सरस मेला 2026-27: एनसीआर में तीन बड़े आयोजन, ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा राष्ट्रीय मंच

Click to start listening
सरस मेला 2026-27: एनसीआर में तीन बड़े आयोजन, ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा राष्ट्रीय मंच

सारांश

ग्रामीण विकास मंत्रालय ने एनसीआर में अक्टूबर 2026 से फरवरी 2027 के बीच तीन सरस आजीविका मेलों की घोषणा की है। गुरुग्राम, सुंदर नर्सरी और मेजर ध्यान चंद स्टेडियम में होने वाले इन मेलों से लाखों ग्रामीण महिला उद्यमियों को सीधा बाजार मिलेगा।

Key Takeaways

  • ग्रामीण विकास मंत्रालय ने एनसीआर में अक्टूबर 2026 से फरवरी 2027 के बीच तीन सरस मेलों की घोषणा की है।
  • सरस आजीविका मेला 202622 अक्टूबर से 6 नवंबर 2026 तक गुरुग्राम के लेजर वैली पार्क में (17 दिन)।
  • सरस फूड फेस्टिवल 202621 नवंबर से 8 दिसंबर 2026 तक सुंदर नर्सरी, नई दिल्ली में (18 दिन)।
  • सरस आजीविका मेला 20271 से 28 फरवरी 2027 तक मेजर ध्यान चंद राष्ट्रीय स्टेडियम में (28 दिन)।
  • ये मेले दीनदयाल अंत्योदय योजना – राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAY-NRLM) के तहत आयोजित होते हैं।
  • 'वोकल फॉर लोकल' और आत्मनिर्भर भारत को बढ़ावा देने के साथ ब्रांडिंग और विपणन प्रशिक्षण भी मेलों का हिस्सा होगा।

नई दिल्ली, 24 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने एनसीआर में अक्टूबर 2026 से फरवरी 2027 के बीच तीन सरस आजीविका मेलों के आयोजन की योजना तैयार की है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिला उद्यमियों, स्वयं सहायता समूहों और पारंपरिक कारीगरों को सीधे शहरी उपभोक्ताओं से जोड़ना है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी साझा की।

तीनों मेलों का विस्तृत कार्यक्रम

सरस आजीविका मेला 2026 का पहला चरण 22 अक्टूबर से 6 नवंबर 2026 तक 17 दिनों के लिए गुरुग्राम के लेजर वैली पार्क में आयोजित किया जाएगा। यह मेला हथकरघा, हस्तशिल्प और जैविक उत्पादों की प्रदर्शनी का प्रमुख केंद्र बनेगा।

दूसरे चरण में सरस फूड फेस्टिवल 2026 का आयोजन 21 नवंबर से 8 दिसंबर 2026 तक 18 दिनों के लिए नई दिल्ली के सुंदर नर्सरी में होगा। यह आयोजन विशेष रूप से क्षेत्रीय व्यंजनों और खाद्य उत्पादों को समर्पित रहेगा।

तीसरे और सबसे बड़े चरण में सरस आजीविका मेला 2027 का आयोजन 1 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक पूरे 28 दिनों के लिए मेजर ध्यान चंद राष्ट्रीय स्टेडियम, नई दिल्ली में किया जाएगा। यह श्रृंखला का सबसे विस्तृत और दीर्घकालिक आयोजन होगा।

दीनदयाल अंत्योदय योजना से जुड़ी है यह पहल

ये सभी मेले दीनदयाल अंत्योदय योजना – राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAY-NRLM) के अंतर्गत आयोजित किए जाते हैं। यह मिशन देश भर के ग्रामीण स्वयं सहायता समूहों (SHG) और कारीगरों को एक राष्ट्रीय मंच उपलब्ध कराता है।

सरकारी बयान के अनुसार, इन मेलों में सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से बड़ी संख्या में महिला उद्यमियों की भागीदारी अपेक्षित है। ये महिलाएं हथकरघा, हस्तशिल्प, प्राकृतिक एवं जैविक उत्पाद और क्षेत्रीय व्यंजन जैसे विविध उत्पादों का प्रदर्शन करेंगी।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था और महिला सशक्तिकरण पर प्रभाव

सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि ये मेले ग्रामीण महिलाओं को शहरी बाजार से सीधे जोड़ें, जिससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो और उत्पादकों को उनकी मेहनत का उचित मूल्य मिले। इससे न केवल आय में वृद्धि होगी, बल्कि ग्रामीण महिलाओं की सामाजिक पहचान भी मजबूत होगी।

बयान में विशेष रूप से उल्लेख किया गया है कि इस पहल के माध्यम से 'वोकल फॉर लोकल' और आत्मनिर्भर भारत के विज़न को जमीनी स्तर पर साकार किया जाएगा। इसके साथ ही पैकेजिंग, ब्रांडिंग और विपणन में क्षमता निर्माण का भी समर्थन किया जाएगा।

ऐतिहासिक संदर्भ और व्यापक महत्व

गौरतलब है कि सरस मेलों की परंपरा वर्षों से चली आ रही है और पिछले वर्षों में इन मेलों ने करोड़ों रुपये का कारोबार दर्ज किया है। 2023 और 2024 के सरस मेलों में देश के 25 से अधिक राज्यों की हजारों महिला उद्यमियों ने भाग लिया था, जो इस आयोजन की बढ़ती लोकप्रियता का प्रमाण है।

यह भी उल्लेखनीय है कि इस बार तीन अलग-अलग थीम — आजीविका मेला, फूड फेस्टिवल और वार्षिक महामेला — के रूप में आयोजन की रणनीति अपनाई गई है, जो पिछले वर्षों की तुलना में अधिक विविध और समावेशी दृष्टिकोण दर्शाती है।

आगामी महीनों में ग्रामीण विकास मंत्रालय की ओर से पंजीकरण प्रक्रिया और राज्यवार भागीदारी के विवरण जारी होने की उम्मीद है, जिससे देश भर की महिला उद्यमियों को इस राष्ट्रीय मंच का लाभ उठाने का अवसर मिलेगा।

Point of View

लेकिन मेले के बाद ब्रांड निर्माण और ऑनलाइन उपस्थिति की कमी इन महिला उद्यमियों को वापस हाशिये पर धकेल देती है। इस बार पैकेजिंग और ब्रांडिंग पर जोर सकारात्मक संकेत है, पर इसकी जमीनी क्रियान्वयन पर नजर रखनी होगी।
NationPress
24/04/2026

Frequently Asked Questions

सरस आजीविका मेला 2026 कब और कहां होगा?
सरस आजीविका मेला 2026 का पहला चरण 22 अक्टूबर से 6 नवंबर 2026 तक गुरुग्राम के लेजर वैली पार्क में आयोजित होगा। इसके बाद सरस फूड फेस्टिवल 21 नवंबर से 8 दिसंबर 2026 तक नई दिल्ली के सुंदर नर्सरी में होगा।
सरस मेला 2027 कहां आयोजित किया जाएगा?
सरस आजीविका मेला 2027 का आयोजन मेजर ध्यान चंद राष्ट्रीय स्टेडियम, नई दिल्ली में 1 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक 28 दिनों के लिए किया जाएगा। यह इस श्रृंखला का सबसे बड़ा और दीर्घकालिक आयोजन होगा।
सरस मेला किस योजना के तहत आयोजित होता है?
सरस मेला दीनदयाल अंत्योदय योजना – राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAY-NRLM) के अंतर्गत आयोजित किया जाता है। इसका उद्देश्य ग्रामीण स्वयं सहायता समूहों और कारीगरों को राष्ट्रीय बाजार से जोड़ना है।
सरस मेले में कौन-कौन से उत्पाद प्रदर्शित होते हैं?
इन मेलों में हथकरघा, हस्तशिल्प, प्राकृतिक और जैविक उत्पाद तथा क्षेत्रीय व्यंजन प्रमुख रूप से प्रदर्शित किए जाते हैं। देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की महिला उद्यमी इनमें भाग लेती हैं।
सरस मेले से ग्रामीण महिलाओं को क्या फायदा होता है?
सरस मेले ग्रामीण महिलाओं को शहरी उपभोक्ताओं से सीधे जुड़ने का अवसर देते हैं, जिससे बिचौलियों की जरूरत खत्म होती है और आय बढ़ती है। इसके साथ ही पैकेजिंग, ब्रांडिंग और विपणन में प्रशिक्षण भी मिलता है।
Nation Press