पटना के बाढ़ थाना क्षेत्र में चार की मौत: प्रेम विवाद में जहरीली शराब से साजिश, मुख्य आरोपी गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
पटना जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र में 30 अगस्त को सैदपुर टोला, बेढ़ना गाँव में चार लोगों की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया और एक विधि-विरुद्ध बालक को निरुद्ध किया है। पुलिस पूछताछ में मुख्य आरोपी लाली कुमार ने कथित तौर पर स्वीकार किया है कि उसने शराब में जहर मिलाकर चारों पीड़ितों को पिलाया था — और इस साजिश की जड़ में एक प्रेम प्रसंग बताया जा रहा है।
घटनाक्रम: कैसे सामने आई मौतें
30 अगस्त को बाढ़ थाना क्षेत्र के सैदपुर टोला, बेढ़ना गाँव में चार व्यक्तियों की अचानक तबीयत बिगड़ने की सूचना मिली। सभी को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर जाँच शुरू की गई। घटनास्थल पर फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को बुलाकर वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाए गए और चारों शवों का पोस्टमार्टम भी कराया गया।
प्रेम प्रसंग से उपजी साजिश
पटना ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक कुंदन कुमार ने बुधवार, 2 सितंबर को बताया कि पूछताछ में लाली कुमार ने घटना के पीछे प्रेम प्रसंग को मुख्य वजह बताया है। आरोपी के अनुसार, मृतक निशु कुमार का लाली की बहन के साथ प्रेम संबंध था, जिसे लेकर दोनों के बीच पहले से विवाद चल रहा था। लाली ने यह भी बताया कि निशु के साथ शराब पीने वाले तीन अन्य लोग उसे चिढ़ाते थे — इसी रंजिश में उसने चारों को निशाना बनाने की कथित साजिश रची।
गौरतलब है कि यह कबूलनामा पुलिस पूछताछ के दौरान सामने आया है और अदालत में इसकी कानूनी स्थिति अभी तय होनी बाकी है।
शराब की आपूर्ति शृंखला की जाँच
पुलिस के अनुसार, लाली ने जिस शराब में जहर मिलाने की बात कही है, वह शराब उसने रुदल कुमार से प्राप्त की थी। रुदल कुमार आलू-प्याज और सब्जी बेचने का काम करता है। जाँच में यह भी सामने आया है कि रुदल ने यह शराब एक विधि-विरुद्ध बालक से ली थी, जिसने कथित तौर पर इसे सतीश उर्फ सन्नी से प्राप्त किया था। पुलिस अब सतीश उर्फ सन्नी समेत अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जाँच कर रही है।
यह ऐसे समय में आया है जब बिहार में शराबबंदी कानून लागू है और अवैध शराब की आपूर्ति शृंखलाएँ कई जिलों में जाँच के दायरे में रही हैं।
एसआईटी गठित, छापेमारी जारी
पुलिस अधीक्षक कुंदन कुमार ने बताया कि लाली कुमार को इस पूरे घटनाक्रम का मुख्य षड्यंत्रकर्ता बताया जा रहा है। हालाँकि, जहरीले पदार्थ के कारण ही मौत हुई या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि FSL रिपोर्ट आने के बाद ही होगी। मामले की व्यापक जाँच के लिए एक विशेष जाँच दल (SIT) गठित किया गया है।
इस SIT में बाढ़-2 के SDPO आयुष, बाढ़ थानाध्यक्ष, हाथीदह के अंचल पुलिस निरीक्षक, तथा मोकामा, पंडारक, सलीमपुर, सम्यागढ़, ससोरा और NTPC थानाध्यक्षों के अलावा SI रविंद्र कुमार, SI पंकज कुमार सिंह, SI जयप्रकाश ठाकुर और DIU की टीम शामिल है। फरार संदिग्धों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी अभियान जारी है।
आगे क्या होगा
FSL रिपोर्ट इस मामले की दिशा तय करने में निर्णायक भूमिका निभाएगी — यदि शराब में जहरीले पदार्थ की पुष्टि होती है, तो आरोपियों पर हत्या के आरोप और अधिक पुख्ता हो जाएँगे। SIT अभी शराब की आपूर्ति शृंखला में शामिल सभी कड़ियों की पहचान करने में जुटी है, और सतीश उर्फ सन्नी की गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता बताई जा रही है।