13 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

मायावती ने आकाश आनंद पर साधा निशाना, बोलीं — 'अशोक सिद्धार्थ के इशारे पर चल रहे, अपने दिमाग से नहीं'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
मायावती ने आकाश आनंद पर साधा निशाना, बोलीं — 'अशोक सिद्धार्थ के इशारे पर चल रहे, अपने दिमाग से नहीं'

सारांश

मायावती ने रविवार को दोहरा मोर्चा खोला — एक ओर बीमारी की अफवाहें खारिज कीं, दूसरी ओर निष्कासित आकाश आनंद पर सीधा वार किया। रात की रहस्यमय फोन कॉल और 'कॉल छुपाने' की गुज़ारिश ने बसपा के अंदरूनी संघर्ष को एक नया मोड़ दे दिया है।

मुख्य बातें

बसपा प्रमुख मायावती ने 13 सितंबर 2026 को अपनी बीमारी की खबरों को पूरी तरह निराधार बताया।
निष्कासित आकाश आनंद पर आरोप — अपने ससुर अशोक सिद्धार्थ के इशारे पर काम कर रहे हैं, खुद के विवेक से नहीं।
शनिवार रात की कथित फोन कॉल में आकाश आनंद ने कथित तौर पर कहा कि कॉल की जानकारी मायावती को न दी जाए।
3 सितंबर 2026 की बैठक में बसपा को तीन सेक्टरों में पुनर्गठित किया गया; मुख्य सेक्टर प्रभारी का पद समाप्त।
पार्टी उपाध्यक्ष आनंद कुमार अब सेक्टर रिपोर्ट सीधे मायावती को देंगे।
मायावती ने ब्रिक्स दिल्ली घोषणापत्र को भारत की बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि बताया।

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने 13 सितंबर 2026 को लखनऊ में स्पष्ट किया कि वह पूरी तरह स्वस्थ हैं और पार्टी से निष्कासित आकाश आनंद द्वारा उनकी बीमारी को लेकर फैलाई जा रही अफवाहें पूरी तरह निराधार हैं। इसके साथ ही उन्होंने आकाश आनंद पर सीधा हमला बोला और आरोप लगाया कि वह अपने ससुर व पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ के कहने पर काम कर रहे हैं, न कि अपने विवेक से।

बीमारी की अफवाहों का खंडन

मायावती ने बताया कि पिछले एक-दो दिनों से पार्टी से निकाले गए कुछ लोगों की ओर से यह भ्रम फैलाया जा रहा था कि वह अस्वस्थ हैं। उन्होंने कहा कि इन अफवाहों को खारिज करने के लिए उन्हें स्वयं सार्वजनिक रूप से सामने आना पड़ा। बसपा प्रमुख ने स्पष्ट किया कि वह पूरी तरह ठीक हैं और पार्टी के कामकाज में पूरी तरह सक्रिय हैं।

फोन कॉल का विवरण और मंशा पर सवाल

मायावती ने शनिवार रात हुई एक कथित फोन कॉल का जिक्र करते हुए बताया कि उनके आवास पर पार्टी इंचार्ज आलोक कुमार के फोन पर आकाश आनंद का कॉल आया था। आकाश आनंद ने पूछा था कि क्या 'बहन जी' अस्वस्थ हैं। आलोक कुमार ने उन्हें बताया कि मायावती पूरी तरह स्वस्थ हैं।

इसके बाद आकाश आनंद ने कथित तौर पर यह अनुरोध किया कि इस फोन कॉल की जानकारी मायावती को न दी जाए। मायावती ने कहा, 'इस फोन कॉल की मंशा अच्छी भी हो सकती है और गलत भी, लेकिन यह सोचने का विषय है कि आखिर ऐसी बात क्यों कही गई।' उन्होंने आरोप लगाया कि आकाश आनंद अभी भी अपने ससुर अशोक सिद्धार्थ के दिमाग से काम कर रहे हैं।

