19 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

सरायकेला डकैती खुलासा: चांडिल में आभूषण कारोबारी के घर डाका, ₹24 लाख के गहने बरामद, दो गिरफ्तार

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
सरायकेला डकैती खुलासा: चांडिल में आभूषण कारोबारी के घर डाका, ₹24 लाख के गहने बरामद, दो गिरफ्तार

सारांश

झारखंड के चांडिल में आभूषण कारोबारी के घर हुई सशस्त्र डकैती का पुलिस ने खुलासा किया। कूरियर कर्मचारी राहुल महतो ने रेकी कर साजिश रची; जेल में बनी कथित दोस्ती भी जाँच के घेरे में। ₹24 लाख के गहने बरामद, दो गिरफ्तार और पाँच पहले से हिरासत में।

मुख्य बातें

झारखंड के चांडिल में 9-10 अक्टूबर 2026 की मध्यरात्रि आभूषण कारोबारी उमंग चौधरी के घर सशस्त्र डकैती हुई।
पुलिस ने राहुल कुमार महतो और त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार को गिरफ्तार किया।
धनबाद के बरोरा थाना क्षेत्र से करीब ₹24 लाख मूल्य के सोने-चांदी के गहने बरामद।
बरामद सामान में 5.142 किग्रा गला चाँदी, 80 ग्राम गला सोना, ब्रिटिशकालीन 32 चाँदी के सिक्के और 11 हीरे जैसे पत्थर शामिल।
डकैती से जुड़े पाँच अन्य संदिग्ध चौपारण थाना के एक अलग मामले में पहले से न्यायिक हिरासत में।
पुलिस घाघीडीह जेल में राहुल की कथित मुलाकात और मोहिउद्दीन व सुबराती अंसारी की भूमिका की भी जाँच कर रही है।

झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल में आभूषण कारोबारी उमंग चौधरी के घर हुई सशस्त्र डकैती का पुलिस ने खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर धनबाद जिले के बरोरा थाना क्षेत्र से करीब ₹24 लाख मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए गए हैं। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राहुल कुमार महतो और त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार के रूप में हुई है, दोनों चांडिल निवासी हैं।

डकैती की घटना

पुलिस के अनुसार, 9 और 10 अक्टूबर 2026 की मध्यरात्रि को अपराधियों ने चांडिल बस स्टैंड के निकट स्थित उमंग चौधरी के आवास में घुसकर परिवार के सदस्यों को हथियारों के बल पर बंधक बना लिया। इसके बाद वे सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और अन्य कीमती सामान लूटकर मौके से फरार हो गए। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मामले की जाँच के लिए एक विशेष जाँच दल (एसआईटी) का गठन किया।

एसआईटी की जाँच और गिरफ्तारी

अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में गठित एसआईटी ने तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर जाँच आगे बढ़ाई। पुलिस का आरोप है कि राहुल कुमार महतो एक कूरियर कंपनी में घर-घर सामान पहुँचाने का काम करता था। इसी दौरान उसने उमंग चौधरी के घर की रेकी की और डकैती की साजिश में शामिल अन्य लोगों को वहाँ की जानकारी उपलब्ध कराई। त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार पर लूटे गए आभूषणों को खरीदने का आरोप है।

बरामद सामान का विवरण

त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार की निशानदेही पर पुलिस ने निम्नलिखित सामान बरामद किया: 5.142 किलोग्राम गला हुआ चाँदी, 80 ग्राम गला हुआ सोना, ब्रिटिशकालीन चाँदी के 32 सिक्के, चाँदी के दो स्वास्तिक, ब्रेसलेट से निकाले गए 11 छोटे हीरे जैसे पत्थर, दो मोबाइल फोन और एक हीरो होंडा मोटरसाइकिल। बरामद सामान की कुल कीमत करीब ₹24 लाख आँकी गई है।

जेल में बनी संभावित साजिश

पुलिस के मुताबिक, कथित तौर पर वर्ष 2022-23 में जमशेदपुर की घाघीडीह जेल में रहने के दौरान राहुल महतो की मुलाकात मोहिउद्दीन अंसारी और सुबराती अंसारी से हुई थी। पुलिस इस मामले में उन दोनों की भूमिका की भी जाँच कर रही है। गौरतलब है कि इस डकैती कांड से जुड़े पाँच अन्य संदिग्धों को चौपारण थाना क्षेत्र में दर्ज एक अलग मामले में पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है।

आगे की जाँच

पुलिस अब डकैती में शामिल अन्य संदिग्धों और लूटे गए शेष सामान का पता लगाने में जुटी है। यह मामला इस बात की ओर भी इशारा करता है कि कूरियर नेटवर्क का उपयोग संगठित अपराध के लिए किस तरह किया जा सकता है। अधिकारियों के अनुसार, जाँच जारी है और जल्द ही और गिरफ्तारियाँ संभव हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जेल में बनी कथित संपर्क-कड़ी इस बात का संकेत है कि कारागार परिसर में संगठित अपराध नेटवर्क बनने की आशंका कितनी गंभीर हो सकती है। पाँच संदिग्धों की पूर्व गिरफ्तारी और अब दो और गिरफ्तारियाँ यह बताती हैं कि एसआईटी का दबाव काम कर रहा है, लेकिन लूटे गए शेष सामान की अभी भी तलाश है।
RashtraPress
19 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चांडिल आभूषण कारोबारी के घर डकैती कब और कैसे हुई?
9 और 10 अक्टूबर 2026 की मध्यरात्रि को अपराधियों ने चांडिल बस स्टैंड के पास स्थित आभूषण कारोबारी उमंग चौधरी के घर में घुसकर परिवार को हथियारों के बल पर बंधक बनाया और सोने-चांदी के गहने, नकदी तथा कीमती सामान लूटकर फरार हो गए।
डकैती में कितने लोग गिरफ्तार हुए और उनके नाम क्या हैं?
अब तक दो आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं — राहुल कुमार महतो और त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार, दोनों चांडिल निवासी हैं। इसके अलावा, इसी कांड से जुड़े पाँच अन्य संदिग्ध चौपारण थाना के एक अलग मामले में पहले ही न्यायिक हिरासत में भेजे जा चुके हैं।
पुलिस ने क्या-क्या बरामद किया?
त्रिवेणी प्रसाद स्वर्णकार की निशानदेही पर 5.142 किलोग्राम गला हुआ चाँदी, 80 ग्राम गला हुआ सोना, ब्रिटिशकालीन चाँदी के 32 सिक्के, चाँदी के दो स्वास्तिक, 11 छोटे हीरे जैसे पत्थर, दो मोबाइल फोन और एक हीरो होंडा मोटरसाइकिल बरामद की गई। बरामद सामान की कुल कीमत करीब ₹24 लाख आँकी गई है।
राहुल कुमार महतो ने डकैती की साजिश कैसे रची?
पुलिस के अनुसार, राहुल एक कूरियर कंपनी में घर-घर डिलीवरी का काम करता था। इसी दौरान उसने उमंग चौधरी के घर की रेकी की और साजिश में शामिल अन्य लोगों को वहाँ की जानकारी उपलब्ध कराई। पुलिस का आरोप है कि उसकी घाघीडीह जेल में मोहिउद्दीन अंसारी और सुबराती अंसारी से कथित मुलाकात के बाद यह नेटवर्क बना।
इस मामले में एसआईटी का गठन क्यों किया गया?
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में विशेष जाँच दल (एसआईटी) गठित किया। एसआईटी ने तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर जाँच कर आरोपियों तक पहुँचने में सफलता पाई और अब लूटे गए शेष सामान व फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 दिन पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 6 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले