एएचएफ जूनियर एशिया कप 2026: भारतीय पुरुष-महिला हॉकी टीमें खिताब बचाने मोकी में तैयार
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जूनियर पुरुष और महिला हॉकी टीमें 4 से 13 सितंबर 2026 तक मोकी, चीन में आयोजित एएचएफ जूनियर एशिया कप 2026 में अपने-अपने खिताब की रक्षा करने उतरेंगी। दोनों टीमें डिफेंडिंग चैंपियन के रूप में टूर्नामेंट में प्रवेश कर रही हैं और पहले ही मैच से विजयी शुरुआत का इरादा रखती हैं।
महिला टीम: नए कोच, पुरानी ताकत
भारतीय जूनियर महिला हॉकी टीम ने पिछले दो संस्करणों में एएचएफ जूनियर एशिया कप की ट्रॉफी अपने नाम की थी। इस बार टीम की कमान मिडफील्डर खैदेम शिलेइमा चानू के हाथों में है। टीम ने नए कोच टिम व्हाइट के मार्गदर्शन में कड़ी तैयारी की है, जिन्होंने इस साल की शुरुआत में टीम की कोचिंग जिम्मेदारी संभाली थी।
तैयारी के हिस्से के रूप में टीम के एक विस्तृत दल ने यूनाइटेड किंगडम का एक्सपोजर टूर किया, जहाँ स्कॉटलैंड सीनियर महिला, अमेरिका अंडर-21, इंग्लैंड अंडर-21 और बेल्जियम अंडर-21 के खिलाफ सात कड़े मुकाबले खेले गए। इस सीरीज ने खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर का अनुभव और विविध खेल-शैलियों की समझ दी।
कोच व्हाइट ने कहा, 'हमारा पहला मैच शनिवार को साउथ कोरिया के खिलाफ है, इसलिए हम उसी की तैयारी कर रहे हैं। टीम ने यहाँ के माहौल के हिसाब से खुद को अच्छी तरह ढाल लिया है। मौसम थोड़ा ठंडा है, लेकिन हालात अच्छे हैं और हम पहले मैच का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।' उन्होंने यह भी जोड़ा, 'हमें लगता है कि हमारा खेल अच्छी स्थिति में है और हम एशिया की सर्वश्रेष्ठ टीमों के खिलाफ खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। मुझे यकीन है कि लड़कियाँ भारत का मान बढ़ाएंगी।'
एलीट पूल में शामिल भारतीय महिला टीम का शेड्यूल इस प्रकार है — 5 सितंबर: साउथ कोरिया, 6 सितंबर: मलेशिया, 8 सितंबर: जापान, 9 सितंबर: मेजबान चीन।
पुरुष टीम: पाँच खिताबों का इतिहास, छठे का लक्ष्य
भारतीय जूनियर पुरुष हॉकी टीम ने अब तक एएचएफ जूनियर एशिया कप का खिताब पाँच बार जीता है, जिसमें पिछले तीन लगातार संस्करण भी शामिल हैं। इस बार टीम की अगुवाई डिफेंडर अनमोल एक्का करेंगे, जबकि नए कोच फ्रेडरिक सोयेज अपने कार्यकाल की शुरुआत खिताब के साथ करना चाहेंगे।
पुरुष टीम ने बेल्जियम के एक्सपोजर टूर के दौरान ऑस्ट्रिया, बेल्जियम, जर्मनी और नीदरलैंड की मजबूत अंडर-21 टीमों से मुकाबला किया। इसके अतिरिक्त, बेंगलुरु में मलेशियाई अंडर-21 टीम के खिलाफ घरेलू फ्रेंडली सीरीज और डालियान में मेजबान चीन के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज खेलकर मैच-फिटनेस को पुख्ता किया गया।
कोच सोयेज ने कहा, 'हमारी प्रगति काफी अच्छी रही है। चीन के खिलाफ पिछला मैच बहुत सकारात्मक रहा, इससे टूर्नामेंट से पहले हमारा आत्मविश्वास काफी बढ़ा।' उन्होंने आगे कहा, 'इस टूर्नामेंट से हमारी मुख्य उम्मीद लगातार आगे बढ़ना और अधिक आत्मविश्वास व निरंतरता हासिल करना है, साथ ही मजबूत डिफेंसिव स्ट्रक्चर बनाए रखना और हर मैच के साथ अपने प्रदर्शन के स्तर को ऊपर उठाना है।'
पूल ए में भारतीय पुरुष टीम का शेड्यूल — 5 सितंबर: इंडोनेशिया, 6 सितंबर: जापान, 8 सितंबर: साउथ कोरिया, 9 सितंबर: चीनी ताइपे।
टूर्नामेंट का महत्व
यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय हॉकी का जूनियर कार्यक्रम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार मजबूत होता दिख रहा है। गौरतलब है कि एएचएफ जूनियर एशिया कप न केवल महाद्वीपीय वर्चस्व का प्रतीक है, बल्कि यह जूनियर विश्व कप के लिए क्वालिफिकेशन का भी एक अहम मार्ग है। दोनों टीमों के लिए खिताब बरकरार रखना इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि नए कोचिंग स्टाफ के साथ यह उनका पहला बड़ा महाद्वीपीय परीक्षण है।
आगे क्या
पूल चरण 9 सितंबर तक चलेगा, जिसके बाद नॉकआउट मुकाबले होंगे और 13 सितंबर को फाइनल खेला जाएगा। दोनों टीमों की नजर पूल में शीर्ष पर रहते हुए सेमीफाइनल में सीधे प्रवेश करने पर होगी।