महिला एशिया कप 2026: भारत ने मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से किया इनकार, 2027 तक सुलझेगा विवाद
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने महिला एशिया कप 2026 का खिताब जीतने के बाद एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी के हाथों ट्रॉफी लेने से स्पष्ट इनकार कर दिया। यह पहली बार नहीं हुआ — इससे पहले 2025 में भारतीय पुरुष टीम ने भी एशिया कप खिताब जीतने के बाद नकवी के हाथों से ट्रॉफी ग्रहण नहीं की थी। अब सवाल यह है कि यह विवाद कब तक जारी रहेगा और अगला एशिया कप इस तनाव से मुक्त होगा या नहीं।
मुख्य घटनाक्रम
महिला एशिया कप 2026 का खिताब जीतने के बाद भारतीय टीम समापन समारोह में शामिल नहीं हुई। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के सचिव देवजीत सैकिया और उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला भारत के चैंपियन बनने के बाद खिलाड़ियों से मिलते देखे गए। यह दूसरा मौका है जब भारत ने एशिया कप ट्रॉफी समारोह से दूरी बनाए रखी।
BCCI का रुख और पहलगाम से कनेक्शन
BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने कहा कि अप्रैल में पहलगाम में हुई घटना के बाद से भारत-पाकिस्तान के बीच रिश्ते और अधिक बिगड़ गए हैं। उनके अनुसार, टीम किसी ऐसे व्यक्ति से ट्रॉफी नहीं ले सकती जो भारत के खिलाफ काम कर रहा हो। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि BCCI की ओर से ट्रॉफी विवाद सुलझाने की कोशिश की गई थी, लेकिन वह प्रयास पूरी तरह नाकाम रहा।
मोहसिन नकवी का कार्यकाल और आगे की तस्वीर
मोहसिन नकवी 3 अप्रैल 2025 को ACC अध्यक्ष बने थे। ACC अध्यक्ष का कार्यकाल दो वर्ष का होता है, जिसे केवल सर्वसम्मति से आगे बढ़ाया जा सकता है। नियमों के तहत, नकवी 3 अप्रैल 2027 तक इस पद पर बने रह सकते हैं। चूँकि अगला पुरुष एशिया कप जून 2027 में प्रस्तावित है, तब तक नकवी ACC की कमान छोड़ चुके होंगे। इसका सीधा अर्थ है कि 2027 के एशिया कप में ट्रॉफी को लेकर यह विवाद स्वतः समाप्त हो जाएगा।
अगला ACC अध्यक्ष कौन?
नकवी से पहले ACC अध्यक्ष पद जय शाह ने 2021 से 2025 तक संभाला था, जिन्हें सर्वसम्मति से दोबारा चुना गया था। नकवी के व्यवहार को देखते हुए उनके दूसरी बार अध्यक्ष बनने की संभावना बेहद कम मानी जा रही है। रिपोर्टों के अनुसार, ACC का अगला अध्यक्ष अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड से हो सकता है, जिनका कार्यकाल मध्य 2029 तक चलेगा। यह भी कहा जा रहा है कि नकवी के पद छोड़ने के बाद भारतीय टीम को उसकी दोनों एशिया कप ट्रॉफियाँ वापस मिल सकती हैं।
क्या होगा आगे
गौरतलब है कि यह विवाद केवल एक ट्रॉफी समारोह तक सीमित नहीं है — यह व्यापक भारत-पाकिस्तान क्रिकेट संबंधों और राजनीतिक तनाव का प्रतिबिंब है। BCCI का रुख स्पष्ट है और जब तक ACC नेतृत्व में बदलाव नहीं होता, भारत की यह नीति बरकरार रहने की संभावना है। 2027 के एशिया कप में नए ACC अध्यक्ष के साथ यह अध्याय एक नए मोड़ पर पहुँच सकता है।