तमिलनाडु चुनाव: मुख्यमंत्री मोहन यादव का प्रचार, भाजपा के लिए जुटाएंगे वोट
सारांश
मुख्य बातें
भोपाल, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव मंगलवार को तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए राज्य का एक दिवसीय दौरा करेंगे। 23 अप्रैल को होने वाले मतदान से ठीक पहले यह उनका तमिलनाडु का पहला चुनावी दौरा है।
यह दौरा चुनावी प्रक्रिया के महत्वपूर्ण चरण में हो रहा है, क्योंकि 21 अप्रैल की शाम को ही आधिकारिक प्रचार अभियान समाप्त हो जाएगा। तमिलनाडु की सभी 234 विधानसभा सीटों पर 23 अप्रैल को एक ही चरण में मतदान होगा, जबकि मतों की गिनती 4 मई को की जाएगी।
इस चुनावी दौरे के दौरान, मुख्यमंत्री मोहन यादव भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवारों के समर्थन में सार्वजनिक सभाओं को संबोधित करेंगे और प्रमुख निर्वाचन क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं से संवाद कर उनमें उत्साह भरेंगे। भाजपा नेताओं ने इस दौरे को राज्य के कुछ हिस्सों में पार्टी की पकड़ मजबूत करने के अंतिम प्रयास के रूप में देखा है।
इस बार तमिलनाडु का चुनावी मुकाबला काफी जटिल और बहुकोणीय है, जिसमें मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन के नेतृत्व वाला सत्तारूढ़ द्रमुक गठबंधन और अन्नाद्रमुक गठबंधन से चुनौती मिल रही है, जिसे भारतीय जनता पार्टी का समर्थन प्राप्त है। इसके साथ ही नाम तमिझार कत्छी और तमिलगा वेत्री कड़गम जैसी ताकतें भी चुनावी मैदान में हैं, जिससे मुकाबला और भी रोचक हो गया है।
भाजपा ने अंतिम चरण में अपने अभियान को तेज कर दिया है और वरिष्ठ नेताओं को विभिन्न राज्यों में तैनात किया है। इसी रणनीति के तहत मुख्यमंत्री यादव तमिलनाडु में पार्टी की दृश्यता बढ़ाने और समर्थन जुटाने का कार्य करेंगे। इससे पहले, उन्होंने पश्चिम बंगाल के खड़गपुर और कमरहाटी में रैलियां की थीं, जहां उन्होंने ममता बनर्जी सरकार को सुशासन और कानून-व्यवस्था के मुद्दों पर घेरा था।
मुख्यमंत्री मोहन यादव की यह सक्रियता भाजपा की व्यापक राष्ट्रीय रणनीति को दर्शाती है, जिसके अंतर्गत संगठन की मौजूदगी बढ़ाने और मतदाताओं तक पहुंच बनाने के लिए वरिष्ठ नेतृत्व का उपयोग किया जा रहा है।