मदन राठौर का स्पष्टीकरण: 'हम पाकिस्तान के साथ' वाली वायरल क्लिप संदर्भ से काटी गई थी
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की राजस्थान इकाई के अध्यक्ष मदन राठौर ने 16 अक्टूबर 2026 को उस वायरल वीडियो पर सफाई दी, जिसमें उन्हें कथित तौर पर 'हम पाकिस्तान के साथ हैं' कहते हुए सुना गया था। राठौर ने दावा किया कि उनके भाषण का 20 सेकंड का हिस्सा जानबूझकर एडिट किया गया और दुर्भावनापूर्ण इरादे से फैलाया गया। उनके अनुसार, वायरल क्लिप में पूरा संदर्भ अनुपस्थित है।
विवाद की पृष्ठभूमि
यह विवाद जयपुर में पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उपजा, जहाँ मदन राठौर ने एक भाषण दिया था। इस कार्यक्रम में मुस्लिम समुदाय के लोग भी उपस्थित थे और भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैचों तथा देशभक्ति पर चर्चा हो रही थी। वायरल होने के बाद कांग्रेस, आम आदमी पार्टी (AAP) और अन्य विपक्षी दलों ने राठौर से स्पष्टीकरण की माँग की और BJP के केंद्रीय नेतृत्व से कार्रवाई की अपील की।
राठौर का स्पष्टीकरण
राठौर ने अपनी सफाई में कहा, 'उनके बयानों को संदर्भ से हटाकर पेश किया गया है, जबकि ये बातें भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैचों और देशभक्ति पर हो रही चर्चा के दौरान कही गई थीं।' उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने यह कहा था कि जो लोग पाकिस्तान के खिलाफ भारत की हार पर पटाखे फोड़कर जश्न मनाते हैं, उन्हें सच्चा देशभक्त नहीं माना जा सकता।
राठौर के अनुसार, अमेरिका और पाकिस्तान जैसे देशों का उल्लेख एक व्यापक संवाद का हिस्सा था, लेकिन उसका एक छोटा-सा अंश इस प्रकार प्रसारित किया गया जिससे गलत धारणा बने।
पाकिस्तान के प्रति अपना रुख दोहराया
राठौर ने पाकिस्तान के प्रति किसी भी नरम रुख की संभावना को स्पष्ट रूप से खारिज किया। उन्होंने पुलवामा आतंकी हमले, सीमा पार से आतंकवादियों को प्रशिक्षण देने और उनकी घुसपैठ, तथा राजस्थान समेत देश के अन्य हिस्सों में नशीले पदार्थों की तस्करी का हवाला देते हुए कहा, 'हमारा एजेंडा बिल्कुल स्पष्ट है।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि पड़ोसी देश के प्रति उनका विरोध कायम रहेगा।
विपक्ष की प्रतिक्रिया
कांग्रेस और AAP ने वायरल वीडियो सामने आने के बाद राठौर पर निशाना साधा था। विपक्षी नेताओं ने इसे BJP के दोहरे मानदंडों का उदाहरण बताते हुए केंद्रीय नेतृत्व से कार्रवाई की माँग की थी। यह ऐसे समय में हुआ जब भारत और पाकिस्तान के बीच कूटनीतिक तनाव पहले से ही उच्च स्तर पर बना हुआ है।
आगे क्या
राठौर के स्पष्टीकरण के बाद भी विपक्ष ने इस मामले को बंद नहीं माना है। गौरतलब है कि BJP की राजस्थान इकाई और केंद्रीय नेतृत्व की ओर से कोई आधिकारिक बयान अभी तक सामने नहीं आया है। राठौर ने स्वयं कहा कि वे अपनी बात पर कायम हैं और भाजपा का रुख अपरिवर्तित है।