काकीनाडा के सूर्यरावपेट बीच पर डूबे दो युवकों के शव बरामद, उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने दिए थे तलाश के निर्देश
सारांश
मुख्य बातें
आंध्र प्रदेश के काकीनाडा जिले के सूर्यरावपेट समुद्र तट पर रविवार को तेज लहरों में डूबे दो युवकों के शव सोमवार, 24 अगस्त को खोज अभियान के बाद बरामद कर लिए गए। मृतकों की पहचान पाडाला युवा किशोर (20 वर्ष) और अनुसूरी वीरबाबू (21 वर्ष) के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए काकीनाडा के सरकारी सामान्य अस्पताल भेज दिया है।
मुख्य घटनाक्रम
काकीनाडा के रहने वाले चार युवकों का एक समूह रविवार को सूर्यरावपेट समुद्र तट पर घूमने गया था। समुद्र में स्नान के दौरान तेज लहरों की चपेट में आने से चारों युवक डूबने लगे। मौके पर उपस्थित लोगों ने ए. श्री गणेश चांटी (21 वर्ष) और के.ए.वी. संदीप कुमार (19 वर्ष) को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जबकि युवा किशोर और वीरबाबू लापता हो गए।
लापता युवकों की तलाश में तत्काल खोज अभियान शुरू किया गया। सोमवार सुबह बचाव दलों ने फिर से तलाशी अभियान चलाया और दोनों के शव बरामद कर लिए। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
उपमुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने घटना की गंभीरता को देखते हुए काकीनाडा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) से सीधे बात की और खोज अभियान की जानकारी ली। एसपी ने उन्हें बताया कि युवक समुद्र की तेज लहरों के कारण डूबे।
पवन कल्याण ने अधिकारियों को खोज अभियान और तेज करने के निर्देश दिए तथा विशेषज्ञ तैराकों, विशेष बचाव दलों, मरीन पुलिस, तटरक्षक बल और स्थानीय मछुआरा समूहों की मदद लेने की सलाह दी। उन्होंने स्थानीय विधायक पंथंगी नाना को भी निर्देश दिया कि वे लापता युवकों के परिजनों के संपर्क में रहें और उन्हें समय-समय पर जानकारी उपलब्ध कराते रहें।
आंध्र के समुद्र तटों पर डूबने की बढ़ती घटनाएँ
आंध्र प्रदेश की लगभग 1,000 किलोमीटर लंबी समुद्री तटरेखा है। राज्य के विभिन्न समुद्र तटों पर डूबने की घटनाएं लगातार सामने आती रही हैं। अधिकारियों द्वारा चेतावनी और सुरक्षा उपाय किए जाने के बावजूद कई पर्यटक समुद्र में उतर जाते हैं और तेज लहरों का शिकार हो जाते हैं।
गौरतलब है कि इससे पहले 2 अगस्त को विशाखापत्तनम के ओल्ड गंगावरम बीच पर भी तेज लहरों में बह जाने से दो युवक लापता हो गए थे। फ्रेंडशिप डे के मौके पर दोस्तों के एक समूह की सैर उस समय हादसे में बदल गई थी। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में समुद्री सुरक्षा इंतजामों की पर्याप्तता पर सवाल उठ रहे हैं।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेजने के साथ ही मामले की विधिवत जांच शुरू कर दी है। प्रशासन से अपेक्षा है कि वह समुद्र तटों पर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करे ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोका जा सके।