नागालैंड के मुख्यमंत्री ने नागा एकता की आवश्यकता पर जोर दिया, स्थायी समाधान की मांग की
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कोहिमा, २५ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। नागालैंड के मुख्यमंत्री नेफियू रियो ने बुधवार को कहा कि नागा बहुल क्षेत्रों का भौतिक एकीकरण अभी संभव नहीं है, लेकिन राजनीतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक स्तर पर एकता बनाए रखना नागा मुद्दे के स्थायी समाधान के लिए अत्यंत आवश्यक है।
कोहिमा के निकट किसामा में आयोजित तेन्यिमी यूथ कल्चरल फेस्टिवल में बोलते हुए रियो ने कहा कि नागा एकीकरण एक दीर्घकालिक मांग रही है और नागालैंड विधानसभा ने इसके समर्थन में कई प्रस्ताव भी पारित किए हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय सीमाओं से परे आपसी संबंधों को मजबूत करना आज की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि तेन्यिमी जैसे समुदाय, जो विभिन्न राज्यों और क्षेत्रों में फैले हुए हैं, अपनी साझा परंपराओं, संस्कृति और मूल्यों के माध्यम से जुड़े हुए हैं। यह एकता नागा पहचान को सशक्त बनाती है और इसे व्यापक पहचान दिलाने में मदद करती है।
मुख्यमंत्री ने संस्कृति और भाषा के महत्व को भी रेखांकित किया और तेन्यिडी भाषा के प्रचार-प्रसार की अपील की, साथ ही इसे स्कूल के पाठ्यक्रम में शामिल करने का सुझाव दिया। उन्होंने उरा अकादमी जैसे संगठनों के प्रयासों की भी प्रशंसा की।
युवाओं को परंपरा का संरक्षक मानते हुए रियो ने उनसे सांस्कृतिक मूल्यों को बनाए रखने और भविष्य के लिए कौशल विकसित करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि परंपराएं, रीति-रिवाज, खान-पान और इतिहास नागा समाज को एक सूत्र में बांधते हैं और सभी को मिलकर सम्मानजनक समाधान के लिए प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार ने नागा पहचान को मान्यता दी है, जिसका उदाहरण १८७३ का बंगाल ईस्टर्न फ्रंटियर रेगुलेशन और संविधान का अनुच्छेद ३७१ए है।
उपमुख्यमंत्री टी. आर. ज़ेलियांग ने भी तेन्यिमी समुदाय को साझा विरासत और परंपराओं से जुड़ा एक परिवार बताया और इसकी सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
तेन्यिमी यूनियन नागालैंड द्वारा आयोजित इस महोत्सव में पारंपरिक संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक गतिविधियों का प्रदर्शन किया गया, जो सांस्कृतिक विरासत के माध्यम से एकता का संदेश देता है।