दिल्ली मेट्रो: राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट स्टेशनों के गेट खुले, 'चलो संसद' मार्च के बाद सामान्य हुई सेवा
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली मेट्रो ने 20 जुलाई को जानकारी दी कि राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशनों पर इंटरचेंज सुविधाएं और गेट पुनः खोल दिए गए हैं। यह कदम कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के जंतर-मंतर से संसद तक 'चलो संसद' मार्च के मद्देनज़र पहले बंद किए गए स्टेशनों के बाद उठाया गया।
मेट्रो स्टेशन बंद और पुनः खुलने का क्रम
सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए दिल्ली मेट्रो ने पहले जनपथ, राजीव चौक, पटेल चौक, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट और सेवा तीर्थ मेट्रो स्टेशनों को अगले आदेश तक बंद करने की घोषणा अपनी सोशल मीडिया पोस्ट के ज़रिए की थी। बाद में स्थिति सामान्य होने पर राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट स्टेशनों की सेवाएं बहाल कर दी गईं।
प्रदर्शन का घटनाक्रम
मंडी हाउस मेट्रो स्टेशन से जंतर-मंतर की ओर मार्च करते सैकड़ों छात्रों और युवा कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार के विरुद्ध नारेबाज़ी की। इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया, बैरिकेड्स लगाए गए और वॉटर कैनन भी तैयार रखे गए।
भूख हड़ताल और著名 हस्तियों की उपस्थिति
जंतर-मंतर पर ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के तीन पदाधिकारियों की भूख हड़ताल समाप्त करवाई गई। अभिनेत्री शबाना आज़मी, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के राज्यसभा सांसद मनोज झा और अभिनेता प्रकाश राज ने उन्हें पानी पिलाकर अनशन तुड़वाया।
सीजेपी संस्थापक का बयान
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा, 'हमारी तरफ से कोई भी गलत काम नहीं करेगा। यह हमारी जिम्मेदारी है कि यह विरोध प्रदर्शन और मार्च शांतिपूर्ण रहे। हम यहां एक महीने से बैठे हैं। सोनम वांगचुक ने इस विरोध प्रदर्शन के लिए अपनी जान दांव पर लगा दी है। हम इस विरोध प्रदर्शन को बदनाम नहीं होने दे सकते।'
आगे की स्थिति
प्रशासन की नज़र 'चलो संसद' मार्च की आगे की गतिविधियों पर बनी हुई है। दिल्ली पुलिस ने संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त बल तैनात हैं।