5 अक्टूबर 2026
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रामचंद्र राव का आरोप: दिग्विजय सिंह की उज्जैन-अयोध्या यात्रा 'डर फैलाने की साज़िश', ओवैसी पर भी हमला

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रामचंद्र राव का आरोप: दिग्विजय सिंह की उज्जैन-अयोध्या यात्रा 'डर फैलाने की साज़िश', ओवैसी पर भी हमला

सारांश

BJP तेलंगाना अध्यक्ष रामचंद्र राव ने दिग्विजय सिंह की उज्जैन-अयोध्या यात्रा को 'डर फैलाने का दिखावा' बताया; साथ ही एसआईआर पर ओवैसी और कांग्रेस के विरोध को 'राजनीतिक पाखंड' करार दिया।

मुख्य बातें

BJP तेलंगाना अध्यक्ष रामचंद्र राव ने 5 अक्टूबर 2026 को हैदराबाद में दिग्विजय सिंह की उज्जैन-अयोध्या यात्रा को 'राजनीतिक दिखावा' और 'डर फैलाने की कोशिश' करार दिया।
राव ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के शासनकाल में सर्वाधिक सांप्रदायिक दंगे हुए, जबकि BJP के सत्ता में आने के बाद स्थिति बेहतर हुई।
एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) को राव ने चुनाव आयोग की स्थापित और कानूनी प्रक्रिया बताया, जो कांग्रेस शासनकाल में भी लागू होती थी।
राव ने असदुद्दीन ओवैसी और कांग्रेस पर एसआईआर के माध्यम से 'गलत धारणा' बनाने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि BJP पिछले साढ़े दस वर्षों से सत्ता में है और जनता का 'इंडिया' गठबंधन से भरोसा उठ चुका है।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) की तेलंगाना इकाई के अध्यक्ष रामचंद्र राव ने 5 अक्टूबर 2026 को हैदराबाद में कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह की प्रस्तावित उज्जैन से अयोध्या पदयात्रा को राजनीतिक दिखावा करार देते हुए कड़े शब्दों में निशाना साधा। राव ने आरोप लगाया कि इस यात्रा का असली मकसद जनता में भय का माहौल बनाना और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) तथा BJP के बारे में झूठी धारणाएँ फैलाना है।

दिग्विजय सिंह की यात्रा पर राव का हमला

राव ने अपने बयान में कहा, 'आरएसएस के खिलाफ दिग्विजय सिंह जो पदयात्रा करने वाले हैं, वह राजनीतिक मकसद से प्रेरित है। उज्जैन से अयोध्या तक की उनकी यात्रा सिर्फ दिखावा है, जिसका मकसद लोगों में डर पैदा करना और आरएसएस व BJP के बारे में झूठ फैलाना है।' BJP नेता ने आगे दावा किया कि दिग्विजय सिंह यह छवि बनाने की कोशिश कर रहे हैं कि RSS और BJP सांप्रदायिक राजनीति करते हैं, जिसे उन्होंने 'पूरी तरह गलत' बताया।

कांग्रेस पर सांप्रदायिकता का पलटवार

राव ने अपने बयान में यह भी कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में देश में सबसे अधिक सांप्रदायिक दंगे हुए, जबकि BJP के सत्ता में आने के बाद ऐसी झड़पें कथित तौर पर लगभग समाप्त हो गई हैं। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि उसके ही नेता मुसलमानों को राजनीतिक वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करने की वकालत करते हैं। राव ने कहा कि दिग्विजय सिंह को पहले अपने नेताओं के धर्म संबंधी बयानों पर सफाई देनी चाहिए।

एसआईआर विवाद: ओवैसी और कांग्रेस पर निशाना

एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) को लेकर चल रहे विवाद पर राव ने असदुद्दीन ओवैसी और अन्य विपक्षी नेताओं को आड़े हाथों लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि एसआईआर चुनाव आयोग (ECI) की एक स्थापित प्रक्रिया है, जो BJP के सत्ता में आने से पहले कांग्रेस शासनकाल में भी लागू होती थी। राव ने तर्क दिया कि केरल में भी एसआईआर के बाद ही कांग्रेस जीती है, इसलिए अब इसका विरोध करना उचित नहीं है।

