एशियन गेम्स 2026: भारत ने कंपाउंड तीरंदाजी में गोल्ड हैट्रिक लगाई, PM मोदी ने दी बधाई
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय पुरुष कंपाउंड तीरंदाजी टीम ने 30 सितंबर 2026 को ओकाजाकी में जारी एशियन गेम्स 2026 के एक रोमांचक फाइनल में चीन को 238-237 के अंतर से हराकर गोल्ड मेडल जीता और इस प्रतिष्ठित खेल महाकुंभ में कंपाउंड तीरंदाजी में गोल्ड मेडल की हैट्रिक पूरी की। इस ऐतिहासिक जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुशल दलाल, साहिल राजेश जाधव और गणेश मणिरत्नम थिरुमुरु को बधाई दी।
फाइनल का रोमांचक घटनाक्रम
पहले राउंड में भारत 58-60 से पीछे था, क्योंकि चीनी टीम ने अपने पहले छह तीरों में परफेक्ट 60 का स्कोर हासिल किया था। दूसरे राउंड में दोनों टीमों ने परफेक्ट स्कोर किया, लेकिन अंपायर की जाँच के बाद चीन के एक तीर का स्कोर 9 से 10 कर दिए जाने से चीन ने 120-118 की दो अंकों की बढ़त बनाए रखी।
तीसरे राउंड में भारतीय तीरंदाजों ने जबरदस्त वापसी की और छह परफेक्ट 10 दागे, जबकि चीन एक अंक गंवा बैठा। इससे अंतर घटकर 178-179 हो गया। चौथे और निर्णायक राउंड में भारत ने लगातार तीन परफेक्ट 10 स्कोर किए, जबकि चीन ने 8 से शुरुआत की। चीन ने अंत में तीन परफेक्ट 10 किए, लेकिन भारत ने बढ़त बरकरार रखते हुए एक अंक से जीत दर्ज कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
PM मोदी की बधाई और प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर लिखा: 'कुशल दलाल, साहिल राजेश जाधव और गणेश मणिरत्नम थिरुमुरु ने एक रोमांचक फाइनल के बाद एशियन गेम्स में पुरुषों की कंपाउंड टीम इवेंट में गोल्ड मेडल जीता। उन्होंने सटीकता और टीम वर्क का शानदार प्रदर्शन किया। हमारे चैंपियन तीरंदाजों को बधाई। उनके भविष्य के प्रयासों के लिए शुभकामनाएं।' यह पोस्ट तुरंत सोशल मीडिया पर वायरल हो गई और खेल प्रेमियों में उत्साह की लहर दौड़ गई।
सुनील कुमार का ब्रॉन्ज मेडल
इसी दिन पहलवान सुनील कुमार ने पुरुषों के 87 किलोग्राम ग्रीको-रोमन रेसलिंग इवेंट में फिलीपींस के कैलम जॉनस्टन रॉबर्ट्स को 'टेक्निकल सुपीरियरिटी' के आधार पर 9-0 से हराकर ब्रॉन्ज मेडल जीता। गौरतलब है कि सुनील ने इस प्रदर्शन से 2022 एशियन गेम्स की अपनी उपलब्धि दोहराई।
पीएम मोदी ने सुनील की उपलब्धि पर कहा: 'एशियन गेम्स में सुनील कुमार ने ब्रॉन्ज मेडल जीता, उन्होंने पुरुषों के ग्रीको-रोमन 87 किग्रा इवेंट में शानदार जीत के साथ पोडियम पर जगह बनाई और 2022 के अपने प्रदर्शन को दोहराया। बधाई हो, सुनील। भारतीय कुश्ती के लिए यह एक बेहतरीन प्रदर्शन और गर्व का पल है। उम्मीद है कि वह देश के लिए और भी कई सम्मान लाते रहेंगे।'
भारत के लिए क्या मायने रखती है यह जीत
यह ऐसे समय में आया है जब भारत एशियन गेम्स 2026 में पदक तालिका में मजबूत स्थिति बनाने की कोशिश कर रहा है। कंपाउंड तीरंदाजी में लगातार तीसरा स्वर्ण यह दर्शाता है कि भारत इस खेल में एशिया की अग्रणी शक्ति बन चुका है। कुश्ती में सुनील कुमार का कांस्य भी भारतीय दल की बहुमुखी ताकत का संकेत है। आने वाले दिनों में अन्य स्पर्धाओं में भी भारतीय एथलीटों से पदक की उम्मीद बनी हुई है।