क्या 2 जनवरी विशेष है? सचिन और कांबली जैसे बल्लेबाज देने वाले गुरु रमाकांत आचरेकर का निधन?
सारांश
Key Takeaways
- रमाकांत आचरेकर ने भारतीय क्रिकेट को कई दिग्गज खिलाड़ी दिए।
- उनका कोचिंग करियर असाधारण था।
- वे शिवाजी पार्क में युवा क्रिकेटरों को प्रशिक्षित करते थे।
- उनके योगदान को मान्यता मिली है।
- उनकी एकेडमी आज भी सक्रिय है।
नई दिल्ली, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय क्रिकेट में रमाकांत आचरेकर का नाम अद्वितीय है। वे केवल क्रिकेटर नहीं थे, बल्कि एक महान कोच थे जिन्होंने सचिन तेंदुलकर, विनोद कांबली और अजीत अगरकर जैसे दिग्गज खिलाड़ियों को भारतीय क्रिकेट को समर्पित किया।
रमाकांत आचरेकर का जन्म 1932 में मुंबई में हुआ था। उनकी जन्मतिथि की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है। 1943 में उन्होंने क्रिकेट खेलना शुरू किया और 1945 में उन्होंने न्यू हिंद स्पोर्ट्स क्लब के लिए क्लब क्रिकेट में भाग लिया। इसके अलावा, उन्होंने यंग महाराष्ट्र इलेवन, गुल मोहर मिल्स और मुंबई पोर्ट के लिए भी खेला। 1963 में, मोइन-उद-दौला गोल्ड कप टूर्नामेंट में हैदराबाद के खिलाफ स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के लिए उन्होंने एकमात्र प्रथम श्रेणी मैच खेला। बतौर खिलाड़ी उनका करियर साधारण रहा, लेकिन उनके कोचिंग करियर ने उन्हें असाधारण बना दिया।
आचरेकर ने शिवाजी पार्क में कामथ मेमोरियल क्रिकेट क्लब की स्थापना की और युवा क्रिकेटरों को कोचिंग देने का कार्य प्रारंभ किया। यही वह स्थान है जहां सचिन तेंदुलकर, अजीत अगरकर, चंद्रकांत पंडित, विनोद कांबली, रमेश पोवार, प्रवीण आमरे और कई अन्य दिग्गजों ने क्रिकेट की बारीकियों को सीखा। आचरेकर ने क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद युवा क्रिकेटरों के भविष्य को संवारने में अपने जीवन का अधिकांश समय समर्पित किया।
रमाकांत आचरेकर का निधन 2 जनवरी 2019 को हुआ था। उनकी द्वारा स्थापित एकेडमी आज भी सक्रिय है।
कोचिंग के क्षेत्र में उनके बेमिसाल योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें 1990 में द्रोणाचार्य अवॉर्ड और 2010 में पद्मश्री से सम्मानित किया था।
रमाकांत आचरेकर का स्मारक मुंबई के शिवाजी पार्क में बना है। इसका अनावरण 3 दिसंबर, 2024 को सचिन तेंदुलकर और विनोद कांबली जैसे क्रिकेटरों की उपस्थिति में किया गया। यह स्मारक उनके क्रिकेट किट और उनकी प्रतिष्ठित टोपी के रूप में स्थापित है, जो शिवाजी पार्क के गेट नंबर 5 के पास स्थित है।