मुंबई आरपीएफ का अगस्त में बड़ा अभियान: 2,581 मामले दर्ज, ₹32.26 लाख जुर्माना वसूला
सारांश
मुख्य बातें
रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने अगस्त 2026 में मुंबई सेंट्रल डिवीजन में यात्री सुरक्षा और रेलवे नियमों के उल्लंघन के खिलाफ व्यापक प्रवर्तन अभियान चलाते हुए 2,581 मामले दर्ज किए और ₹32.26 लाख से अधिक का जुर्माना वसूला। संशोधित रेलवे अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत की गई इस कार्रवाई में अनाधिकृत प्रवेश से लेकर अवैध वेंडिंग और महिला-दिव्यांग कोच उल्लंघन तक कई श्रेणियाँ शामिल रहीं।
अनाधिकृत प्रवेश और ट्रैक अतिक्रमण
रेलवे ट्रैक पर अनाधिकृत रूप से घुसने के मामलों में धारा 147 के तहत 985 लोगों को पकड़ा गया और उनसे ₹4,92,500 का जुर्माना वसूला गया। आरपीएफ के अनुसार इस कार्रवाई का उद्देश्य प्रतिबंधित रेलवे क्षेत्रों में अनधिकृत आवाजाही से उत्पन्न दुर्घटना जोखिम को कम करना था।
महिला और दिव्यांग कोच उल्लंघन
महिला यात्रियों की सुरक्षा के लिए धारा 162 के तहत लेडीज कोच में अनाधिकृत रूप से प्रवेश करने वाले 83 लोगों को हिरासत में लिया गया और ₹2,07,500 का जुर्माना लगाया गया। दिव्यांगजनों के लिए आरक्षित कोच में अनाधिकृत यात्रा के मामले में धारा 155 के तहत 474 लोगों पर कार्रवाई की गई और लगभग ₹9.48 लाख जुर्माना वसूला गया। गौरतलब है कि ये दोनों श्रेणियाँ कुल मामलों का एक बड़ा हिस्सा बनाती हैं, जो दर्शाता है कि आरक्षित कोच उल्लंघन मुंबई की लोकल ट्रेन प्रणाली में एक लगातार बनी रहने वाली चुनौती है।
अवैध वेंडिंग और अन्य उल्लंघन
रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में गैर-कानूनी तरीके से सामान बेचने वाले हॉकरों के खिलाफ सबसे बड़ी कार्रवाई हुई — धारा 144 के तहत 774 अवैध वेंडरों को पकड़ा गया और ₹15,48,000 का जुर्माना वसूला गया, जो कुल वसूली का लगभग आधा हिस्सा है। इसके अतिरिक्त, धारा 145-बी के तहत जबरन वसूली और उत्पीड़न के आरोप में 211 ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया।
शराब तस्करी, धूम्रपान और अन्य मामले
रेलवे परिसर में शराब की अवैध ढुलाई के मामले में 32 लोगों को पकड़ा गया। नो-पार्किंग जोन उल्लंघन के लिए धारा 159 के तहत 6 लोगों पर ₹3,000 का जुर्माना लगाया गया। धूम्रपान के लिए धारा 167 के तहत 3 लोगों पर प्रत्येक को ₹6,000 का जुर्माना लगाया गया। ट्रेन और कोच पर पोस्टर-स्टिकर चिपकाने के मामले में धारा 166 के तहत 10 लोगों पर ₹20,000 का जुर्माना लगाया गया।
व्यक्तिगत उल्लंघन के मामले
एक व्यक्ति को चलती ट्रेन के फुटबोर्ड पर खतरनाक ढंग से यात्रा करते पकड़ा गया और उस पर ₹1,000 का जुर्माना लगाया गया। बिना ठोस कारण अलार्म चेन खींचने का एक मामला भी दर्ज हुआ, जबकि एक संदिग्ध आदतन अपराधी को यात्री का सामान चुराते हुए रंगे हाथ पकड़ा गया। यह अभियान आरपीएफ की मुंबई में रेलवे सुरक्षा को व्यवस्थित और निरंतर प्रवर्तन के ज़रिए मज़बूत करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।