उत्तम कुमार की जन्म-शताब्दी: PM मोदी ने एक्स पर दी श्रद्धांजलि, 'मन की बात' का अंश भी साझा किया
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 3 सितंबर 2026 को बांग्ला सिनेमा के महानायक उत्तम कुमार की जन्म-शताब्दी पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि उत्तम कुमार की सदाबहार अदाकारी आज भी अलग-अलग पीढ़ियों के लोगों को आपस में जोड़ती है।
एक्स पर क्या लिखा PM मोदी ने
प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी पोस्ट में कहा, 'महानायक उत्तम कुमार, एक ऐसे दिग्गज कलाकार जिनकी सदाबहार अदाकारी आज भी अलग-अलग पीढ़ियों के लोगों को जोड़ती है। उनकी जन्म-शताब्दी पर श्रद्धांजलि।' इसके साथ ही उन्होंने 30 अगस्त को प्रसारित 'मन की बात' कार्यक्रम की 137वीं कड़ी का वह अंश भी साझा किया, जिसमें उन्होंने उत्तम कुमार को विशेष रूप से याद किया था।
सत्यजीत रे और 'नायक' का संदर्भ
मोदी ने 'मन की बात' में कहा था कि उत्तम कुमार एक बहुमुखी प्रतिभा वाले अभिनेता थे, जो अपने अभिनय से लोगों के दिलों में रच-बस गए। उन्होंने बताया कि फिल्म प्रेमियों का मानना है कि दिग्गज निर्देशक सत्यजीत रे ने अपनी फिल्म 'नायक — द हीरो' की पूरी स्क्रिप्ट उत्तम कुमार को ध्यान में रखकर लिखी थी। मोदी के अनुसार, रे ने कहा था कि उत्तम कुमार में प्रतिष्ठा के साथ-साथ अद्भुत भावनात्मक गहराई भी थी और वे किरदार को जीवंत बनाने के लिए कड़ी मेहनत करते थे।
संघर्ष से शिखर तक की प्रेरणा
प्रधानमंत्री ने उत्तम कुमार के जीवन से मिलने वाली एक बड़ी सीख का भी उल्लेख किया — कभी हार न मानना। उन्होंने कहा कि उत्तम कुमार की शुरुआती फिल्में बहुत सफल नहीं रहीं, लेकिन उन्होंने अपने काम पर ध्यान केंद्रित रखा और यही दृढ़ता उन्हें उस ऊँचाई तक ले गई, जो आज भी अद्वितीय मानी जाती है।
कोलकाता रोड शो का व्यक्तिगत स्मरण
मोदी ने एक व्यक्तिगत प्रसंग साझा करते हुए बताया कि एक बार कोलकाता में रोड शो के दौरान वे उत्तम कुमार के घर के सामने से गुजरे थे, जहाँ एक व्यक्ति ने उन्हें उनकी तस्वीर भेंट की थी। यह स्मृति साझा करते हुए उन्होंने एक बार फिर महानायक को श्रद्धांजलि दी और कहा कि वे हमेशा सबके दिलों पर राज करते रहेंगे।
उत्तम कुमार की विरासत
गौरतलब है कि उत्तम कुमार बांग्ला सिनेमा के सबसे प्रतिष्ठित अभिनेताओं में गिने जाते हैं। उन्होंने दशकों तक अपनी अभिनय प्रतिभा से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। उनकी जन्म-शताब्दी पर देशभर में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री की यह श्रद्धांजलि बांग्ला सांस्कृतिक विरासत के प्रति केंद्र सरकार के सम्मान का प्रतीक भी मानी जा रही है।