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क्या पीएमएफएमई योजना मोतिहारी के अभिमन्यु कुमार के लिए वरदान बनी?

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क्या पीएमएफएमई योजना मोतिहारी के अभिमन्यु कुमार के लिए वरदान बनी?

सारांश

मोतिहारी के अभिमन्यु कुमार ने पीएमएफएमई योजना की मदद से स्वरोजगार की दिशा में कदम बढ़ाया है। उनके प्रयास से न केवल उनका भविष्य संवर रहा है, बल्कि कई अन्य युवाओं को भी रोजगार मिल रहा है। जानिए कैसे उन्होंने अपने गांव में फैक्ट्री स्थापित की।

मुख्य बातें

पीएमएफएमई योजना ने कई युवा व्यवसायियों को सशक्त किया है।
अभिमन्यु कुमार की कहानी प्रेरणा का स्रोत बनी है।
स्वरोजगार से न केवल आर्थिक स्थिरता मिलती है, बल्कि समुदाय में रोजगार भी बढ़ता है।
सरकारी योजनाओं का सही उपयोग सफलता की कुंजी है।
स्थानीय उद्योगों के विकास से क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था में सुधार होता है।

मोतिहारी, 9 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना बिहार के युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर बन चुकी है। जो युवा पहले रोजगार के लिए बिहार से बाहर जाने को मजबूर थे, अब वे अपने दम पर अपने भविष्य को संवारने में सक्षम हो रहे हैं।

प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) ने कई युवाओं के सपनों को साकार करने में एक मील का पत्थर साबित किया है। मोतिहारी जिले के एक युवा ने पशु फीड की फैक्ट्री स्थापित करके स्वरोजगार की दिशा में एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया है। विशेष बात यह है कि वह अपनी फैक्ट्री में कई लोगों को रोजगार भी दे रहा है।

मोतिहारी जिले के हरसिद्धि प्रखंड के बैरिया गांव के निवासी अभिमन्यु कुमार पहले बैंगलोर में एक फैक्ट्री में काम करते थे। इस दौरान उन्हें पता चला कि पीएम मोदी द्वारा पीएमएफएमई योजना की शुरुआत की गई है। इस योजना के तहत उद्योग स्थापित करने के लिए ऋण मिल रहा है, जिसमें सब्सिडी भी शामिल है। पीएम मोदी की इस योजना से प्रेरित होकर अभिमन्यु कुमार अपने घर लौट आए और अपने काम की शुरुआत करने का निर्णय लिया। इसके बाद उन्होंने लोन के लिए आवेदन किया। आवेदन के बाद एसबीआई ने उन्हें 25 लाख का लोन स्वीकृत किया। इस राशि से उन्होंने अपने गांव में पशु फीड की फैक्ट्री स्थापित कर ली।

उन्होंने राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा कि पहले हम दूसरों के लिए काम करते थे, लेकिन अब हमने अपना काम शुरू किया है। हमें इस योजना के बारे में जानकारी मिली और उसके बाद हम बैंक में गए। जहां से हमें सहयोग मिला। इस योजना के अंतर्गत हमें जो लोन मिला, उससे हमने अपने काम की शुरुआत की। हमारे साथ इस फैक्ट्री में 15 लोग काम कर रहे हैं। यहां काम करने वाले लोगों के साथ ही, बाजार में सामान ले जाने वाले लोग भी हैं। हमारी योजना अपने काम को बढ़ाने की है। हमें इस योजना के तहत 35 लाख लोन मिला था, इसके लिए हम पीएम मोदी का आभार व्यक्त करते हैं।

एक किसान महेंद्र सिंह कुशवाहा ने कहा कि हम लोग मकई की खेती करते हैं। इस फैक्ट्री से हमें बड़े पैमाने पर लाभ मिल रहा है। पहले हमें मकई का दाम काफी कम मिलता था, लेकिन अब हमें अच्छा दाम मिल रहा है। खास बात यह है कि पैसा नकद और जल्दी मिल जाता है।

वहीं काम करने वाले यशलोक कुमार ने कहा कि मैं इस फैक्ट्री में प्रबंधक के रूप में काम करता हूं। मैंने पहले पढ़ाई की और उसके बाद हमें काम के लिए चुना गया। इससे पहले हम बेतिया और हरियाणा में काम कर चुके हैं। पहले हमें बाहर काम के लिए जाना पड़ता था, लेकिन आज हमें अपने क्षेत्र में काम करने का अवसर मिल रहा है। इसके लिए हम फैक्ट्री के मालिक अभिमन्यु कुमार का आभार व्यक्त करते हैं। इस योजना के लिए हम पीएम मोदी का धन्यवाद करते हैं।

फैक्ट्री के मार्केटिंग विभाग से जुड़े सुजीत कुमार ने कहा कि पहले भी हमने मार्केटिंग का काम बाहर किया है। फैक्ट्री के मालिक अभिमन्यु कुमार ने हमें यहां लाकर कहा कि आप पहले मार्केटिंग का काम कर चुके हैं और आपके पास अच्छा अनुभव है। आप हमारे साथ मिलकर काम को विस्तारित कीजिए। हम उनका आभार जताते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

तो वे न केवल व्यक्तिगत जीवन में बदलाव ला सकती हैं बल्कि समुदायों को भी सशक्त बना सकती हैं। यह एक सकारात्मक उदाहरण है कि कैसे युवा अपने क्षेत्र में रोजगार के अवसर पैदा कर सकते हैं।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पीएमएफएमई योजना क्या है?
पीएमएफएमई योजना, प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना, छोटे उद्योगों को वित्तीय सहायता और सब्सिडी प्रदान करने का एक पहल है।
अभिमन्यु कुमार ने फैक्ट्री स्थापित करने के लिए कितना लोन लिया?
अभिमन्यु कुमार ने फैक्ट्री स्थापित करने के लिए 25 लाख का लोन लिया था।
इस योजना का लाभ किस प्रकार मिलता है?
इस योजना के अंतर्गत उद्योग स्थापित करने के लिए ऋण और सब्सिडी उपलब्ध कराई जाती है।
फैक्ट्री में कितने लोगों को रोजगार मिला है?
अभिमन्यु कुमार की फैक्ट्री में 15 लोगों को रोजगार मिला है।
क्या यह योजना अन्य युवाओं के लिए भी लाभकारी है?
हां, यह योजना अन्य युवाओं के लिए भी स्वरोजगार के अवसर प्रदान करती है।
राष्ट्र प्रेस
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