PM मोदी ने कैप्टन स्मित मच्छार के परिवार से की बात, चाकू हमले में घायल पायलट को बताया 'हीरो'
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 अक्टूबर 2026 को फ्लाईदुबई विमान घटना के बाद घायल भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार के परिवार से व्यक्तिगत रूप से बातचीत की और हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। भारत सरकार के सूत्रों के अनुसार, प्रधानमंत्री ने इस बातचीत में कैप्टन मच्छार के अदम्य साहस और यात्रियों की जान बचाने में उनकी भूमिका की सराहना की।
परिवार से क्या हुई बातचीत
सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी ने कैप्टन स्मित मच्छार की पत्नी और माता-पिता से सीधे बात की। उन्होंने परिवार को भरोसा दिलाया कि भारतीय मिशन इस पूरी स्थिति में हर संभव मदद पहुँचाने में जुटे हुए हैं। रियाद स्थित भारतीय दूतावास पहले ही कह चुका था कि वे कैप्टन मच्छार की सेहत संबंधी विस्तृत जानकारी का इंतजार कर रहे हैं और उनके परिवार के संपर्क में हैं।
घटना का पूरा घटनाक्रम
मूल रूप से गुजरात के रहने वाले कैप्टन स्मित मच्छार दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई उड़ान पर तैनात थे। उड़ान के दौरान को-पायलट ने कथित तौर पर उन पर चाकू से हमला किया, जिसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए। इजरायली प्रधानमंत्री के बयान के अनुसार, घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छार ने हमलावर का मुकाबला किया, कॉकपिट का दरवाजा खोला और यात्रियों व क्रू सदस्यों को हमलावर पर काबू पाने में मदद की।
विमान में अधिकतर इजरायली नागरिक सवार थे, जिन्होंने मिलकर को-पायलट को पकड़ा। इसके बाद विमान को उत्तर-पश्चिम सऊदी अरब के तबूक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतारा गया। इस पूरे घटनाक्रम में एक बड़ी हवाई त्रासदी टल गई।
कैप्टन मच्छार की वर्तमान स्थिति
फिलहाल कैप्टन स्मित मच्छार तबूक शहर के एक अस्पताल में भर्ती हैं और उन्हें आवश्यक चिकित्सा उपचार दिया जा रहा है। उनकी स्वास्थ्य स्थिति के बारे में भारतीय दूतावास विस्तृत जानकारी जुटा रहा है। गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब मध्यपूर्व में उड़ान सुरक्षा को लेकर अंतरराष्ट्रीय चिंताएँ बढ़ी हुई हैं।
PM मोदी ने एक्स पर क्या लिखा
घटना के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कैप्टन स्मित मच्छार को 'हीरो' की संज्ञा दी। उन्होंने लिखा, 'कैप्टन स्मित मच्छार एक हीरो हैं। भारी खतरे का सामना करते हुए और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने दूसरों के जीवन की रक्षा करने के लिए अदम्य साहस और अटूट संकल्प का परिचय दिया। उनकी वीरता ने सैकड़ों लोगों की जान बचाने और एक बड़ी त्रासदी को टालने में मदद की।'
मोदी ने अपनी पोस्ट में यह भी लिखा, 'भारत को कैप्टन माछर पर गर्व है। मैं उनके शीघ्र स्वस्थ होने, नई ऊर्जा और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं।'
राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया
कैप्टन मच्छार की बहादुरी की कहानी भारत में तेज़ी से वायरल हुई और सोशल मीडिया पर उनके लिए गर्व और प्रशंसा के संदेशों की बाढ़ आ गई। यह घटना इस लिहाज़ से भी महत्वपूर्ण है कि एक भारतीय नागरिक ने विदेशी धरती पर अपनी जान जोखिम में डालकर अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की जान बचाई। आने वाले दिनों में कूटनीतिक और चिकित्सा स्तर पर भारतीय मिशन की गतिविधियाँ निर्णायक भूमिका निभाएँगी।