नशे के खिलाफ राष्ट्रीय बाइक रैली रवाना: 550 जवान, 275 मोटरसाइकिल, 31 अक्टूबर को एकता नगर परेड में होंगे शामिल
सारांश
मुख्य बातें
नशीली दवाओं के दुरुपयोग के विरुद्ध जन-जागरूकता अभियान के तहत 550 से अधिक जवानों की राष्ट्रीय मोटरसाइकिल रैली 25 अक्टूबर 2026 को गांधीनगर से स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के लिए रवाना हुई। यह रैली 31 अक्टूबर को एकता नगर (केवडिया), गुजरात में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में सम्मिलित होगी। 'नशे के खिलाफ लड़ाई' थीम पर आयोजित यह रैली सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती समारोह का अभिन्न हिस्सा है।
रैली को हरी झंडी और मार्ग
गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने रविवार, 25 अक्टूबर को गांधीनगर स्थित सचिवालय परिसर से रैली को हरी झंडी दिखाई। रैली का काफिला आनंद और वडोदरा होते हुए एकता नगर पहुँचेगा, जहाँ स्टैच्यू ऑफ यूनिटी स्थित है।
गौरतलब है कि इससे पहले 21 अक्टूबर को नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नॉर्थ ज़ोन के दल को हरी झंडी दिखाई थी। वह दल हरियाणा और राजस्थान से होते हुए गांधीनगर पहुँचा, जहाँ से इसे अब एकता नगर भेजा जा रहा है।
भागीदार राज्य और सुरक्षा बल
पुलिस महानिदेशक (DGP) ज्ञानेंद्र सिंह मलिक ने बताया कि चार ज़ोन से 45 टीमें और 275 से अधिक मोटरसाइकिलें इस रैली में भाग ले रही हैं। प्रत्येक भाग लेने वाले राज्य से पाँच बाइकर्स शामिल हैं।
प्रतिभागियों में लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के जवान शामिल हैं। इनके साथ केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) के जवान भी रैली का हिस्सा हैं।
जागरूकता अभियान का संदेश
DGP मलिक ने कहा, 'देशभर की टीमें 'नशे के खिलाफ लड़ाई' के संदेश के साथ आज एकता नगर पहुँचेंगी।' उन्होंने जानकारी दी कि रास्ते में विभिन्न स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम और शपथ ग्रहण गतिविधियाँ आयोजित की जा रही हैं, ताकि लोगों को — विशेष रूप से युवाओं को — नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा सके।
अभियान का केंद्रीय संदेश है: 'नशे को ना कहें, जीवन को हाँ कहें' — जिसका उद्देश्य सामुदायिक सहभागिता और जन-जागृति के ज़रिए नशीली दवाओं के दुरुपयोग को हतोत्साहित करना है।
राष्ट्रीय एकता दिवस का संदर्भ
31 अक्टूबर को सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर प्रतिवर्ष राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है। स्वतंत्रता के बाद भारत के राजनीतिक एकीकरण में उनकी भूमिका के सम्मान में यह दिन समर्पित है। वार्षिक परेड नर्मदा जिले के एकता नगर में आयोजित होती है, जहाँ सुरक्षा बलों और अन्य टुकड़ियों की संयुक्त भागीदारी होती है।
यह ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार नशा-मुक्त भारत अभियान को राष्ट्रीय सुरक्षा और युवा कल्याण से जोड़कर व्यापक सामाजिक मंच दे रही है। 31 अक्टूबर की परेड में इन प्रतिभागियों की उपस्थिति इस संदेश को राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक प्रभावशाली बनाएगी।