12 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

विदर्भ में भीषण हीट वेव: नागपुर समेत कई जिलों में रेड-ऑरेंज अलर्ट, 42-45°C तापमान अगले 2 दिन

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
विदर्भ में भीषण हीट वेव: नागपुर समेत कई जिलों में रेड-ऑरेंज अलर्ट, 42-45°C तापमान अगले 2 दिन

सारांश

विदर्भ में भीषण लू का कहर जारी है — नागपुर समेत कई जिलों में तापमान 42-45°C तक पहुँच गया है और IMD ने रेड व ऑरेंज अलर्ट जारी किए हैं। दिन के साथ-साथ रातें भी गर्म हैं। 29 मई से तेज हवाओं और बदलते मौसम के साथ राहत की उम्मीद है।

मुख्य बातें

IMD ने 26 मई 2025 को नागपुर समेत विदर्भ के कई जिलों के लिए रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किए।
विदर्भ में अधिकतम तापमान 42 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है और अगले दो से तीन दिनों तक राहत की संभावना नहीं।
रात का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से ऊपर है, जिससे दिन और रात दोनों समय गर्मी का सामना करना पड़ रहा है।
नागपुर मौसम विभाग के वैज्ञानिक प्रवीण कुमार के अनुसार 29 मई से मौसम में बदलाव और राहत की संभावना है।
29-30 मई को तेज हवाएँ और बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए येलो अलर्ट भी जारी किया गया है।

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 26 मई 2025 को महाराष्ट्र के नागपुर सहित समूचे विदर्भ क्षेत्र के लिए रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किए हैं, क्योंकि अधिकतम तापमान 42 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है और अगले दो से तीन दिनों तक राहत की कोई संभावना नहीं है। लगातार जारी इस हीट वेव ने दिन और रात दोनों को असहनीय बना दिया है, क्योंकि न्यूनतम तापमान भी सामान्य से ऊपर चल रहा है।

मौसम विभाग की चेतावनी और अलर्ट का स्तर

मौसम विभाग के अनुसार, विदर्भ के कई जिलों में रेड अलर्ट और कई अन्य जिलों में ऑरेंज अलर्ट लागू है। रेड अलर्ट वाले क्षेत्रों में स्थिति सर्वाधिक गंभीर बताई जा रही है, जहाँ हीट वेव की तीव्रता अधिकतम स्तर पर है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अगले दो दिनों तक तापमान में कोई उल्लेखनीय गिरावट नहीं आएगी।

नागपुर मौसम विभाग के वैज्ञानिक प्रवीण कुमार ने बताया कि विदर्भ के अधिकांश हिस्सों में हीट वेव जैसी स्थिति लगातार बनी हुई है। उन्होंने कहा, 'खासकर पश्चिमी जिलों में तापमान सामान्य से काफी अधिक दर्ज किया जा रहा है, जबकि पूर्वी जिलों में भी तापमान लगातार बढ़ा हुआ है।'

दिन और रात — दोनों में गर्मी का कहर

वैज्ञानिक प्रवीण कुमार के अनुसार, इस बार स्थिति इसलिए अधिक कठिन है क्योंकि केवल दिन का अधिकतम तापमान ही नहीं, बल्कि रात का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से ऊपर बना हुआ है। इसका अर्थ है कि लोगों को दिन और रात — दोनों समय — गर्मी से राहत नहीं मिल रही। यह स्थिति बुजुर्गों, बच्चों और बाहर काम करने वाले मजदूरों के लिए विशेष रूप से खतरनाक मानी जाती है।

29 मई से राहत की उम्मीद, येलो अलर्ट भी जारी

मौसम विभाग ने लोगों को आंशिक राहत की उम्मीद भी दी है। वैज्ञानिक प्रवीण कुमार के मुताबिक, 29 मई से मौसम में बदलाव संभव है। 29 और 30 मई को विदर्भ के कुछ हिस्सों में तेज हवाएँ चल सकती हैं और बिजली गिरने की भी संभावना है। इसी को देखते हुए विभाग ने उन तारीखों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।

गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब मध्य भारत के कई राज्यों में मानसून-पूर्व गर्मी अपने चरम पर होती है और मानसून के आगमन में अभी कुछ सप्ताह शेष रहते हैं।

आम जनता पर असर और सावधानियाँ

मौसम विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच तेज धूप में बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएँ और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। हीट स्ट्रोक के लक्षण — जैसे चक्कर आना, अत्यधिक पसीना और भ्रम की स्थिति — दिखने पर तुरंत चिकित्सा सहायता लेने की सलाह दी गई है।

आने वाले दिनों में 29 मई के बाद मौसम में बदलाव की संभावना है, जो विदर्भवासियों को इस लू की लहर से कुछ राहत दिला सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी स्थानीय स्वास्थ्य तंत्र और सार्वजनिक जागरूकता अभियान अक्सर इस मौसमी वास्तविकता के अनुरूप तैयार नहीं दिखते। रेड अलर्ट जारी करना ज़रूरी है, लेकिन असली सवाल यह है कि क्या जिला प्रशासन ने कूलिंग सेंटर, जल-वितरण और बाहरी मजदूरों के लिए कार्य-घंटे में बदलाव जैसे ठोस उपाय लागू किए हैं। 29 मई की राहत तात्कालिक है, लेकिन दीर्घकालिक शहरी ताप-प्रबंधन की योजना के बिना नागपुर जैसे शहर हर गर्मी में इसी संकट को दोहराते रहेंगे।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

विदर्भ में IMD का रेड अलर्ट किन जिलों पर लागू है?
IMD ने 26 मई 2025 को विदर्भ के कई जिलों — विशेषकर पश्चिमी जिलों — में रेड अलर्ट और अन्य जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। रेड अलर्ट वाले क्षेत्रों में हीट वेव की तीव्रता सर्वाधिक है और तापमान 42-45°C तक पहुँच रहा है।
नागपुर और विदर्भ में गर्मी से राहत कब मिलेगी?
नागपुर मौसम विभाग के वैज्ञानिक प्रवीण कुमार के अनुसार, 29 मई 2025 से मौसम में बदलाव की संभावना है। 29 और 30 मई को तेज हवाएँ चल सकती हैं, जिससे तापमान में कमी आने की उम्मीद है।
हीट वेव के दौरान क्या सावधानियाँ बरतनी चाहिए?
IMD ने सलाह दी है कि दोपहर की तेज धूप में बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त पानी पिएँ और स्वास्थ्य का ध्यान रखें। चक्कर, अत्यधिक पसीना या भ्रम जैसे हीट स्ट्रोक के लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सा सहायता लें।
विदर्भ में रात को भी इतनी गर्मी क्यों है?
मौसम विभाग के वैज्ञानिक प्रवीण कुमार के मुताबिक, इस बार न केवल दिन का अधिकतम तापमान, बल्कि रात का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से ऊपर बना हुआ है। इससे लोगों को दिन और रात — दोनों समय — गर्मी का सामना करना पड़ रहा है, जो स्वास्थ्य के लिए अधिक जोखिमपूर्ण है।
29-30 मई को येलो अलर्ट क्यों जारी किया गया है?
IMD ने 29 और 30 मई के लिए येलो अलर्ट जारी किया है क्योंकि उन दिनों विदर्भ के कुछ हिस्सों में तेज हवाएँ चलने और बिजली गिरने की संभावना है। यह अलर्ट हीट वेव की राहत के साथ आने वाले मौसमी बदलाव की चेतावनी है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 1 महीना पहले
  8. 2 महीने पहले