ईडी टीम पर हमला: केरल पुलिस ने सीपीआई(एम) के एम.वी. गोविंदन, जॉन ब्रिटास समेत कई वरिष्ठ नेताओं को भेजा नोटिस
सारांश
मुख्य बातें
केरल पुलिस ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीम पर हुए कथित हमले की जांच का दायरा बढ़ाते हुए भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) [सीपीआई(एम)] के कई वरिष्ठ नेताओं को नोटिस जारी किए हैं। 6 अगस्त को सामने आई जानकारी के अनुसार, नोटिस पाने वालों में सीपीआई(एम) के राज्य सचिव एम.वी. गोविंदन, राज्यसभा सदस्य जॉन ब्रिटास और विधायक वी. जॉय शामिल हैं। यह हमला तिरुवनंतपुरम में विपक्ष के नेता पिनाराई विजयन के आवास पर ईडी की तलाशी के बाद भड़का था।
घटनाक्रम: कैसे हुआ हमला
ईडी की टीम विवादास्पद सीएमआरएल-एक्सालॉजिक वित्तीय लेनदेन मामले के सिलसिले में विजयन की बेटी वीना से पूछताछ करने उनके आवास पर पहुँची थी। जांच अधिकारियों के कार्रवाई पूरी करने के बाद जैसे ही परिसर से निकलने की कोशिश की, कथित तौर पर पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों की भीड़ ने उन पर हमला कर दिया। इस घटना ने तत्काल बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया और आपराधिक जांच की नींव रखी।
अब तक की जांच और गिरफ्तारियाँ
इस मामले में अब तक 25 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मई के अंतिम सप्ताह में हुई गिरफ्तारियों के बाद केरल उच्च न्यायालय ने अधिकांश आरोपियों को जमानत दे दी है। हालाँकि, पुलिस की जांच अनवरत जारी है और अब इसका केंद्र बिंदु बदल गया है — जांचकर्ता यह पता लगाने में जुटे हैं कि क्या यह हमला किसी पूर्व नियोजित साजिश का हिस्सा था।
साजिश की संभावना पर जांच का फोकस
पुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच इस बात पर केंद्रित है कि क्या पार्टी कार्यकर्ताओं को पहले से इस इरादे से एकत्र किया गया था कि तलाशी पूरी होने के बाद केंद्रीय एजेंसी के अधिकारियों को रोका जाए या उन पर हमला किया जाए। जांचकर्ता यह भी जानना चाहते हैं कि क्या घटना से पूर्व किसी वरिष्ठ नेता की ओर से कोई निर्देश दिए गए थे। गुरुवार को जांच के अगले चरण में पाँच युवा नेताओं से पूछताछ की जा रही है।
आगे क्या होगा
पुलिस की योजना है कि नोटिस पाने वाले सभी नेताओं और पदाधिकारियों से पूछताछ अगले तीन सप्ताह में पूरी कर ली जाए। इसके अलावा, कई पूर्व विधायकों और पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों को भी जांच दल के समक्ष उपस्थित होने के लिए कहा गया है। यह मामला केरल की राजनीति में उस समय नया मोड़ ले रहा है जब राज्य में विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ पृष्ठभूमि में आकार ले रही हैं।