पुंछ में आतंकी ठिकाना ध्वस्त: IED, AK-47 कारतूस और वायरलेस सेट बरामद, बड़ी साजिश नाकाम
सारांश
मुख्य बातें
संयुक्त सुरक्षा बलों ने शनिवार, 15 अगस्त को जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले के सुरनकोट सेक्टर स्थित ड्राबा इलाके में एक सक्रिय आतंकी ठिकाने का भंडाफोड़ किया और भारी मात्रा में हथियार, विस्फोटक सामग्री तथा संचार उपकरण बरामद किए। अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान की बदौलत एक बड़ी आतंकी वारदात को टालने में सफलता मिली।
अभियान का ब्यौरा
विशेष खुफिया सूचना के आधार पर 16 राष्ट्रीय राइफल्स (आरआर), जम्मू-कश्मीर पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) और केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 38वीं बटालियन की संयुक्त टीम ने तलाशी अभियान शुरू किया। अधिकारियों ने बताया कि इलाके में तलाशी अभियान अभी भी जारी है।
बरामद हथियार और विस्फोटक सामग्री
अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने निम्नलिखित सामग्री बरामद की — एक गमला-प्रकार का आईईडी, एक गोल-प्रकार का आईईडी, चार छोटे आईईडी, एक मोटोरोला वायरलेस सेट और AK-47 की सात गोलियाँ। यह सामग्री इस बात का संकेत है कि आतंकी किसी बड़े हमले की योजना बना रहे थे।
गौरतलब है कि हाल के महीनों में सुरक्षा बलों ने पुंछ जिले के सवजियां और खानेतर जैसे घने जंगलों वाले इलाकों में कई आतंकी ठिकानों का भंडाफोड़ किया है। इन अभियानों में सैकड़ों जिंदा मशीनगन कारतूस, आईईडी, हैंड ग्रेनेड और एके सीरीज की राइफलें बरामद की गई हैं।
एलओसी पर तस्करी रोधी कार्रवाई
नियंत्रण रेखा (एलओसी) के निकट बालाकोट और मेंढर सेक्टरों में गश्त कर रहे जवानों ने सीमा पार से तस्करी कर लाई गई नशीले पदार्थ और विदेश निर्मित पिस्तौलें भी जब्त की हैं। यह सीमा पार नेटवर्क की सक्रियता की ओर इशारा करता है।
राजौरी और थन्नामंडी में भी अभियान
पड़ोसी राजौरी जिले में भी आतंकवाद विरोधी अभियानों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मंझाकोट सेक्टर के गंभीर मुगलान और दोरीमल क्षेत्रों में मुठभेड़ के बाद भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस (एसओजी) और सीआरपीएफ ने बड़ा संयुक्त अभियान चलाया। सुरक्षा बलों ने संदिग्ध विदेशी आतंकियों की तलाश के लिए ड्रोन, हेलीकॉप्टर और स्निफर डॉग्स का इस्तेमाल किया।
थन्नामंडी डिवीजन के चमरैर जंगल इलाके में राष्ट्रीय राइफल्स के जवानों ने एक और ठिकाना नष्ट किया और वहाँ से इस्तेमाल के लिए तैयार आईईडी, कपड़े और राशन बरामद किया। इस्लामपुर भंगाई इलाके में सुरक्षा बलों ने एक छिपा हुआ रसद भंडार भी पकड़ा, जिसमें कंबल, गैस स्टोव और खाद्य सामग्री थी — जो कथित तौर पर छिपे हुए आतंकियों की मदद के लिए रखी गई थी।
आगे क्या
अधिकारियों के अनुसार, ड्राबा और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान अभी भी जारी है। यह अभियान ऐसे समय में चलाया गया है जब स्वतंत्रता दिवस के मद्देनज़र पूरे जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया है। सुरक्षा बलों की यह सक्रियता क्षेत्र में आतंकी ढाँचे को व्यवस्थित रूप से तोड़ने की रणनीति का हिस्सा बताई जा रही है।