एशिया कप अंडर-18 हॉकी: भारत-पाक सेमीफाइनल से पहले पाकिस्तानी अधिकारी ने माना — भारत है प्रबल दावेदार
सारांश
मुख्य बातें
जापान के काकामिगाहारा में जारी एशिया कप अंडर-18 हॉकी टूर्नामेंट में शुक्रवार, 6 जून को भारत और पाकिस्तान के बीच सेमीफाइनल मुकाबला होगा। इस हाई-वोल्टेज मैच से पहले खुद पाकिस्तान हॉकी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने स्वीकार किया है कि बेहतर तैयारी और संसाधनों के दम पर भारत इस मुकाबले का प्रबल दावेदार है। यह बयान भारत-पाक हॉकी प्रतिद्वंद्विता में पाकिस्तान की ओर से एक असामान्य और उल्लेखनीय स्वीकारोक्ति है।
टूर्नामेंट में भारत का दमदार सफर
भारतीय अंडर-18 टीम ने ग्रुप चरण में अपना दबदबा साफ दिखाया। टीम ने कजाकिस्तान को 13-0 के विशाल अंतर से रौंदा और साउथ कोरिया को 4-1 से हराया। आक्रमण और रक्षा दोनों विभागों में संतुलित खेल दिखाते हुए भारत ने टूर्नामेंट में अपनी प्रबल दावेदारी स्थापित की है।
दूसरी ओर, पाकिस्तान ने बुधवार को अपने अंतिम ग्रुप मैच में चीन को 5-2 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। पाकिस्तान की यात्रा अपेक्षाकृत कठिन रही, लेकिन टीम ने जरूरी जीत हासिल की।
पाकिस्तानी अधिकारी की बेबाक स्वीकारोक्ति
पाकिस्तान हॉकी के एक अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर गुरुवार को एक खेल पोर्टल को बताया, 'टूर्नामेंट के लिए भारत की तैयारी बहुत ज्यादा अच्छी थी, क्योंकि उन्होंने ऑस्ट्रेलियन जूनियर्स के साथ पाँच मैच खेले और फिर यूरोप का टूर किया, जबकि हमारे 12 खिलाड़ी ऐसे हैं जो पहली बार टूर पर हैं और उन्होंने इंटरनेशनल लेवल पर नहीं खेला है।'
उन्होंने संसाधनों की भारी असमानता का भी जिक्र किया: 'भारतीय टीम 150 कूकाबुरा बॉल से प्रैक्टिस करती है, जबकि हमारे पास सिर्फ 12 हैं, और बाकी घटिया क्वालिटी की हैं। उनकी हॉकी स्टिक भी बेहतर हैं।' यह बयान पाकिस्तान हॉकी के ढाँचागत संकट को उजागर करता है।
जोश बरकरार, पर चुनौती बड़ी
अधिकारी ने यह भी कहा कि संसाधनों की कमी के बावजूद पाकिस्तानी खिलाड़ी पूरे जोश के साथ उतरेंगे। उनके अनुसार, 'जब विरोधी भारत होता है, तो पाकिस्तान के खिलाड़ियों में जोश का लेवल अलग होता है।' यह भावना पारंपरिक भारत-पाक प्रतिद्वंद्विता की उस पुरानी रवायत को दर्शाती है जहाँ आँकड़े और भावनाएँ अलग-अलग दिशाओं में चलती हैं।
हेड-टू-हेड रिकॉर्ड: भारत का एकतरफा दबदबा
जूनियर स्तर पर भारत का पाकिस्तान के खिलाफ रिकॉर्ड बेहद प्रभावशाली है। भारत ने पिछले 8 मुकाबलों में से 7 जीते हैं और 1 ड्रॉ खेला है। जूनियर स्तर पर पाकिस्तान की आखिरी जीत 2016 में जोहर बारो में हुई थी — यानी लगभग एक दशक से भारत का पलड़ा भारी रहा है। गौरतलब है कि सीनियर स्तर पर भी भारत ने हाल के वर्षों में पाकिस्तान पर लगातार बढ़त बनाए रखी है।
दूसरा सेमीफाइनल और आगे की राह
टूर्नामेंट के दूसरे सेमीफाइनल में डिफेंडिंग चैंपियन जापान का सामना मलेशिया से होगा। जापान ने ग्रुप चरण में भारत, चीनी ताइपे और साउथ कोरिया को हराकर अपनी दावेदारी मजबूत की है। फाइनल में भारत और जापान के बीच मुकाबले की संभावना से टूर्नामेंट में रोमांच और बढ़ गया है। भारतीय टीम की नजर न केवल सेमीफाइनल जीतने पर, बल्कि खिताब पर भी है।