23 जुलाई 2026
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वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने पुट्टपर्थी में SSSIHL का दौरा किया, मूल्य-आधारित शिक्षा की तारीफ

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वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने पुट्टपर्थी में SSSIHL का दौरा किया, मूल्य-आधारित शिक्षा की तारीफ

सारांश

वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज का पुट्टपर्थी दौरा महज़ एक आध्यात्मिक भेंट नहीं था — उन्होंने SSSIHL के शिक्षा मॉडल को वैश्विक संकट का जवाब बताया। चरित्र-निर्माण और अकादमिक उत्कृष्टता के संगम की यह सराहना भारत-वेनेजुएला सांस्कृतिक संबंधों को नई दिशा दे सकती है।

मुख्य बातें

वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी एलोइना रोड्रिगेज गोमेज ने 7 जून 2026 को पुट्टपर्थी स्थित SSSIHL का दौरा किया।
उन्होंने संस्थान के मूल्य-आधारित समग्र शिक्षा मॉडल की सराहना की और इसे वैश्विक शिक्षा संकट का समाधान बताया।
राघवेंद्र प्रसाद और कुलसचिव श्रीकांत खन्ना ने प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया।
रोड्रिगेज ने साईं कुलवंत हॉल में प्रार्थना की और मंगला आरती में भाग लिया।
रत्नाकर ने उन्हें भगवान श्री सत्य साईं बाबा का फ्रेमयुक्त चित्र भेंट किया।

वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी एलोइना रोड्रिगेज गोमेज ने 7 जून 2026 को पुट्टपर्थी स्थित प्रशांति निलयम में श्री सत्य साईं इंस्टीट्यूट ऑफ हायर लर्निंग (SSSIHL) का दौरा किया। इस यात्रा के दौरान उन्होंने संस्थान के मूल्य-आधारित समग्र शिक्षा मॉडल की प्रशंसा की और इसे छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए अनिवार्य बताया। यह यात्रा शिक्षा और आध्यात्मिकता के संगम को वैश्विक मंच पर रेखांकित करती है।

संस्थान में स्वागत और प्रस्तुति

श्री सत्य साईं सेंट्रल ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी आर.जे. रत्नाकर रोड्रिगेज के साथ SSSIHL के प्रशासनिक कार्यालय पहुँचे। वहाँ कुलपति बी. राघवेंद्र प्रसाद, कुलसचिव श्रीकांत खन्ना और संस्थान के अन्य वरिष्ठ सदस्यों ने उनका हार्दिक स्वागत किया।

प्रतिनिधिमंडल को संस्थान की उपलब्धियों और विकास-यात्रा से अवगत कराया गया। इसमें समग्र शिक्षा के प्रति SSSIHL के विशिष्ट दृष्टिकोण, नई शोध पहलों, शैक्षणिक उत्कृष्टता, सामाजिक प्रभाव और भविष्य के रणनीतिक रोडमैप पर विस्तार से प्रकाश डाला गया।

मूल्य-आधारित शिक्षा पर जोर

रोड्रिगेज ने संस्थान की विभिन्न शोध पहलों में गहरी रुचि दिखाई। उन्होंने समकालीन वैश्विक शिक्षा प्रणाली के समक्ष उपस्थित चुनौतियों और संकटों का उल्लेख करते हुए मानवीय मूल्यों पर आधारित शिक्षा की तत्काल आवश्यकता पर बल दिया।

उन्होंने SSSIHL की इस क्षमता की विशेष सराहना की कि यह संस्थान चरित्र-निर्माण को शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ सफलतापूर्वक जोड़ता है। श्री सत्य साईं सेवा संगठन के एक बयान के अनुसार, उन्होंने इस शिक्षा मॉडल के व्यक्तियों और समाज पर पड़ने वाले परिवर्तनकारी प्रभाव को भी स्वीकार किया।

आध्यात्मिक यात्रा और प्रार्थना

संस्थान के दौरे से पहले, कार्यवाहक राष्ट्रपति ने साईं कुलवंत हॉल में भगवान श्री सत्य साईं बाबा की पवित्र सन्निधि में प्रणाम किया। बयान के अनुसार, उन्होंने प्रातःकालीन भजनों में समय व्यतीत किया और सामूहिक प्रार्थना तथा भक्ति से उत्पन्न आध्यात्मिक वातावरण में स्वयं को लीन किया।

