अहमदाबाद हवाई अड्डे पर 2.117 किग्रा गांजा जब्त, हो ची मिन्ह सिटी से आए यात्री समेत दो गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (SVPIA) पर सीमा शुल्क विभाग की वायु खुफिया इकाई (AIU) ने 17 अक्टूबर 2026 को वियतनाम के हो ची मिन्ह सिटी से आए एक यात्री के सामान से 2.117 किलोग्राम संदिग्ध गांजा जब्त करने के बाद दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई यात्री की प्रोफाइलिंग के आधार पर हुई, और बरामद सामग्री को मादक द्रव्य और मनोविकृत पदार्थ (NDPS) अधिनियम, 1985 की संबंधित धाराओं के तहत जब्त किया गया है।
कैसे हुई जब्ती
AIU अधिकारियों ने उड़ान VJ-1805 से हो ची मिन्ह सिटी आए यात्री को यात्री-प्रोफाइलिंग प्रक्रिया के तहत रोका। उसके काले हैंडबैग की जांच में सात वैक्यूम-सील्ड पैकेट बरामद हुए, जिनमें संदिग्ध हरे रंग का पदार्थ भरा था। पैकेजिंग सहित कुल वजन 2,117 ग्राम पाया गया।
फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) के एक वैज्ञानिक अधिकारी द्वारा किए गए प्रारंभिक परीक्षण में सभी सात पैकेटों में गांजा के सक्रिय तत्वों की पुष्टि हुई। यह परीक्षण घटनास्थल पर ही कराया गया, जिससे त्वरित कार्रवाई संभव हो सकी।
दूसरे आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी
प्राथमिक यात्री से पूछताछ के बाद अधिकारियों ने उस दूसरे व्यक्ति की पहचान की जो उसे लेने हवाई अड्डे पर आया था। जांच के अनुसार, इस दूसरे आरोपी ने कथित तौर पर विदेश में रहने वाले लोगों के निर्देश पर यात्री की यात्रा व्यवस्था का समन्वय किया था।
अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान बरामद व्हाट्सएप चैट में यात्री की यात्रा व्यवस्था और सामान के बारे में बातचीत का विवरण मिला, जिसे महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है। दोनों व्यक्तियों को अब औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया है।
अहमदाबाद हवाई अड्डे पर बढ़ती तस्करी की घटनाएँ
गौरतलब है कि यह जब्ती हाल के महीनों में SVPIA पर दर्ज हुई कई इसी तरह की घटनाओं की पृष्ठभूमि में हुई है। 21 सितंबर को सीमा शुल्क अधिकारियों ने बैंकॉक से आ रहे एक यात्री से 8.913 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा जब्त किया था। उसी अवधि में एक अलग मामले में खाद्य पैकेजिंग में छिपाई गई 5.519 किलोग्राम संदिग्ध हाइड्रोपोनिक मारिजुआना भी बरामद की गई थी।
यह ऐसे समय में आया है जब दक्षिण-पूर्व एशियाई मार्गों से भारतीय हवाई अड्डों पर नशीले पदार्थों की तस्करी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। आलोचकों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क भारत के उभरते हवाई संपर्क का फायदा उठा रहे हैं।
आगे की जांच
सीमा शुल्क विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मामले में विदेश में बैठे मास्टरमाइंड की पहचान और उनसे संबंधों की जांच जारी है। दोनों गिरफ्तार आरोपियों की भूमिका की आगे पड़ताल की जा रही है।
NDPS अधिनियम के तहत दर्ज इस मामले में संभावित अंतरराष्ट्रीय कड़ियों को देखते हुए जांच एजेंसियाँ समन्वित प्रयास कर रही हैं। आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियों की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।