झारखंड: पत्नी और प्रेमी ने जहरीला इंजेक्शन लगाकर की पति की हत्या, कोडरमा में दोनों गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड पुलिस ने 21 अक्टूबर 2026 को कोडरमा जिले में नरेश ठाकुर नामक व्यक्ति की कथित हत्या के मामले में उसकी पत्नी किरण देवी और उसके कथित प्रेमी सुनील ठाकुर को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, नरेश को जहरीला इंजेक्शन लगाकर मारा गया और उसके शव को एक बंद पड़ी पत्थर की खदान में फेंक दिया गया था। इस मामले की जांच के लिए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष जांच दल (SIT) गठित किया गया था।
शव की बरामदगी और पहचान
पुलिस के अनुसार, पीड़ित का शव 17 अक्टूबर को नवलसाही थाना क्षेत्र के अंतर्गत लखराही तालाब के पास एक बंद पड़ी पत्थर की खदान से बरामद किया गया। शव को एक पीले प्लास्टिक के बोरे में बंद करके खदान में फेंका गया था ताकि पहचान छुपाई जा सके और साक्ष्य नष्ट किए जा सकें। जांच के दौरान मृतक की पहचान हजारीबाग जिले के चौपारण थाना क्षेत्र के भगहर गाँव निवासी नरेश ठाकुर के रूप में हुई।
आरोपियों की भूमिका
जांचकर्ताओं के अनुसार, मृतक नरेश की पत्नी किरण देवी कोलकाता में रहती थी और कथित तौर पर कोडरमा जिले के डोमचांच थाना क्षेत्र के बहराडीह गाँव निवासी सुनील ठाकुर के साथ उसके अवैध संबंध थे। पुलिस का आरोप है कि किरण ने सुनील को बार-बार अपने पति को खत्म करने के लिए उकसाया था।
पुलिस के बयान के अनुसार, किरण ने सुनील को फोन पर सूचना दी कि नरेश की तबीयत खराब है और वह इलाज के लिए कोडरमा आ रहा है। इसके बाद सुनील ने नरेश से संपर्क किया और इलाज का झांसा देकर उसे कोडरमा बुलाया।
हत्या और सबूत मिटाने की कोशिश
पुलिस के अनुसार, सुनील नरेश को अपनी मोटरसाइकिल पर नवलसाही स्थित अपने क्लिनिक ले गया और इलाज के बहाने उसे जहरीला इंजेक्शन लगाया, जिससे उसकी मौत हो गई। कथित हत्या के बाद सुनील ने किरण को सूचित किया और दोनों ने मिलकर शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई।
जांचकर्ताओं के अनुसार, पीड़ित का मोबाइल फोन बंदर चौकवा के एक कुएं में फेंका गया, जबकि पहचान पत्रों वाला उसका बटुआ चंचलिनी धाम के पास जिलिमटांड वन क्षेत्र के एक तालाब में फेंका गया था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर अपराध में इस्तेमाल मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और बटुआ बरामद कर लिया है।
जांच और गिरफ्तारी
एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल ने तेज़ी से जांच आगे बढ़ाई। छापेमारी दल में नवलसाही पुलिस स्टेशन के प्रभारी सुमन कुमार और अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। दोनों आरोपियों — किरण देवी और सुनील ठाकुर — को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस फिलहाल आरोपियों से पूछताछ कर रही है और अतिरिक्त साक्ष्य जुटाने का काम जारी है। अदालत में आरोप-पत्र दाखिल किए जाने की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है। यह मामला झारखंड में सुनियोजित अपराधों की उस श्रृंखला को उजागर करता है जिनमें चिकित्सा परिस्थितियों का आड़ लेकर हत्या को अंजाम दिया जाता है।