मधुबनी हादसा: तालाब में डूबने से एक ही परिवार के 5 बच्चों की मौत, केरवार गांव में मातम
सारांश
मुख्य बातें
बिहार के मधुबनी जिले के पतोना थाना क्षेत्र के केरवार गांव में बुधवार, 3 जून को एक तालाबनुमा गड्ढे में स्नान के दौरान डूबने से एक ही परिवार के पांच बच्चों की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, खेत में जेसीबी से खुदे गहरे गड्ढे में जमा पानी में नहाने गए बच्चे गहराई का अंदाज़ा न लगा पाने के कारण एक-एक कर डूबते चले गए। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसर गया है।
कैसे हुआ हादसा
पुलिस के मुताबिक, गांव के कई बच्चे पास के खेत में जेसीबी से खोदे गए बड़े गड्ढे में जमा पानी में स्नान करने पहुंचे थे। स्नान के दौरान बच्चे आगे बढ़ते चले गए और गहरे पानी में पहुंचकर एक-एक कर डूब गए। सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य शुरू किया, लेकिन तब तक हादसा हो चुका था।
एक ही परिवार के पांच बच्चे
जानकारी के अनुसार, मृतक सभी पांच बच्चे एक ही परिवार से बताए जा रहे हैं। पांचों शवों को पानी से बाहर निकाल लिया गया है। एक साथ पांच बच्चों की मौत की खबर फैलते ही केरवार गांव में कोहराम मच गया, और माता-पिता तथा परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शवों को कब्ज़े में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। स्थानीय प्रशासन ने पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए आपदा प्रबंधन विभाग के तहत मिलने वाली सरकारी सहायता राशि जल्द से जल्द उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया है।
सुरक्षा इंतज़ामों पर सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि जेसीबी से खुदाई के बाद यह गड्ढा तालाबनुमा रूप ले चुका है, लेकिन यहां न तो कोई सुरक्षा घेरा है और न ही चेतावनी बोर्ड लगाया गया है। ग्रामीणों ने ऐसे खुले गड्ढों को पाटने या उनके चारों ओर बैरिकेडिंग की मांग उठाई है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके। गौरतलब है कि गर्मियों के मौसम में बिहार के ग्रामीण इलाकों में खुले जल-स्रोतों और गड्ढों में बच्चों के डूबने की घटनाएं बार-बार सामने आती रही हैं। प्रशासन से अब इस दिशा में ठोस कदम उठाने की अपेक्षा है।