4 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

अभिषेक शर्मा: 4 साल में थामा बल्ला, युवराज के मार्गदर्शन और पिता के सपने ने बनाया टीम इंडिया का धुरंधर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
अभिषेक शर्मा: 4 साल में थामा बल्ला, युवराज के मार्गदर्शन और पिता के सपने ने बनाया टीम इंडिया का धुरंधर

सारांश

4 साल में पिता का बल्ला उठाने की कोशिश से शुरू हुई अभिषेक शर्मा की कहानी आज रिकॉर्ड बुक के कई पन्नों पर दर्ज है। युवराज सिंह की कोचिंग और पिता के सपने ने इस अमृतसर के लड़के को टीम इंडिया का सबसे विस्फोटक ओपनर बनाया।

मुख्य बातें

अभिषेक शर्मा का जन्म 4 सितंबर 2000 को अमृतसर, पंजाब में हुआ; मात्र 4 साल की उम्र से क्रिकेट से जुड़ाव।
अंडर-16 में एक सीजन में 1,200 रन और 57 विकेट ; बीसीसीआई का 'नमन पुरस्कार' मिला।
पूर्व दिग्गज युवराज सिंह के मार्गदर्शन ने करियर को नई दिशा दी।
आईपीएल 2024 में 204 के स्ट्राइक रेट से 484 रन बनाकर टीम इंडिया में जगह पक्की की।
56 टी20 अंतरराष्ट्रीय में 187 के स्ट्राइक रेट से 1,629 रन , 2 शतक , 11 अर्धशतक ।
टी20 में भारत की ओर से दूसरा सबसे तेज अर्धशतक ( 14 गेंद , न्यूजीलैंड के खिलाफ) और सबसे तेज 100 छक्के का रिकॉर्ड।

टीम इंडिया के विस्फोटक सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा आज अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक जाना-पहचाना नाम हैं। 4 सितंबर 2000 को पंजाब के अमृतसर में जन्मे अभिषेक ने महज 25 वर्ष की आयु में टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ऐसे कीर्तिमान स्थापित किए हैं, जो उन्हें विश्व के सर्वाधिक आक्रामक ओपनरों की श्रेणी में रखते हैं। यह सफर एक पिता के अधूरे सपने से शुरू होकर युवराज सिंह के मार्गदर्शन तक पहुँचा और फिर टीम इंडिया की जर्सी तक।

बचपन और क्रिकेट की शुरुआत

अभिषेक के पिता राजकुमार शर्मा स्वयं क्रिकेटर बनने का सपना देखते थे, लेकिन वह राष्ट्रीय स्तर तक नहीं पहुँच सके। इसी कारण घर में क्रिकेट उपकरण हमेशा मौजूद रहते थे। छोटे अभिषेक ने पिता को देखकर खेल के प्रति लगाव महसूस किया और मात्र 4 साल की उम्र में पिता का बल्ला उठाने की कोशिश करने लगे। जब राजकुमार ने बेटे का जुनून देखा, तो उन्होंने उसके लिए एक प्लास्टिक का बैट ला दिया।

बचपन से ही अभिषेक ने घर में माँ और बहनों से गेंदबाजी करवाकर अभ्यास जारी रखा। पिता का अधूरा सपना अभिषेक ने अपने जीवन का लक्ष्य बना लिया — टीम इंडिया की जर्सी पहनना।

किशोरावस्था में चमक और 'नमन पुरस्कार'

अभिषेक की प्रतिभा जल्द ही सबके सामने आई। महज 16 साल की उम्र में पंजाब की ओर से अंडर-16 स्तर पर उन्होंने एक ही सीजन में 1,200 रन बनाए और 57 विकेट भी झटके। इस असाधारण प्रदर्शन के लिए उन्हें बीसीसीआई का प्रतिष्ठित 'नमन पुरस्कार' प्रदान किया गया।

2017 में अभिषेक ने पंजाब की ओर से फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में पदार्पण किया। 2018 में वह अंडर-19 विश्व कप विजेता भारतीय टीम का हिस्सा रहे — एक ऐसा दल जिसने भविष्य के कई सितारे दिए।

युवराज सिंह का मार्गदर्शन — करियर का निर्णायक मोड़

अभिषेक के करियर में असली बदलाव तब आया जब वह भारत के पूर्व दिग्गज क्रिकेटर युवराज सिंह के मार्गदर्शन में आए। युवराज की कोचिंग में अभिषेक की तकनीक और आक्रामकता दोनों में निखार आया। यह जोड़ी सफल रही और इसका असर मैदान पर साफ दिखा।

इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2024 में अभिषेक ने 204 के स्ट्राइक रेट से 484 रन बनाकर सुर्खियाँ बटोरीं। इसी प्रदर्शन ने उन्हें टीम इंडिया का दरवाज़ा खुलवाया।

अंतरराष्ट्रीय पदार्पण और रिकॉर्डों की झड़ी

अभिषेक ने अपने करियर के दूसरे ही टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में जिम्बाब्वे के खिलाफ तूफानी शतक जड़कर चयनकर्ताओं और क्रिकेट प्रेमियों को चौंका दिया। उनकी बल्लेबाजी की आक्रामकता और स्वाभाविकता ने उन्हें तुरंत टीम इंडिया का अहम हिस्सा बना दिया।

अब तक अभिषेक ने 56 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 187 के स्ट्राइक रेट से 1,629 रन बनाए हैं, जिनमें 2 शतक और 11 अर्धशतक शामिल हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ 14 गेंदों में जड़ा गया उनका अर्धशतक भारत की ओर से टी20 अंतरराष्ट्रीय में दूसरा सबसे तेज अर्धशतक है। इसके अलावा टी20 क्रिकेट में सबसे तेज 100 छक्के लगाने का रिकॉर्ड भी उन्हीं के नाम दर्ज है।

आगे की राह

अभिषेक शर्मा की यात्रा एक पिता के अधूरे सपने से शुरू होकर आज रिकॉर्ड बुक के कई पन्नों तक पहुँच चुकी है। 25 साल की उम्र में हासिल की गई यह ऊँचाई बताती है कि आने वाले वर्षों में वह भारतीय क्रिकेट की बड़ी ताकत बन सकते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि भारतीय क्रिकेट की उस पाइपलाइन की भी है जो छोटे शहरों से प्रतिभाएँ निकालती है — बशर्ते सही मार्गदर्शन मिले। युवराज सिंह जैसे दिग्गजों का व्यक्तिगत मेंटरशिप मॉडल उस खालीपन को भर रहा है जो औपचारिक अकादमियाँ कभी-कभी नहीं भर पातीं। हालाँकि, अभिषेक के रिकॉर्ड चमकदार हैं, असली परीक्षा टेस्ट क्रिकेट और बड़े टूर्नामेंट के दबाव में होगी — जहाँ स्ट्राइक रेट के साथ-साथ संयम भी जरूरी है।
RashtraPress
4 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अभिषेक शर्मा कौन हैं और वह कहाँ से हैं?
अभिषेक शर्मा टीम इंडिया के विस्फोटक सलामी बल्लेबाज हैं, जिनका जन्म 4 सितंबर 2000 को पंजाब के अमृतसर में हुआ। वह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत के सबसे आक्रामक ओपनरों में गिने जाते हैं।
अभिषेक शर्मा के करियर में युवराज सिंह की क्या भूमिका है?
पूर्व दिग्गज युवराज सिंह के मार्गदर्शन में अभिषेक शर्मा की बल्लेबाजी तकनीक और आक्रामकता में उल्लेखनीय सुधार आया। इसी कोचिंग के बाद आईपीएल 2024 में उनका प्रदर्शन शीर्ष स्तर पर पहुँचा और टीम इंडिया का दरवाज़ा खुला।
अभिषेक शर्मा के टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर के प्रमुख आँकड़े क्या हैं?
अभिषेक ने 56 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 187 के स्ट्राइक रेट से 1,629 रन बनाए हैं, जिनमें 2 शतक और 11 अर्धशतक शामिल हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ 14 गेंदों में अर्धशतक भारत की ओर से दूसरा सबसे तेज है, और टी20 में सबसे तेज 100 छक्के का रिकॉर्ड भी उन्हीं के नाम है।
अभिषेक शर्मा को बीसीसीआई का 'नमन पुरस्कार' क्यों मिला?
16 साल की उम्र में पंजाब की ओर से अंडर-16 क्रिकेट में एक सीजन में 1,200 रन और 57 विकेट के असाधारण प्रदर्शन के लिए बीसीसीआई ने उन्हें 'नमन पुरस्कार' से सम्मानित किया।
अभिषेक शर्मा ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण कब और किसके खिलाफ किया?
अभिषेक शर्मा को 2024 में पहली बार टीम इंडिया में बुलाया गया। उन्होंने अपने करियर के दूसरे ही टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में जिम्बाब्वे के खिलाफ तूफानी शतक जड़कर सबका ध्यान खींचा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 6 महीने पहले
  3. 6 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले