधिकारी ने जेनिफर पेस के बारे में क्या कहा?
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने एक्स पर लिखा कि भारतीय खेलों में जेनिफर पेस का योगदान अमूल्य है और उनकी विरासत हमेशा याद रखी जाएगी। उन्होंने लिएंडर पेस और उनके परिवार के प्रति हार्दिक संवेदनाएँ व्यक्त कीं।
जेनिफर पेस का लिएंडर पेस के करियर में क्या योगदान था?
जेनिफर पेस और उनके पति वेस पेस दोनों ओलंपियन एथलीट थे, जिन्होंने लिएंडर को खेल जगत में आने और उत्कृष्टता हासिल करने के लिए प्रेरित किया। इस खेल-परिवेश ने लिएंडर को भारत के सबसे सफल टेनिस खिलाड़ियों में से एक बनाने में अहम भूमिका निभाई।
राष्ट्र प्रेस
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