2 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

दमोह के तवारी गांव में दो नाबालिग लड़कियां पानी भरे गड्ढे में मृत मिलीं, पुलिस जांच में जुटी

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
दमोह के तवारी गांव में दो नाबालिग लड़कियां पानी भरे गड्ढे में मृत मिलीं, पुलिस जांच में जुटी

सारांश

मध्य प्रदेश के दमोह जिले के तवारी गांव में दो नाबालिग लड़कियां — 11 वर्षीय मानसी और 6 वर्षीय काव्या — मंगलवार शाम लापता हुईं और रात को घर के सामने खेत में पानी भरे गड्ढे में मृत मिलीं। पोस्टमार्टम जारी है और पुलिस मौत की परिस्थितियों की जांच कर रही है।

मुख्य बातें

दमोह जिले के तवारी गांव में 2 सितंबर 2026 को दो नाबालिग लड़कियों के शव पानी से भरे गड्ढे में मिले।
मृतकों की पहचान मानसी (11 वर्ष) , बेटी संतोष सिंह, और काव्या (6 वर्ष) , बेटी पप्पू सिंह, के रूप में हुई।
लड़कियां मंगलवार शाम करीब 5 बजे लापता हुईं; रात करीब 10 बजे शव बरामद हुए।
काव्या रक्षाबंधन के लिए उत्तर प्रदेश के आगरा से तवारी आई थी।
शव जबेरा स्वास्थ्य केंद्र भेजे गए हैं; पोस्टमार्टम जारी है।
परिवार के किसी सदस्य ने अब तक किसी पर संदेह नहीं जताया; पुलिस जांच जारी है।

मध्य प्रदेश के दमोह जिले के तवारी गांव में 2 सितंबर 2026 को दो नाबालिग लड़कियों के शव घर के सामने खेत में बने पानी से भरे गहरे गड्ढे में मिले। पुलिस के अनुसार, दोनों लड़कियां मंगलवार शाम करीब 5 बजे लापता हुई थीं और रात करीब 10 बजे तलाशी अभियान के दौरान उनके शव बरामद किए गए। मामले की जांच जारी है।

मृतकों की पहचान और पृष्ठभूमि

मृतकों की पहचान संतोष सिंह की बेटी मानसी (11 वर्ष) और पप्पू सिंह की बेटी काव्या (6 वर्ष) के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि काव्या मूल रूप से उत्तर प्रदेश के आगरा की रहने वाली थी और रक्षाबंधन के अवसर पर अपने मामा विनोद सिंह के घर तवारी आई थी। दोनों लड़कियां उस शाम साथ खेलने निकली थीं।

मुख्य घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार, लड़कियों के लापता होने की सूचना मिलते ही तेंदूखेड़ा एसडीओपी अर्चना अहीर ने तुरंत एक सर्च टीम गठित की। परिवार के सदस्यों और स्थानीय निवासियों के साथ मिलकर आसपास के इलाकों में व्यापक तलाशी ली गई।

रात करीब 10 बजे तलाशी दल को घर के सामने खेत में पानी से भरे गहरे गड्ढे के पास दोनों लड़कियों की चप्पलें मिलीं। टॉर्च की रोशनी में गड्ढे में झाँकने पर दोनों के शव पानी में दिखाई दिए। पुलिस और स्थानीय निवासियों ने मिलकर शव बाहर निकाले और उन्हें जबेरा स्वास्थ्य केंद्र भेजा, जहाँ पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की गई।

पुलिस की प्रतिक्रिया

एसडीओपी अर्चना अहीर ने कहा, 'तलाशी के दौरान, दोनों लड़कियों के शव उनके घर के सामने खेत में बने पानी से भरे गड्ढे में मिले।' उन्होंने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच जारी है।

पुलिस ने स्पष्ट किया कि अब तक परिवार के किसी भी सदस्य ने मौतों के संबंध में किसी पर संदेह नहीं जताया है। जांचकर्ता परिवार के सदस्यों और स्थानीय निवासियों से पूछताछ कर रहे हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि लड़कियां गड्ढे तक कैसे पहुँचीं और किन परिस्थितियों में उनकी मौत हुई।

आम जनता पर असर

इस घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में खुले पड़े जल-भराव वाले गड्ढों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। यह ऐसे समय में आया है जब मानसून के मौसम में खेतों और निर्माण स्थलों पर पानी भरे गड्ढों में बच्चों के डूबने की घटनाएँ देशभर में दर्ज होती रही हैं।

क्या होगा आगे

पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के सटीक कारण का खुलासा होने की उम्मीद है, जिसके बाद पुलिस आगे की कार्रवाई तय करेगी। जांचकर्ता यह निर्धारित करने की कोशिश कर रहे हैं कि घटना दुर्घटना थी या इसमें कोई अन्य परिस्थितियाँ शामिल हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

असुरक्षित जल-भराव वाले गड्ढों की व्यापक समस्या की ओर ध्यान खींचती है, जो हर मानसून में बच्चों की जान लेते हैं। पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया सराहनीय है, लेकिन असली सवाल यह है कि आवासीय क्षेत्रों के निकट ऐसे खतरनाक गड्ढे खुले क्यों छोड़े जाते हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पहले किसी नतीजे पर पहुँचना उचित नहीं होगा, लेकिन इस घटना को महज दुर्घटना मानकर भुला देना भी ठीक नहीं — स्थानीय प्रशासन की जवाबदेही तय होनी चाहिए।
RashtraPress
2 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दमोह के तवारी गांव में क्या हुआ?
मध्य प्रदेश के दमोह जिले के तवारी गांव में दो नाबालिग लड़कियां — 11 वर्षीय मानसी और 6 वर्षीय काव्या — मंगलवार शाम लापता हुईं और रात को घर के सामने खेत में पानी से भरे गहरे गड्ढे में मृत पाई गईं। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मृत लड़कियों की पहचान कौन थी?
मृतकों की पहचान संतोष सिंह की बेटी मानसी (11 वर्ष) और पप्पू सिंह की बेटी काव्या (6 वर्ष) के रूप में हुई है। काव्या उत्तर प्रदेश के आगरा से रक्षाबंधन मनाने के लिए तवारी में अपने मामा विनोद सिंह के घर आई थी।
पुलिस जांच में अब तक क्या सामने आया है?
पुलिस के अनुसार, परिवार के किसी भी सदस्य ने अब तक मौतों के संबंध में किसी पर संदेह नहीं जताया है। जांचकर्ता परिवार और स्थानीय निवासियों से पूछताछ कर रहे हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे मौत के सटीक कारण का पता चलेगा।
शवों को कहाँ भेजा गया है?
दोनों लड़कियों के शव जबेरा स्वास्थ्य केंद्र भेजे गए हैं, जहाँ पोस्टमार्टम की प्रक्रिया जारी है। रिपोर्ट आने के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई तय करेगी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 8 महीने पहले
  7. 8 महीने पहले
  8. 9 महीने पहले