मंगला आरती के उपरांत रोड्रिगेज भजन हॉल में गईं और कुछ समय वहाँ के शांत परिवेश का आनंद लिया। सम्मान और स्मृति-स्वरूप, ट्रस्टी रत्नाकर ने उन्हें भगवान श्री सत्य साईं बाबा का एक सुंदर फ्रेमयुक्त चित्र भेंट किया।

प्रशांति निलयम से गहरा जुड़ाव

श्री सत्य साईं सेवा संगठन के बयान में कहा गया है कि डेल्सी रोड्रिगेज वर्षों से प्रशांति निलयम में नियमित रूप से आती रही हैं। संगठन के अनुसार, यह यात्रा स्वामी के प्रेम, करुणा और सर्वसमावेशी दृष्टिकोण का प्रतीक है — वही आध्यात्मिक आकर्षण जो विश्व के विभिन्न कोनों से साधकों और श्रद्धालुओं को यहाँ खींचता रहा है।

यह यात्रा ऐसे समय में हुई है जब भारत और वेनेजुएला के बीच सांस्कृतिक और शैक्षणिक संपर्क के नए आयाम उभर रहे हैं। आगामी दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या यह दौरा दोनों देशों के बीच शिक्षा क्षेत्र में किसी ठोस सहयोग की नींव रखता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

किंतु मुख्यधारा की कवरेज अक्सर इसके नीतिगत निहितार्थ को नज़रअंदाज़ कर देती है। जब वेनेजुएला जैसा देश, जो गहरे आर्थिक और सामाजिक संकट से जूझ रहा है, अपनी कार्यवाहक राष्ट्रपति को एक भारतीय शैक्षणिक संस्थान की ओर भेजता है, तो यह केवल श्रद्धा नहीं, बल्कि वैकल्पिक शिक्षा मॉडलों की तलाश भी हो सकती है। SSSIHL का चरित्र-निर्माण केंद्रित दृष्टिकोण वैश्विक स्तर पर ध्यान खींच रहा है, लेकिन यह देखना बाकी है कि यह यात्रा किसी ठोस शैक्षणिक साझेदारी में तब्दील होती है या नहीं।
RashtraPress
23 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

डेल्सी रोड्रिगेज ने SSSIHL का दौरा क्यों किया?
वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने 7 जून 2026 को पुट्टपर्थी स्थित SSSIHL का दौरा संस्थान के मूल्य-आधारित शिक्षा मॉडल को समझने और भगवान श्री सत्य साईं बाबा की सन्निधि में प्रार्थना करने के लिए किया। वे वर्षों से प्रशांति निलयम की नियमित आगंतुक रही हैं।
SSSIHL का शिक्षा मॉडल क्या है जिसकी रोड्रिगेज ने तारीफ की?
SSSIHL का शिक्षा मॉडल अकादमिक उत्कृष्टता को चरित्र-निर्माण और मानवीय मूल्यों के साथ जोड़ता है। रोड्रिगेज ने इसे वैश्विक शिक्षा प्रणाली की चुनौतियों का एक प्रभावी समाधान बताया।
इस दौरे में कौन-कौन से प्रमुख अधिकारी शामिल थे?
दौरे में श्री सत्य साईं सेंट्रल ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी आर.जे. रत्नाकर, SSSIHL के कुलपति बी. राघवेंद्र प्रसाद और कुलसचिव श्रीकांत खन्ना प्रमुख रूप से उपस्थित थे।
क्या इस यात्रा से भारत-वेनेजुएला के बीच कोई शैक्षणिक समझौता हुआ?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार इस यात्रा के दौरान किसी औपचारिक समझौते की घोषणा नहीं की गई। हालाँकि, संस्थान के भविष्य के रणनीतिक रोडमैप पर प्रतिनिधिमंडल के साथ विस्तृत चर्चा हुई।
प्रशांति निलयम और SSSIHL कहाँ स्थित है?
प्रशांति निलयम और SSSIHL आंध्र प्रदेश के पुट्टपर्थी में स्थित हैं। यह स्थान भगवान श्री सत्य साईं बाबा की आध्यात्मिक विरासत का केंद्र है और विश्व भर से श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।
राष्ट्र प्रेस
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