गौरतलब है कि एसआईआर एक ऐसी प्रशासनिक प्रक्रिया है जिसके तहत मृत, डुप्लीकेट तथा विदेशी मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाते हैं और मतदाताओं को उनके वर्तमान पते के अनुसार पंजीकृत किया जाता है। राव ने कहा कि इसमें कोई भी गैरकानूनी तत्व नहीं है।

BJP की दीर्घकालिक सत्ता पर दावा

राव ने यह भी कहा कि BJP पिछले साढ़े दस वर्षों से केंद्र में सत्तारूढ़ है और आगे भी रहेगी, क्योंकि जनता का विश्वास 'इंडिया' गठबंधन तथा कांग्रेस से उठ चुका है। उनके अनुसार, ओवैसी और कांग्रेस मिलकर एक 'गलत धारणा' बनाने में लगे हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब विपक्षी दल एसआईआर को लेकर पूरे देश में आंदोलन की रणनीति बना रहे हैं।

आगे क्या

दिग्विजय सिंह की उज्जैन से अयोध्या पदयात्रा पर BJP की यह तीखी प्रतिक्रिया राजनीतिक तापमान बढ़ाने वाली है। एसआईआर पर जारी विवाद भी आने वाले चुनावी मौसम में विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच एक केंद्रीय मुद्दा बन सकता है। इस पर कांग्रेस और ओवैसी की ओर से प्रतिक्रिया आना बाकी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

इसलिए यह आरोप दोधारी तलवार साबित हो सकता है। एसआईआर विवाद पर राव का तर्क तथ्यात्मक रूप से ठोस है — यह प्रक्रिया चुनाव आयोग की है और पहले भी होती रही है — लेकिन मुख्यधारा की कवरेज यह नहीं पूछती कि क्या इस बार क्रियान्वयन में कोई नया तत्व है जिसने विवाद को जन्म दिया।
RashtraPress
5 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रामचंद्र राव ने दिग्विजय सिंह की यात्रा को लेकर क्या कहा?
BJP तेलंगाना अध्यक्ष रामचंद्र राव ने कहा कि दिग्विजय सिंह की उज्जैन से अयोध्या पदयात्रा 'सिर्फ दिखावा है, जिसका मकसद लोगों में डर पैदा करना और RSS व BJP के बारे में झूठ फैलाना है।' उन्होंने इसे राजनीतिक मकसद से प्रेरित बताया।
दिग्विजय सिंह की उज्जैन से अयोध्या यात्रा क्या है?
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने उज्जैन से अयोध्या तक एक पदयात्रा की योजना बनाई है, जिसे वे RSS-विरोधी अभियान के रूप में प्रस्तुत कर रहे हैं। BJP ने इसे राजनीतिक दिखावा और भय का माहौल बनाने की कोशिश करार दिया है।
एसआईआर (SIR) क्या है और इसका विवाद क्यों है?
एसआईआर यानी विशेष गहन पुनरीक्षण चुनाव आयोग की एक प्रक्रिया है जिसके तहत मृत, डुप्लीकेट और विदेशी मतदाताओं के नाम सूची से हटाए जाते हैं। विपक्ष — विशेषकर कांग्रेस और ओवैसी — इसका विरोध कर रहे हैं, जबकि BJP का कहना है कि यह प्रक्रिया कांग्रेस शासनकाल में भी होती थी।
राव ने ओवैसी पर क्या आरोप लगाए?
राव ने असदुद्दीन ओवैसी पर आरोप लगाया कि वे एसआईआर को लेकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं और एक 'गलत धारणा' बनाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि केरल में एसआईआर के बाद ही कांग्रेस जीती, लेकिन तब उन्होंने विरोध नहीं किया।
BJP ने कांग्रेस पर सांप्रदायिक राजनीति का आरोप क्यों लगाया?
रामचंद्र राव ने दावा किया कि कांग्रेस शासनकाल में देश में सर्वाधिक सांप्रदायिक दंगे हुए और कांग्रेस के नेता मुसलमानों को 'वोट बैंक' के रूप में इस्तेमाल करते रहे हैं। इसी आधार पर उन्होंने दिग्विजय सिंह की यात्रा को सांप्रदायिक ध्रुवीकरण का प्रयास बताया।
राष्ट्र प्रेस
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