संगठन में बड़ा पुनर्गठन

मायावती ने बताया कि 3 सितंबर 2026 को हुई एक लंबी पार्टी बैठक में संगठन को तीन सेक्टरों में विभाजित करने का निर्णय लिया गया। पहले सेक्टर में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को रखा गया है, जिसकी निगरानी मायावती स्वयं करेंगी। अन्य राज्यों को अलग-अलग सेक्टरों में बाँटा गया है।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्य सेक्टर प्रभारी का पद समाप्त कर दिया गया है। अब संबंधित सेक्टरों के प्रभारी दिल्ली जाकर अपनी रिपोर्ट देंगे, जिसे पार्टी के उपाध्यक्ष आनंद कुमार मायावती तक पहुँचाएंगे।

आकाश आनंद के निष्कासन की पृष्ठभूमि

गौरतलब है कि मायावती ने हाल ही में आकाश आनंद को पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक पद से हटाने के बाद बसपा से पूरी तरह निष्कासित कर दिया था। यह ऐसे समय में आया है जब उनके ससुर अशोक सिद्धार्थ ने भी राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है। मायावती ने कहा कि पार्टी और मूवमेंट के हित में लिए गए इन कड़े फैसलों से बसपा को लाभ ही हुआ है, नुकसान नहीं।

ब्रिक्स घोषणापत्र और विदेश नीति पर रुख

मायावती ने दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान जारी 140 पैराग्राफ वाले दिल्ली घोषणापत्र का स्वागत करते हुए इसे भारत के लिए बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि घोषणापत्र में फिलिस्तीन के लिए दो-देश समाधान और 1967 की सीमाओं के आधार पर स्वतंत्र फिलिस्तीनी राष्ट्र के समर्थन को स्थान दिया गया है।

पहलगाम आतंकी हमले का उल्लेख करते हुए उन्होंने आतंकवाद से हर संभव तरीके से निपटने की प्रतिबद्धता का भी स्वागत किया। भारत-चीन संबंधों पर उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच मतभेदों को विवाद में बदलने से रोकना और सीमा विवाद को आपसी बातचीत से जल्द सुलझाना सकारात्मक दृष्टिकोण है। आने वाले समय में पार्टी का पूरा ध्यान संगठन को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों पर केंद्रित रहेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मायावती ने आकाश आनंद पर क्या आरोप लगाए?
मायावती ने आरोप लगाया कि बसपा से निष्कासित आकाश आनंद अपने विवेक से नहीं, बल्कि अपने ससुर व पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ के इशारे पर काम कर रहे हैं। उन्होंने शनिवार रात की एक कथित फोन कॉल का भी जिक्र किया, जिसमें आकाश आनंद ने कथित तौर पर कहा कि इस कॉल की जानकारी मायावती को न दी जाए।
क्या मायावती वाकई बीमार थीं?
नहीं। मायावती ने 13 सितंबर 2026 को खुद सामने आकर अपनी बीमारी की सभी खबरों को पूरी तरह निराधार बताया। उन्होंने कहा कि पार्टी से निकाले गए लोग कार्यकर्ताओं के बीच भ्रम फैला रहे थे, इसलिए उन्हें स्वयं स्पष्टीकरण देना पड़ा।
आकाश आनंद को बसपा से क्यों निष्कासित किया गया?
मायावती ने आकाश आनंद को पहले पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक पद से हटाया और फिर बसपा से पूरी तरह निष्कासित कर दिया। मायावती के अनुसार, पार्टी और मूवमेंट के हित में यह कड़ा फैसला लिया गया, जिससे बसपा को नुकसान नहीं बल्कि लाभ हुआ है।
बसपा के संगठनात्मक पुनर्गठन में क्या बदला?
3 सितंबर 2026 की बैठक में बसपा को तीन सेक्टरों में विभाजित किया गया। पहले सेक्टर में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड हैं, जिनकी निगरानी मायावती खुद करेंगी। मुख्य सेक्टर प्रभारी का पद समाप्त कर दिया गया है और अब पार्टी उपाध्यक्ष आनंद कुमार सीधे मायावती को रिपोर्ट देंगे।
मायावती ने ब्रिक्स दिल्ली घोषणापत्र पर क्या कहा?
मायावती ने 140 पैराग्राफ वाले ब्रिक्स दिल्ली घोषणापत्र को भारत की बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि बताया। उन्होंने फिलिस्तीन के लिए दो-देश समाधान के समर्थन और पहलगाम आतंकी हमले के संदर्भ में आतंकवाद से निपटने की प्रतिबद्धता को भारत के दृष्टिकोण की जीत बताया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 दिन पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 2 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 1 साल पहले