क्या योगी सरकार की खेल नीति ने गुरु-शिष्य जोड़ी से कोलंबो में मेडल दिलवाया?
सारांश
Key Takeaways
- हरीश चंद्र ने 77 किग्रा में गोल्ड मेडल जीता।
- रमन कुमार ने 56 किग्रा में सिल्वर मेडल जीता।
- योगी सरकार की खेल नीति ने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया।
- आधुनिक पावर लिफ्टिंग लैब जल्द ही स्थापित होगी।
- सरकारी संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
लखनऊ, 29 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार की खेल और युवा कल्याण नीति अब अंतरराष्ट्रीय मंचों पर सकारात्मक परिणाम दे रही है। इसकी एक बानगी है श्रीलंका की राजधानी कोलंबो में आयोजित वर्ल्ड पावर लिफ्टिंग चैंपियनशिप 2025, जहां आगरा जनपद के इटौरा स्थित जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय के व्यायाम शिक्षक हरीश चंद्र और कक्षा 11 के छात्र रमन कुमार ने बेहतरीन प्रदर्शन किया।
हरीश चंद्र ने 77 किग्रा भार वर्ग में गोल्ड मेडल जीतकर विश्व चैंपियन का खिताब हासिल किया, जबकि रमन कुमार ने 56 किग्रा भार वर्ग में सिल्वर मेडल जीतकर देश का मान बढ़ाया।
इस प्रतियोगिता में 40 से अधिक देशों के एथलीट शामिल हो रहे हैं। गुरु और शिष्य की इस जोड़ी ने अपने प्रदर्शन से देश के लिए गर्व के क्षण प्रदान किए।
योगी सरकार प्रदेश में खेल और खिलाड़ियों को निरंतर प्रोत्साहित कर रही है। सरकार की नीतियों के कारण इन दोनों खिलाड़ियों का चयन हाल ही में गुजरात में आयोजित राष्ट्रीय पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर हुआ। हरीश चंद्र ने सीनियर 77 किग्रा वर्ग में गोल्ड जीतने के साथ ही डेडलिफ्ट में राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी बनाया, जबकि रमन कुमार ने सब-जूनियर 56 किग्रा वर्ग में गोल्ड जीता। यह सफलता यह दर्शाती है कि सरकारी संस्थानों में भी गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने इस उपलब्धि पर दोनों खिलाड़ियों को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि कोलंबो में मिली यह ऐतिहासिक सफलता पूरे प्रदेश और देश के लिए गर्व का विषय है। सर्वोदय विद्यालय इटौरा के छात्र और शिक्षक ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर जो प्रदर्शन किया है, वह आने वाले खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बनेगा। योगी सरकार हमेशा खेल और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित सर्वोदय विद्यालय इटौरा लगातार खिलाड़ियों की प्रतिभा निखारने में अग्रणी रहा है। विभाग अब इस सफलता को आगे बढ़ाने के लिए सुविधाओं को और मजबूत कर रहा है। जिला समाज कल्याण अधिकारी घासीराम प्रजापति ने बताया कि जल्द ही विद्यालय में अत्याधुनिक पावर लिफ्टिंग लैब बनकर तैयार हो जाएगी। इसके लिए समाज कल्याण विभाग द्वारा 10 लाख रुपए की धनराशि भी दी गई है, जो लैब में पावर लिफ्टिंग के अत्याधुनिक उपकरण उपलब्ध कराने में खर्च होगी। इससे विद्यालय में अन्य विद्यार्थियों को भी सही प्रशिक्षण के साथ आगे आने का मौका मिलेगा।
समाज कल्याण विभाग के उप निदेशक एवं योजनाधिकारी जे. राम ने कहा कि इस जीत से भविष्य में विद्यालय से और भी अंतरराष्ट्रीय स्तर के चैंपियन निकलने की उम्मीद और मजबूत हुई है। हरीश चंद्र और रमन कुमार की यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि प्रदेश सरकार की नीतियां ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाओं को सही मंच और संसाधन उपलब्ध करा रही हैं, ताकि वे अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी चमक बिखेर सकें।